इन दिनों सोना-चांदी के रेट में लगातार गिरावट देखने को मिल रही है। चलिए जानते हैं देश के 10 बड़े शहरों में 22 कैरेट और 24 कैरेट गोल्ड के ताजा रेट और चांदी की आज की कीमत और गिरावट की असली वजह। साथ ही समझें कि आगे गोल्ड और सिल्वर का रुझान कैसा रहेगा और निवेशकों को इस समय क्या कदम उठाना चाहिए।

इन दिनों सोना और चांदी दोनों के दाम नरम पड़े हुए हैं। खरीदारों में लगातार गिरावट के बीच एक बार फिर रुचि बढ़ी है वहीं निवेशक भी यह समझना चाह रहे हैं कि आगे रुझान किस दिशा में जाएगा। आज गोल्ड दूसरे दिन फिसला है और चांदी भी तीसरे दिन सस्ती हुई है। ऐसे में लोग यह जानने के लिए बेहद उत्साहित हैं कि बड़े शहरों में आज सोने-चांदी के भाव क्या हैं और आने वाले दिनों में रुझान कैसा रहेगा।
पिछले दो दिनों से गोल्ड पर लगातार दबाव बना हुआ है। दिल्ली में 24 कैरेट सोना आज ₹10 सस्ता हुआ जबकि 22 कैरेट पर भी यही गिरावट दर्ज की गई। दो दिनों में 24 कैरेट सोना कुल ₹1750 टूट चुका है और 22 कैरेट ₹1610 नीचे आ गया है। उधर चांदी ने भी लगातार तीसरे दिन गिरावट दर्ज की है। तीन दिनों में चांदी ₹2600 प्रति किलो सस्ती हो गई है जिससे ग्राहकों को थोड़ी राहत जरूर मिली है।
भारत के प्रमुख शहरों में आज 10 ग्राम 22 कैरेट और 24 कैरेट सोने के भाव में मामूली अंतर देखने को मिला है। मुंबई, कोलकाता और हैदराबाद जैसे बड़े शहरों में रेट लगभग समान रहे जबकि चेन्नई और जयपुर में कीमतें थोड़ी ज्यादा रहीं। दिल्ली में 22 कैरेट गोल्ड का भाव ₹1,13,490 और 24 कैरेट का ₹1,23,800 रहा। वहीं मुंबई और कोलकाता में 22 कैरेट ₹1,13,340 और 24 कैरेट ₹1,23,650 पर बिक रहा है। चेन्नई में आज भी सोना बाकी शहरों के मुकाबले महंगा है।
दिल्ली में आज चांदी का भाव ₹1,61,900 प्रति किलो रहा जिसमें आज ₹100 की गिरावट देखी गई। मुंबई और कोलकाता में भी चांदी करीब इसी भाव पर बिक रही है। लेकिन चेन्नई में चांदी सबसे महंगी बनी हुई है, जहां इसके रेट ₹1,69,900 प्रति किलो तक पहुंच चुके हैं। पिछले पांच दिनों में तेज उछाल के बाद अब चांदी धीरे-धीरे नीचे आ रही है।
जानकारों का कहना है कि अभी कुछ दिनों तक गोल्ड और सिल्वर में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। इसका बड़ा कारण अमेरिका की ब्याज दरों पर आने वाला फेड का निर्णय है। साथ ही दुनिया भर में राजनीतिक तनाव और सेंट्रल बैंकों की बढ़ती गोल्ड खरीदारी भी दामों को प्रभावित कर रही है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि सोना फिलहाल कंसोलिडेशन फेज में है। मतलब कि निचले और ऊपरी दोनों स्तरों को टेस्ट करते हुए स्थिर होने की कोशिश कर रहा है।