Groww ने शेयर बाजार में धमाकेदार एंट्री करते हुए 1 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का मार्केटकैप छू लिया है। लिस्टिंग के बाद कंपनी के शेयर ने रिकॉर्ड तेजी दिखाई और निवेशकों को चार ही ट्रेडिंग सेशन में 60% से ज्यादा रिटर्न मिला।

ब्रोकिंग इंडस्ट्री में अभी सिर्फ एक नाम सबसे ज्यादा चर्चा में है और वो है Groww। हाल ही में शेयर बाजार में लिस्ट हुई यह कंपनी धमाकेदार शुरुआत के बाद अब सीधे 1 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा के मार्केटकैप पर पहुंच गई है। यानी लिस्टिंग के सिर्फ कुछ दिनों में Groww बाकी सभी ब्रोकिंग कंपनियों को पीछे छोड़ चुकी है।
Groww ने पिछले हफ्ते ही शेयर बाजार में कदम रखा था और तभी से इसका ग्राफ ऊपर ही ऊपर चढ़ रहा है। IPO 100 रुपए प्रति शेयर के प्राइस पर आया था और लिस्टिंग 112 रुपए पर हुई। इसके बाद से शेयर ने जैसे रफ्तार पकड़ ली। चार ही ट्रेडिंग सेशन में 60% से ज्यादा उछाल आया और निवेशकों ने 64% का मुनाफा कमा लिया। आज NSE पर Groww का शेयर करीब 170.40 रुपए पर ट्रेड होता दिखा और इंट्राडे हाई 171.70 रुपए तक गया। तेजी का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि मार्केटकैप पहली ही हफ्ते में 1 लाख करोड़ रुपए के पार निकल गया।
मार्केटकैप की बात करें तो Groww एक तरह से पूरे ब्रोकिंग सेक्टर पर भारी पड़ रहा है।
MOFSL का मार्केटकैप– 59,559 करोड़ रुपए
नुवामा वेल्थ – 26,629 करोड़ रुपए
एंजेल वन – 24,933 करोड़ रुपए
आनंदराठी – 4,650 करोड़ रुपए
शेयर इंडिया सिक्योरिटीज – 3,703 करोड़ रुपए
जियोजीत फाइनेंशियल – 1,932 करोड़ रुपए
5Paisa – 903 करोड़ रुपए
इन सबके मुकाबले Groww का 1 लाख करोड़ का आंकड़ा सच में बाकी कंपनियों के लिए एक बड़ा मैसेज है कि फिनटेक इंडस्ट्री कितनी तेजी से आगे बढ़ रही है।
Groww की पैरेंट कंपनी BillionBrains Garage Ventures ने बुधवार को बाजार में लिस्टिंग की थी। लिस्टिंग 12% प्रीमियम पर हुई और पहले ही दिन लगभग 29% की बढ़त दर्ज की गई। IPO भी बेहद शानदार तरीके से 17.60 गुना सब्सक्राइब हुआ था जो निवेशकों की भारी दिलचस्पी को दिखाता है। Groww की जबरदस्त लिस्टिंग का फायदा सबसे ज्यादा कंपनी के को-फाउंडर और CEO ललित केशरे को मिला है। मध्य प्रदेश के एक छोटे से गांव लेपा से आने वाले केशरे आज भारत के अरबपति क्लब में जगह बना चुके हैं। उनके पास Groww के 55.91 करोड़ शेयर यानी लगभग 9.06% हिस्सेदारी है। जब शेयर 169 रुपए के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा तो उनकी हिस्सेदारी की वैल्यू करीब 9,448 करोड़ रुपए हो गई। यानी वे लगभग 1 बिलियन डॉलर नेटवर्थ की लाइन में खड़े हैं। उनकी यह सफलता यह दिखाती है कि भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम कितने नए अवसर दे रहा है और छोटे शहरों में भी टैलेंट की कोई कमी नहीं।