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ओला इलेक्ट्रिक के शेयरों में यह तेजी ऐसे समय आई है जब कंपनी का स्टॉक पिछले छह महीनों से लगातार दबाव में था। अक्टूबर से शुरू हुई गिरावट के दौरान शेयर करीब 85 प्रतिशत तक टूट गया था। इस दौरान स्टॉक 21.21 रुपये के ऑल-टाइम लो स्तर तक पहुंच गया था।

इलेक्ट्रिक वाहन कंपनी ओला इलेक्ट्रिक के शेयरों ने अचानक बाजार में जोरदार वापसी कर निवेशकों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। पिछले छह महीनों से लगातार गिरावट का सामना कर रहा यह स्टॉक अब तेजी की राह पर लौटता नजर आ रहा है। अप्रैल महीने में अब तक कंपनी के शेयर करीब 72 प्रतिशत तक उछल चुके हैं। शुक्रवार 10 अप्रैल को भी शेयर में तेजी बनी रही और कारोबार के दौरान यह करीब 8.73 प्रतिशत बढ़कर 39.49 रुपये तक पहुंच गया। इस तेजी ने उन निवेशकों को राहत दी है जो लंबे समय से गिरावट से परेशान थे।
ओला इलेक्ट्रिक के शेयरों में यह तेजी ऐसे समय आई है जब कंपनी का स्टॉक पिछले छह महीनों से लगातार दबाव में था। अक्टूबर से शुरू हुई गिरावट के दौरान शेयर करीब 85 प्रतिशत तक टूट गया था। इस दौरान स्टॉक 21.21 रुपये के ऑल-टाइम लो स्तर तक पहुंच गया था। गिरावट के चलते निवेशकों की करीब 9,000 करोड़ रुपये की संपत्ति भी कम हो गई थी। कमजोर बिक्री, घटता मार्केट शेयर और बढ़ते घाटे जैसी वजहों ने निवेशकों का भरोसा कमजोर कर दिया था।
अब शेयरों में आई तेजी के पीछे कंपनी का बड़ा तकनीकी ऐलान माना जा रहा है। ओला इलेक्ट्रिक ने बताया है कि उसने इन-हाउस विकसित लिथियम आयरन फॉस्फेट यानी LFP बैटरी सेल तैयार कर लिया है। कंपनी के अनुसार यह 46100 फॉर्मेट सेल मौजूदा बैटरियों से बड़ा और बेहतर है। इससे उत्पादन लागत कम होने के साथ-साथ वाहन की परफॉर्मेंस बेहतर होने की उम्मीद है। कंपनी ने यह भी संकेत दिया है कि अगले क्वार्टर से इन बैटरियों का इस्तेमाल इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स में शुरू हो सकता है। इस खबर ने निवेशकों का भरोसा मजबूत किया है।
कंपनी के शेयरों में तेजी का एक और बड़ा कारण बिक्री में सुधार के संकेत भी माने जा रहे हैं। मार्च महीने में वाहन रजिस्ट्रेशन बढ़कर करीब 10,117 यूनिट तक पहुंच गए जो फरवरी के 3,973 यूनिट से काफी ज्यादा हैं। इसके अलावा मार्च के आखिरी सप्ताह में रोजाना ऑर्डर 1,000 यूनिट से ज्यादा पहुंचने की खबर ने भी बाजार को सकारात्मक संकेत दिया है। इससे यह उम्मीद बढ़ी है कि कंपनी की मांग धीरे-धीरे स्थिर हो सकती है।
पिछले कुछ महीनों में कंपनी को सर्विस से जुड़ी शिकायतों का सामना करना पड़ा था। हालांकि अब कंपनी का दावा है कि 80 प्रतिशत से ज्यादा वाहनों की सर्विस एक दिन के भीतर पूरी की जा रही है। इससे ग्राहक अनुभव बेहतर होने की उम्मीद है और इसका असर कंपनी के शेयरों पर भी सकारात्मक दिखाई दे रहा है।
ओला इलेक्ट्रिक ने अपने रोडस्टर 9.1 मॉडल की कीमत में 60,000 रुपये तक की कटौती का भी ऐलान किया है। कंपनी का कहना है कि बैटरी सेल उत्पादन में लागत कम होने के कारण यह संभव हुआ है। कीमत घटने से मांग बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है जिससे कंपनी के कारोबार में सुधार हो सकता है।
कुल मिलाकर ओला इलेक्ट्रिक के शेयरों में आई यह तेजी कई सकारात्मक संकेतों का नतीजा मानी जा रही है। तकनीकी सुधार, बढ़ती बिक्री, बेहतर सर्विस और कीमतों में कटौती जैसे कदम कंपनी के लिए आगे का रास्ता आसान बना सकते हैं। हालांकि विशेषज्ञ अभी भी निवेशकों को सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं क्योंकि हाल की तेजी के बावजूद कंपनी को स्थिर प्रदर्शन दिखाना होगा।
फिलहाल छह महीने की गिरावट के बाद आई इस जोरदार वापसी ने बाजार में ओला इलेक्ट्रिक को फिर से चर्चा में ला दिया है और निवेशकों की नजर अब कंपनी के अगले कदम पर टिकी हुई है।