Yashhtej Industries (India) का IPO 25 फरवरी को BSE SME पर लिस्ट हुआ और निवेशकों के लिए निराशाजनक साबित हुआ। शेयर 110 रुपये के इश्यू प्राइस के मुकाबले 88 रुपये पर लिस्ट हुआ जो लगभग 20 प्रतिशत कम है। लिस्टिंग के तुरंत बाद इसमें और गिरावट आई और 83.60 रुपये पर लोअर सर्किट लग गया।

शेयर बाजार में हर IPO से निवेशकों को उम्मीद रहती है कि लिस्टिंग के दिन अच्छा मुनाफा मिलेगा लेकिन 25 फरवरी को यशतेज इंडस्ट्रीज (इंडिया) की लिस्टिंग ने निवेशकों को निराश कर दिया। शेयर की शुरुआत ही कमजोर रही और देखते ही देखते यह लोअर सर्किट में फंस गया। जिन निवेशकों ने 110 रुपये के इश्यू प्राइस पर पैसा लगाया था उन्हें पहले ही दिन नुकसान झेलना पड़ा।
कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग BSE SME पर 88 रुपये पर हुई जो इश्यू प्राइस से करीब 20 प्रतिशत कम था। लिस्टिंग के तुरंत बाद शेयर में और गिरावट आई और यह 83.60 रुपये पर पहुंच गया। यहां 5 प्रतिशत का लोअर सर्किट लग गया और शेयर वहीं लॉक हो गया यानी पहले ही दिन निवेशकों का भरोसा हिलता दिखा।
कंपनी का 88.88 करोड़ रुपये का IPO 18 फरवरी को खुला था और 20 फरवरी को बंद हुआ। इस इश्यू को कुल 1.37 गुना सब्सक्रिप्शन मिला। रिटेल निवेशकों ने ठीक-ठाक दिलचस्पी दिखाई और उनका हिस्सा 2.35 गुना भरा। लेकिन नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स की तरफ से मांग कमजोर रही और उनका हिस्सा सिर्फ 0.39 गुना ही सब्सक्राइब हुआ। यही वजह मानी जा रही है कि लिस्टिंग कमजोर रही।
साल 2018 में शुरू हुई यह कंपनी सोयाबीन से सॉल्वेंट एक्सट्रैक्शन प्रोसेस के जरिए सोयाबीन क्रूड ऑयल बनाने और प्रोसेस करने का काम करती है। साथ ही यह सोयाबीन डी-ऑयल्ड केक भी बनाती है। कंपनी B2B सेगमेंट में काम करती है यानी इसका माल सीधे रिफाइनिंग कंपनियों को सप्लाई किया जाता है। इसके अलावा कंपनी ने सोलर पावर जनरेशन सेक्टर में भी कदम रखा है जिससे वह अपने बिजनेस को थोड़ा विविध बनाने की कोशिश कर रही है।
IPO से जुटाई गई रकम का इस्तेमाल कंपनी अपने कैपिटल एक्सपेंडिचर, वर्किंग कैपिटल की जरूरतों और सामान्य कॉरपोरेट कामों में करेगी। यानी कंपनी इस पैसे से अपने बिजनेस को बढ़ाने और मजबूत करने की योजना बना रही है।
अप्रैल से सितंबर 2025 के बीच कंपनी की कुल आय 191.22 करोड़ रुपये रही और शुद्ध मुनाफा 7.25 करोड़ रुपये दर्ज किया गया। इस दौरान कंपनी पर 37.47 करोड़ रुपये का कर्ज भी था। पूरे वित्त वर्ष 2025 की बात करें तो कंपनी की कुल आय 324.96 करोड़ रुपये और शुद्ध मुनाफा 11.57 करोड़ रुपये रहा। आंकड़े बताते हैं कि कंपनी मुनाफे में है लेकिन कर्ज और बाजार की स्थितियां निवेशकों की चिंता का कारण बन सकती हैं।
लिस्टिंग पर 20 प्रतिशत की गिरावट साफ संकेत देती है कि बाजार ने इस IPO को बहुत मजबूत रिस्पॉन्स नहीं दिया। ऐसे में जिन निवेशकों ने लिस्टिंग गेन की उम्मीद से पैसा लगाया था उन्हें झटका लगा है। आगे शेयर की चाल कंपनी के प्रदर्शन और बाजार की स्थिति पर निर्भर करेगी।
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। चेतना मंच की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।