Delhi cloud seeding: क्लाउड सीडिंग पर आप पार्टी का हमला

article
locationदिल्ली
userRP Raghuvanshi
calendar29 Oct 2025 12:35 PM
bookmark

विज्ञापन

संबंधित खबरें

अगली खबर पढ़ें
\r\nउन्होंने कहा कि दिल्ली के मौसम में क्लाउड सीडिंग का कोई मतलब नहीं है क्योंकि यहां के वातावरण में जो पानी आएगा, वह नीचे आते-आते भांप बनकर उड़ जाएगा। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकार और वैज्ञानिकों को इस बारे में पहले से जानकारी थी कि इस प्रक्रिया का कोई फायदा नहीं होगा, फिर भी यह ड्रामेबाजी की गई।\r\n

यह भी पढ़ें :दिल्ली पुलिस ने पाकिस्तान से जुड़े जासूस को गिरफ्तार किया

\r\n

Delhi cloud seeding: केंद्र सरकार और वैज्ञानिकों का मत

\r\nसौरभ भारद्वाज ने आगे कहा कि आम आदमी पार्टी (AAP Party) ने भी इस मुद्दे पर IIT कानपुर के वैज्ञानिकों से चर्चा की थी। केंद्र सरकार ने संसद में यह स्वीकार किया था कि दिल्ली में क्लाउड सीडिंग की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा, \"विंटर में बादल अपने आप बारिश कर देते हैं, और अगर क्लाउड सीडिंग का प्रयास भी किया जाता है, तो वह नकारात्मक परिणाम देगा।\"\r\n

Delhi cloud seeding: भाजपा पर आरोप

\r\nआप पार्टी (AAP Party) प्रवक्ता प्रियंका कक्कड़ ने भी इस मुद्दे पर BJP को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा, \"भा.ज.पा. ने दावा किया था कि उन्होंने करोल बाग, मयूर विहार और बुराड़ी में कृत्रिम बारिश कराई थी, लेकिन जब हमने जांच की, तो पाया कि कहीं भी एक बूंद भी नहीं गिरी।\" प्रियंका कक्कड़ ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा इस मुद्दे पर झूठ बोल रही है और दिखावे के लिए काम कर रही है। उन्होंने कहा, \"भा.ज.पा. ने क्लाउड सीडिंग के नाम पर घोटाला किया है और केवल सुर्खियां बटोरने के लिए इस पर पैसा खर्च किया है।\"\r\n

यह भी पढ़ें :तेजस्वी के रण में राहुल की एंट्री, क्या बदल पाएंगे बिहार का सियासी समीकरण?

\r\n

Delhi cloud seeding: जनता के पैसे की बर्बादी

\r\nसौरभ भारद्वाज और प्रियंका कक्कड़ दोनों ने यह सवाल उठाया कि अगर केंद्र सरकार और वैज्ञानिक इस प्रक्रिया को बेकार मानते हैं, तो फिर दिल्ली सरकार ने करोड़ों रुपये खर्च करके इसे क्यों अंजाम दिया। आप पार्टी (AAP Party) का कहना है कि यह महज एक राजनीतिक शो था, जिसमें दिल्लीवासियों के पैसे की बर्बादी की गई।\r\n\r\nयह मुद्दा अब दिल्ली के प्रदूषण और मौसम संबंधी समस्याओं पर एक नया विवाद खड़ा कर चुका है। आप पार्टी (AAP Party) और भाजपा (BJP) के बीच इस मुद्दे पर आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला जारी है, जबकि जनता यह जानने के लिए उत्सुक है कि आने वाले समय में इस तरह के प्रयासों के क्या परिणाम सामने आएंगे।","image":{"@type":"ImageObject","@id":"https://ik.imagekit.io/chetnamanch/uploads/2025/10/AAP-Party-Saurabh-Bhardwaj.jpg","url":"https://ik.imagekit.io/chetnamanch/uploads/2025/10/AAP-Party-Saurabh-Bhardwaj.jpg","width":1280,"height":720},"author":{"@type":"Person","name":"RP Raghuvanshi","url":"https://chetnamanch.com/team"},"publisher":{"@type":"Organization","name":"Chetna Manch","url":"https://chetnamanch.com/","logo":{"@type":"ImageObject","url":"https://ik.imagekit.io/chetnamanch/logo/2026/chetna_manch.webp?updatedAt=1771315577826","width":600,"height":60}},"datePublished":"2025-10-29T12:35:52+05:30","dateModified":"2025-10-29T12:35:52+05:30","inLanguage":"hi","keywords":[],"articleSection":"दिल्ली"}
चेतना दृष्टि
चेतना दृष्टि