अरविंद केजरीवाल के विरूद्ध दिल्ली हाईकोर्ट पहुंची CBI

निचली अदालत के द्वारा अरविंद केजरीवाल को बरी करने के आदेश के विरूद्ध सीबीआई(CBI) ने दिल्ली के हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटा दिया है। दिल्ली हाईकोर्ट में CBI ने अरविंद केजरीवाल को बरी करने का विरोध किया है। यह समाचार लिखे जाने तक हाईकोर्ट में CBI की प्रार्थना पर सुनवाई चल रही थी।

दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar27 Feb 2026 05:40 PM
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Delhi News : दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के मामले में अचानक बड़ा मोड़ आ गया है। निचली अदालत के द्वारा अरविंद केजरीवाल को बरी करने के आदेश के विरूद्ध सीबीआई(CBI) ने दिल्ली के हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटा दिया है। दिल्ली हाईकोर्ट में CBI ने अरविंद केजरीवाल को बरी करने का विरोध किया है। यह समाचार लिखे जाने तक हाईकोर्ट में CBI की प्रार्थना पर सुनवाई चल रही थी।

अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर लगाया बड़ा आरोप

इससे पहले पत्रकारों से बात करते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आम आदमी पार्टी के विरूद्ध PM मोदी तथा अमित शाह ने आजाद भारत का सबसे बड़ा राजनीतिक षडय़ंत्र रचा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि आम आदमी पार्टी को समाप्त करने के लिए दोनों ने मिलकर आजाद भारत का यह सबसे बड़ा षडय़ंत्र रचा था। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि शराब घोटाले का फर्जी मामला बनाकर आम आदमी पार्टी के सभी बड़े नेताओं को जेल में डाला गया। दिल्ली जैसे महत्वपूर्ण प्रदेश के मुख्यमंत्री को घसीटकर जेल में भेजा गया। उन्होंने कहा कि अदालत के फैसले से यह साफ हो गया है कि आम आदमी पार्टी ने कोई घोटाला नहीं किया था।

अरविंद केजरीवाल को निचली अदालत ने किया बरी

दिल्ली के बहुचर्चित शराब घोटाले में शुक्रवार का दिन फैसले का दिन था। दिल्ली की राउज एवन्यु कोर्ट ने सीबीआई की चार्जशीट को बेहद कमजोर मानते हुए पूर्व मुख्यमंत्री और AAP सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल को बरी कर दिया। केजरीवाल के साथ उनके कैबिनेट सहयोगी रहे मनीष सिसौदिया और तेलंगाना के पूर्व सीएम केसीआर की बेटी के कविता को भी शराब घोटाले के आरोपों से दोषमुक्त कर दिया है। इस मामले के कुल 23 आरोपी बरी हुई हैं, लेकिन इसे सबसे बड़ी राहत अरविंद केजरीवाल और उनकी पार्टी के लिए मानी जा रहा है। जिन्होंने इस शराब घोटाले के चलते काफी कुछ राजनीतिक और व्यक्तिगत रूप से खोया और सहा। कोर्ट ने शराब घोटाले पर अपने फैसले में कुछ बेहद कड़े तर्क दिए हैं, जिसने जांच एजेंसियों की थ्योरी पर सवाल खड़े कर दिए। स्पेशल जज जितेंद्र सिंह ने कहा कि इतनी कमजोर चार्जशीट उन्होंने पहले कभी नहीं देखी।. हम चार्जशीट फाइल से बात करते हैं, जहां हमारे सवालों का फाइल जवाब देती है। लेकिन CBI की चार्जशीट फाइल हमारे सवालों को लेकर खामोश रही।

अरविंद केजरीवाल के फैसले में अदालत ने कही बड़ी बात

अरविंद केजरीवाल तथा उनके सहयोगियों को बरी करते हुए अदालत ने अनेक बड़ी बातें कही हैं। इस मामले में अदालत ने कहा कि CBI यह साबित करने में नाकाम रही कि केजरीवाल ने जानबूझकर समन की अनदेखी की। समन भेजने के तरीके (जैसे ईमेल)। को भी कोर्ट ने पूरी तरह कानूनी नहीं माना। कोर्ट ने यहां तक कि केजरीवाल का नाम बिना सबूत के जोड़ा गया। मुख्य आरोपी कुलदीप सिंह को बरी करते हुए जज ने कहा कि हैरानी की बात है कि पहले आरोपी के खिलाफ ही कोई ठोस सामग्री नहीं है। अदालत ने साफ कहा कि शराब माफिया से आम आदमी पार्टी के नेताओं तक पैसा पहुंचने के सबूत 'बिखरे' हुए हैं। यानी जांच एजेंसियां पैसों के लेनदेन की वह कड़ी नहीं जोड़ पाईं जो किसी को दोषी ठहराने के लिए जरूरी होती है। कोर्ट ने माना कि अभियोजन पक्ष अपना मामला 'संदेह से परे' साबित नहीं कर सका, इसलिए आरोपियों को दोषमुक्त किया जाना चाहिदिल्ली शराब घोटाले को बताया गया था सबसे बड़ा घोटाला। जिस शराब घोटाले के मामले में अरविंद केजरीवाल बरी हुए हैं उस घोटाले को दिल्ली का सबसे बड़ा घोटाला बताया गया था। लम्बे समय तक मीडिया ने शराब घोटाले को दिल्ली के इतिहास का सबसे बड़ा घोटाला कहकर प्रचारित किया था। शुरुआत में जब यह मामला उठा, तो इसे सैकड़ों-हजारों करोड़ का घोटाला बताया गया। दिल्ली के उप-राज्यपाल को सौंपी गई रिपोर्ट में करीब 580 करोड़ रुपये के राजस्व नुकसान की बात कही गई थी। जांच एजेंसियों ने आरोप लगाया था कि नई आबकारी नीति के जरिए शराब व्यापारियों को करीब 12% का मुनाफा सुनिश्चित किया गया, जिसके बदले में 'साउथ ग्रुप' से 100 करोड़ रुपये की रिश्वत (किकबैक) ली गई। ED का दावा था कि इस रिश्वत के पैसे में से करीब 45 करोड़ रुपये का इस्तेमाल आम आदमी पार्टी ने गोवा विधानसभा चुनाव में किया

अरविंद केजरीवाल के राजनीतिक पतन का कारण बना शराब घोटाला

यह चर्चित शराब घोटाला दिल्ली में आम आदमी पार्टी (AAP) के पतन का कारण बन गया। आम आदमी पार्टी के लिए सबसे मुश्किल दौर तब आया जब उसके शीर्ष नेता एक-एक कर जेल चले गए।

मनीष सिसोदिया : आबकारी विभाग के प्रभारी होने के नाते उन्हें फरवरी 2023 में गिरफ्तार किया गया। वे लगभग 17 महीने जेल में रहे।

संजय सिंह: राज्यसभा सांसद संजय सिंह को अक्टूबर 2023 में गिरफ्तार किया गया और वे करीब 6 महीने जेल में रहे।

अरविंद केजरीवाल : उन्हें 21 मार्च 2024 को गिरफ्तार किया गया. बीच में लोकसभा चुनाव 2024 में प्रचार के लिए उन्हें अंतरिम जमानत मिली, लेकिन कुल मिलाकर उन्होंने करीब 5-6 महीने जेल में बिताए. इस दौरान उन्होंने जेल से सीएम पद संभाला और दिल्ली की सरकार चलाई। जमानत के संघर्ष के दौरान अलग-अलग अदालतों ने समय-समय पर सख्त बातें भी कहीं। जमानत खारिज करते हुए शुरुआती दौर में दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा था कि जांच एजेंसियों के पास गिरफ्तारी के लिए पर्याप्त आधार हैं और इसे राजनीति से प्रेरित नहीं कहा जा सकता। हालांकि, बाद में सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि किसी को अनिश्चित काल के लिए जेल में नहीं रखा जा सकता क्योंकि 'जीवन और स्वतंत्रता का अधिकार' सर्वोपरि है। कोर्ट ने ED के 'सरकारी गवाह' बनाने के तरीके पर भी सवाल उठाए थे। इस घोटाले ने विपक्षी दलों को केजरीवाल पर हमला करने का सबसे बड़ा हथियार दे दिया। भाजपा ने केजरीवाल को 'भ्रष्टाचार का पोस्टर बॉय' करार दिया। उन्होंने कहा कि जो लोग लोकपाल की बात करते थे, वे आज शराब माफिया के साथ खड़े हैं। दिल्ली कांग्रेस ने तो शुरुआत में इस घोटाले की शिकायत ही दर्ज कराई थी। राहुल गांधी ने भी केजरीवाल को इस घोटाले का 'आर्किटेक्ट' बताया था, हालांकि बाद में इंडिया गठबंधन के चलते सुर थोड़े नरम पड़ा।

आम आदमी पार्टी के लिए बहुत हानिकारक साबित हुआ शराब घोटाला

शराब घोटाले के दाग ने आम आदमी पार्टी को चुनावी मैदान में काफी नुकसान पहुंचाया। 2024 लोकसभा चुनाव में दिल्ली की सभी 7 सीटों पर AAP और कांग्रेस का गठबंधन बुरी तरह हार गया। जिसके लिए केजरीवाल कहते हैं कि इस चुनाव जीतने की खातिर आजाद की सबसे साजिश रची गई। टीवी पर 'भ्रष्टाचार' के मुद्दे पर रोजाना डिबेट चलाई गई। AAP की 'कट्टर ईमानदार' वाली छवि को गहरा धक्का लगा। केजरीवाल को यह साबित करने के लिए संघर्ष करना पड़ा कि वे निर्दोष हैं। घोटाले के आरोपों और जेल जाने के नैतिक दबाव के चलते अरविंद केजरीवाल को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा। उन्हें अपनी जगह आतिशी को मुख्यमंत्री बनाना पड़ा ताकि वे जनता की अदालत में जाकर खुद को निर्दोष साबित करने की अपील कर सकें। लेकिन दिल्ली विधानसभा चुनाव में उनकी कोई दलील वोटर के सामने नहीं चली। केजरीवाल और मनीष सिसौदिया, दोनों अपना चुनाव हार गए।

फिर से कानूनी लड़ाई शुरू

भले ही निचली अदालत ने केजरीवाल को राहत दी हो, लेकिन इस घोटाले ने आम आदमी पार्टी की राजनीतिक दिशा बदल दी। एक समय पूरे देश में विस्तार का सपना देखने वाली पार्टी आज अपनी साख बचाने की लड़ाई लड़ रही है। केजरीवाल के लिए यह केवल कानूनी लड़ाई नहीं, बल्कि अपनी राजनीतिक विरासत को फिर से खड़ा करने की चुनौती है. पिछले साल फरवरी में दिल्ली चुनाव हार जाने के बाद केजरीवाल लगभग वनवास पर दिल्ली से दूर पंजाब चले गए और वहीं की राजनीति तक सिमट गए। अब कोर्ट से बरी होने के बाद दिल्ली की राजनीति में भव्य एंट्री लेने का मौका मिल गया है। CBI के द्वारा हाईकोर्ट में अपील करने के बाद अरविंद केजरीवाल को इस मामले में एक बार फिर कानूनी लड़ाई लड़नी पड़ेगी। Delhi News

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बरी होते ही भावुक हुए अरविंद केजरीवाल, मीडिया के सामने छलके आंसू

कोर्ट ने केजरीवाल, सिसोदिया समेत सभी आरोपियों को डिस्चार्ज कर दिया। सुसुनवाई के दौरान दोनों नेता खुद कोर्ट में मौजूद रहे और फैसला आते ही उनके चेहरे पर राहत साफ झलकती दिखी।

भावुक केजरीवाल
भावुक केजरीवाल
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar27 Feb 2026 11:38 AM
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Delhi News : दिल्ली की पूर्व आबकारी नीति से जुड़े कथित भ्रष्टाचार मामले में शुक्रवार को राउज एवेन्यू कोर्ट से दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुकख्यमंत्री मनीष सिसोदिया को बड़ी कानूनी राहत मिली है। कोर्ट ने केजरीवाल, सिसोदिया समेत सभी आरोपियों को डिस्चार्ज कर दिया। सुसुनवाई के दौरान दोनों नेता खुद कोर्ट में मौजूद रहे और फैसला आते ही उनके चेहरे पर राहत साफ झलकती दिखी।

CBI पर्याप्त ठोस सामग्री पेश नहीं कर सकी: कोर्ट

विशेष न्यायाधीश जितेंद्र सिंह ने अपने आदेश में कहा कि जांच एजेंसी CBI आरोपों को आगे बढ़ाने के लिए पर्याप्त और ठोस सामग्री प्रस्तुत करने में विफल रही। अदालत के मुताबिक, उपलब्ध रिकॉर्ड और दस्तावेज उस स्तर के नहीं हैं, जिनके आधार पर आरोप तय किए जा सकें। कोर्ट ने CBI की जांच और चार्जशीट पर कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि चार्जशीट में गंभीर कमियां नजर आती हैं। अदालत ने यह भी कहा कि किसी गवाह के बयान या प्रस्तुत सामग्री से आरोप स्पष्ट रूप से साबित नहीं होते, इसलिए आरोप तय करने का कोई मजबूत आधार नहीं बनता। इस मामले में कुल 23 आरोपियों को राहत मिली है। कोर्ट के फैसले के बाद दिल्ली के राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है और इसे राजधानी की राजनीति में एक अहम मोड़ के तौर पर देखा जा रहा है।

"पार्टी खत्म करने की कोशिश” - केजरीवाल

अदालत से बाहर आने के बाद अरविंद केजरीवाल भावुक दिखे। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी को “खत्म करने की कोशिश” की गई। उनके साथ मनीष सिसोदिया भी मौजूद रहे। फैसले के बाद दिल्ली की राजनीति में हलचल तेज हो गई है और इसे आने वाले सियासी घटनाक्रमों के लिहाज से अहम माना जा रहा है। Delhi News


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बदलने वाला है दिल्ली-एनसीआर के मौसम का मिजाज, कर लें बचाव की तैयारी

Delhi NCR Weather: दिल्ली-एनसीआर में फरवरी के अंत में तापमान लगातार बढ़ रहा है। तेज हवाओं के चलते प्रदूषण में थोड़ी राहत मिली है और वायु गुणवत्ता बेहतर हुई है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में पारा धीरे-धीरे बढ़ेगा और गर्मी और अधिक महसूस होगी।

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Delhi NCR Weather Update
locationभारत
userअसमीना
calendar27 Feb 2026 11:43 AM
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दिल्ली-एनसीआर के मौसम में पिछले कुछ दिनों से बदलाव देखने को मिल रहा है। तेज हवाओं के चलते हवा की गुणवत्ता में सुधार हुआ है और प्रदूषण से थोड़ी राहत मिली है लेकिन तापमान लगातार बढ़ रहा है और आने वाले दिनों में गर्मी और अधिक महसूस होगी। मौसम विभाग की मानें तो हवा अगर रुकेगी तो पारा और ऊपर जा सकता है। ऐसे में लोगों को जल्द ही गर्मी झेलने की तैयारी करनी होगी।

दिल्ली-एनसीआर का मौसम

दिल्ली, नोएडा और गुरुग्राम में अगले दो-तीन दिनों में तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक, आज अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 15 डिग्री सेल्सियस रहेगा। 28 फरवरी को अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 16 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। पहाड़ी इलाकों में मौसम में बदलाव का हल्का असर मैदानी क्षेत्रों में भी दिखाई दे रहा है। सुबह और शाम को हल्की ठंडक महसूस हो रही है लेकिन दिन के समय गर्मी का असर बढ़ा हुआ है।

होली तक पारा 34 डिग्री के पार जाने का अनुमान

मौसम विभाग का अनुमान है कि इस बार होली के मौके पर दिल्ली में ठंड का अहसास बहुत कम रहेगा। पारा लगभग 34 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। इसका मतलब है कि होली के दिन लोग धूप और गर्मी के बीच उत्सव का आनंद ले सकेंगे। हालांकि, होली के बाद भी तापमान में बढ़ोतरी का सिलसिला जारी रह सकता है।

राजस्थान के बाड़मेर में लगातार दूसरे दिन 36 डिग्री के पार

राजस्थान के बाड़मेर में लगातार दूसरे दिन अधिकतम तापमान 36.3 डिग्री सेल्सियस के पार दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान फतेहपुर (सीकर) में 9.7 डिग्री रहा। मौसम विभाग ने बताया कि आने वाले एक सप्ताह तक राज्य का मौसम शुष्क रहेगा और दिन के तापमान में आंशिक बढ़ोतरी होती रहेगी।

तेज हवाओं का असर

दिल्ली-एनसीआर में पिछले कुछ दिनों से तेज हवाओं के चलते वायु गुणवत्ता में सुधार हुआ है। दिल्ली, नोएडा और गाजियाबाद के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता अब 'येलो जोन' में आ गई है। गुरुवार को दिल्ली के अधिकांश इलाकों में एक्यूआई 200 के आसपास या उससे कम दर्ज किया गया। तेज हवाओं के कारण लोगों को प्रदूषण से काफी हद तक राहत मिली है और सांस लेना आसान हुआ है।

आने वाले दिनों के लिए सलाह

दिल्ली-एनसीआर के लोग अब भयंकर गर्मी के लिए तैयार रहें। दिन के समय बाहर निकलते समय हल्के और ढीले कपड़े पहनें और पर्याप्त पानी पीते रहें। सूरज की तेज धूप में ज्यादा देर न रहें और अगर संभव हो तो दोपहर के समय बाहर निकलने से बचें। साथ ही बच्चों और बुजुर्गों को खास ध्यान रखें क्योंकि उन्हें गर्मी ज्यादा प्रभावित कर सकती है।

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