अब प्रॉपर्टी टैक्स न भरने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई, एमसीडी का नया प्लान
भारत
चेतना मंच
02 Dec 2025 02:30 AM
दिल्ली नगर निगम (MCD) ने राजधानी में संपत्ति कर वसूली को बढ़ावा देने के लिए एक नई योजना शुरू करने का निर्णय लिया है। इस योजना के तहत संपत्तियों के सर्वेक्षण और टैक्स नोटिस जारी करने का काम निजी एजेंसियों को सौंपा जाएगा। एमसीडी अधिकारियों के अनुसार, एजेंसी चयन प्रक्रिया अंतिम चरण में है और नवंबर 2025 तक यह सर्वे और वसूली का काम शुरू कर देगी। Delhi News :
जियो-टैगिंग से घर-घर नोटिस
नई योजना के तहत, चुनी गई निजी एजेंसी दिल्ली-एनसीआर में घर-घर भौतिक सर्वेक्षण करेगी, संपत्तियों की जियो-टैगिंग करेगी और एक ऐप के माध्यम से डेटा एकत्र कर टैक्स नोटिस जारी करेगी। एजेंसी को एक वर्ष का समय दिया जाएगा, जिसमें वह स्व-मूल्यांकन डेटा संकलित कर एमसीडी को रिपोर्ट सौंपेगी। प्रोत्साहन स्वरूप, वसूली की गई राशि का एक तय हिस्सा एजेंसी को मिलेगा।
संपत्ति कर वसूली बढ़ाने की दिशा में कदम
एमसीडी के आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली के कुल 34.36 लाख घरों में से केवल 13 लाख ही संपत्ति कर का भुगतान करते हैं। पिछले साल 4,000 करोड़ रुपये के लक्ष्य में से केवल 2,163 करोड़ ही वसूली हुई थी। इसी कमी को पूरा करने के लिए यह कदम उठाया गया है। संपत्ति कर विभाग एक सामान्य संपत्ति डेटाबेस तैयार करेगा, जिसमें आवासीय, व्यावसायिक संपत्तियों और खाली जमीन की जानकारी होगी। सर्वे में लगे कर्मचारियों को उपकरणों के उपयोग और प्रशिक्षण के साथ-साथ पहचान पत्र और शिष्टाचार प्रशिक्षण भी अनिवार्य होगा।
टैक्स न भरने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई
यदि किसी संपत्ति मालिक ने टैक्स का भुगतान नहीं किया, तो एजेंसी उसका असहयोग रिकॉर्ड दर्ज करेगी। इसके बाद एमसीडी द्वारा कानूनी कार्रवाई की जाएगी। नोटिस जारी करने और वसूली में एजेंसी केवल सफल वसूली के आधार पर भुगतान प्राप्त करेगी, जो एस्क्रो अकाउंट के माध्यम से किया जाएगा। Delhi News