
Delhi News : ईगल स्पेशियली एबल्ड राइडर्स के आमिर और गोविंदा द्वारा विश्व की सबसे लंबी 5500 किलोमीटर की सुगम्य जागरुकता राइड इतिहास में दर्ज हुई है। यह राइड 10 नवंबर को शुरू हुई थी, जो भारत के पूर्वोत्तर राज्यों का भ्रमण करने के बाद 28 नवंबर को दिल्ली के इंडिया गेट पर पहुंचकर संपन्न हुई। इस यात्रा के दौरान दिव्यांगों ने 5500 किलोमीटर का सफर केवल स्कूटी पर ही तय किया।
आपको बता दें कि इस राइड का आयोजन अमेजिंग नमस्ते फाउंडेशन के अध्यक्ष अतुल चंद्रकांत द्वारा किया गया था। राइड में राइडर्स आमिर और गोविंदा ने अपनी 5500 किलोमीटर की यात्रा के दौरान लोगों को दिव्यांगों को सशक्त बनने के प्रति न केवल प्रेरित किया, बल्कि उनमें यह भावना भी पैदा की कि वह दिव्यांग होने के बावजूद सबकुछ हासिल कर सकते हैं।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि रंजन मुखर्जी (दिव्यांगजन राज्य आयुक्त, दिल्ली) विशिष्ठ अतिथि डॉ. विजय दत्ता (प्रिंसिपल, मॉडर्न स्कूल, बाराखम्बा रोड, दिल्ली) एवं मिस डेलिना खोंगडुप (मेंबर, राष्ट्रीय महिला आयोग, दिल्ली) एवं नरेश सचदेवा (पैरा स्पोर्ट्स ऑफिसर, मॉडर्न स्कूल, दिल्ली) शामिल रहे।
पूर्वोत्तर में राइड का फ्लैग ऑफ असम के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया द्वारा राजभवन, गुवाहाटी से किया गया तथा राजभवन शिलॉन्ग (मेघालय) में राइडरो का जोर शोर से स्वागत किया गया।
सुगम्य जागरूकता राइड का मकसद दिव्यांगजनों को समाज की मुख्य धारा से जोड़ना, सशक्त बनाना, उनकी गरिमा, समानता और स्वतंत्रता को बढ़ाना तथा एक समावेशी समाज विकसित करना है। श्री अनिर्बन डे द्वारा राइड को लीड किया गया, राइड कोऑर्डिनेटर श्रीप्रसाद जोग थे। "पूर्वोत्तर को जानो, भारत जानो" साहसिक राइड का मकसद पूर्वोत्तर राज्यों के इतिहास, भूगोल, भाषा, खानपान, वेशभूषा, कला-संस्कृति व जनजातीय जीवन को समझना एवं पूर्वोत्तर को शेष भारत के करीब लाना था।
राइडर्स आमिर ने बताया कि यह यात्रा विश्व की सबसे बड़ी साहसिक राइड थी। राइड के दौरान कई स्थानों पर रुकें और दिव्यांगों को जो दिव्यांगता को अपनी कमजोरी समझते हैं। उन्हें दिव्यांगता को ताकत बनाने के लिए उत्साहवर्धन किया और उन्हें प्रेरित किया कि यदि आप कुछ करना चाहते हैं तो आपको कभी भी किसी प्रकार की बाधाएं रोक नहीं सकतीं।
सुगम्य जागरूकता दिल्ली, इटावा, अयोध्या, गोरखपुर, दरभंगा, किशनगंज, जलपाईगुड़ी, गुवाहाटी, शिलांग, डाउकी, हाफलोंग, सिलीगुड़ी, मुजफ्फरपुर, पटना, लखनऊ आदि प्रमुख शहरों से होकर निकली। आपको बता दें कि ईगल स्पेशियली एबल्ड राइडर्स पिछले 6 सालों से सुगम्य जागरूकता राइड का आयोजन कर रही है। इस कार्य के लिए टीम को मुख्यमंत्री, कैबिनेट मंत्री, डॉ. बत्रा पीपल चॉइस अवॉर्ड, लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड, इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड, वर्ल्ड रिकॉर्ड्स इंडिया, वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्डस, बुक ऑफ रिकॉर्ड्स इंटरनेशनल और वर्ल्ड बुक ऑफ टैलेंट रिकार्ड्स द्वारा सम्मानित किया जा चुका है।
ईगल स्पेशियली एबल्ड राइडर्स न केवल राइड के माध्यम से जागरूकता फैलाने का कार्य करती है, बल्कि दिव्यांगों को प्रोत्साहित करने में सहायता भी करती है। कोरोना की पहली और दूसरी खतरनाक लहर में भी दिव्यांगों के प्रति महत्वपूर्ण भूमिका अदा की।