दिल्ली में प्रदूषण को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया पर निशाना साधते हुए पंजाब में पराली जलाने से जुड़े कई गंभीर आरोप लगाए हैं। जानिए आखिर उन्होंने ऐसा क्या कहा, जिससे दिल्ली की राजनीति में नई बहस छिड़ गई है।

Delhi News : दिल्ली में वायु प्रदूषण को लेकर एक बार फिर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया पर निशाना साधते हुए दिल्ली के पर्यावरण को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में पराली जलाने की घटनाओं के कारण दिल्ली की हवा प्रभावित हो रही है। सिरसा ने आम आदमी पार्टी (AAP) पर भी निशाना साधते हुए कहा कि एक तरफ पंजाब में पराली जलाने की घटनाएं हो रही हैं, वहीं दूसरी तरफ किसानों के खिलाफ मामले दर्ज किए जा रहे हैं। मंत्री ने दिल्ली में वायु गुणवत्ता में सुधार का दावा करते हुए कहा कि वर्ष 2026 में जनवरी से अक्टूबर तक 220 दिन ऐसे रहे, जब दिल्ली का AQI 200 से नीचे दर्ज किया गया। उन्होंने कहा कि दिल्ली के लोग प्रदूषण के खिलाफ लगातार संघर्ष कर रहे हैं और सरकार भी इलेक्ट्रिक वाहनों तथा चार्जिंग स्टेशन जैसी सुविधाओं को बढ़ावा दे रही है।
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया से दिल्ली के पर्यावरण को लेकर राजनीति नहीं करने की अपील की। उन्होंने कहा कि दिल्ली के लोगों ने प्रदूषण के खिलाफ लंबी लड़ाई लड़ी है और अब राजधानी की हवा में सुधार की कोशिशें हो रही हैं। सिरसा के मुताबिक, दिल्ली में 13 हजार से अधिक चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए गए हैं और लोग इलेक्ट्रिक वाहनों की खरीदारी भी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली के नागरिक प्रदूषण से लड़ने में सहयोग कर रहे हैं और किसी भी राजनीतिक दल को ऐसा कदम नहीं उठाना चाहिए, जिससे आम लोगों को परेशानी हो। उन्होंने पंजाब में पराली जलाने की घटनाओं का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि इन घटनाओं से दिल्ली की वायु गुणवत्ता पर दोबारा प्रतिकूल असर पड़ रहा है। Delhi News
मनजिंदर सिंह सिरसा ने पंजाब में पराली जलाने की घटनाओं को लेकर आम आदमी पार्टी और पंजाब सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में पराली जलाने की घटनाओं को रोकने के लिए प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। उन्होंने पंजाब पुलिस और सरकारी अधिकारियों की भूमिका पर भी सवाल उठाए। इस बीच, कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट (CAQM) की ओर से RTI के जवाब में सामने आए आंकड़ों के अनुसार, 15 सितंबर से 29 अक्टूबर 2026 के बीच पंजाब में पराली जलाने की 1,007 घटनाएं दर्ज की गईं। इसी अवधि में हरियाणा में 29, उत्तर प्रदेश में 345 और दिल्ली में दो घटनाएं सामने आईं। यानी चारों क्षेत्रों में कुल 1,383 घटनाएं दर्ज की गईं। सिरसा ने इन आंकड़ों के आधार पर पंजाब सरकार से पराली जलाने की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण करने की मांग की। हालांकि, पंजाब में पराली जलाने के पीछे सरकार या पुलिस की मिलीभगत होने का उनका आरोप एक राजनीतिक दावा है, जिसकी स्वतंत्र पुष्टि इन आंकड़ों से नहीं होती। Delhi News
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री ने पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की चेयरपर्सन रीना गुप्ता को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। सिरसा ने दावा किया कि रीना गुप्ता पहले दिल्ली में प्रदूषण से जुड़े मामलों में भूमिका निभा चुकी हैं और अब उन्हें पंजाब में प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की जिम्मेदारी दी गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि आंकड़ों में हेरफेर करके पराली जलाने की घटनाओं की वास्तविक स्थिति छिपाने की कोशिश की जा रही है। सिरसा ने रीना गुप्ता के अरविंद केजरीवाल से पारिवारिक संबंध होने का भी दावा किया और पराली जलाने के मामलों में दर्ज FIR का हवाला दिया। हालांकि, इन आरोपों और कथित रिश्ते की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी से नहीं होती है। इन दावों को सिरसा के आरोप के तौर पर ही देखा जाना चाहिए। Delhi News
मनजिंदर सिंह सिरसा ने दिल्ली में वायु गुणवत्ता को लेकर सरकारी आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि वर्ष 2026 में राजधानी की हवा में सुधार हुआ है। उन्होंने दावा किया कि पिछले एक दशक में इस साल दिल्ली में सबसे बेहतर वायु गुणवत्ता वाले दिन दर्ज किए गए हैं। केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय की 31 अक्टूबर 2026 की रिपोर्ट के अनुसार, जनवरी से अक्टूबर के बीच दिल्ली में 220 दिन ऐसे रहे, जब दैनिक औसत AQI 200 से कम था। यह आंकड़ा 2025 के 200 दिनों और 2024 के 201 दिनों से अधिक है। रिपोर्ट के मुताबिक, अक्टूबर 2026 में दिल्ली का औसत AQI 166 रहा, जो अक्टूबर महीने के लिए 2018 के बाद सबसे कम है। वहीं जनवरी से अक्टूबर तक का औसत AQI 167 दर्ज किया गया, जबकि 2025 में यह 170 था। हालांकि, बेहतर आंकड़ों के बावजूद दिल्ली में प्रदूषण की चुनौती खत्म नहीं हुई है। जनवरी से अक्टूबर 2026 के दौरान 84 दिन ऐसे भी रहे, जब AQI 200 से ऊपर यानी खराब से गंभीर श्रेणी में दर्ज किया गया। Delhi News
सिरसा ने दिल्ली में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के प्रयासों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि राजधानी में 13 हजार से अधिक चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए गए हैं और लोग इलेक्ट्रिक वाहनों को अपना रहे हैं। उनके मुताबिक, इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को बढ़ावा देने से भविष्य में पारंपरिक ईंधन से चलने वाले वाहनों पर निर्भरता कम करने में मदद मिलेगी। उन्होंने दिल्लीवासियों से भी प्रदूषण नियंत्रण के प्रयासों में सहयोग करने की अपील की। Delhi News
दिल्ली में प्रदूषण का मुद्दा अब केवल पर्यावरण तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि राजनीतिक बहस का विषय भी बन गया है। मनजिंदर सिंह सिरसा के आरोपों के बीच आम आदमी पार्टी ने भी पंजाब और उसके किसानों को निशाना बनाए जाने पर आपत्ति जताई है। AAP नेताओं का कहना है कि पंजाब सरकार पराली प्रबंधन के लिए किसानों को मशीनरी और दूसरी सुविधाएं उपलब्ध करा रही है। पार्टी ने बीजेपी नेताओं पर पंजाब और किसानों को बदनाम करने का आरोप लगाया है। ऐसे में दिल्ली की हवा को लेकर दोनों पक्षों के बीच आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं। लेकिन इस राजनीतिक बहस के बीच सबसे महत्वपूर्ण सवाल यही है कि दिल्ली-NCR के लोगों को प्रदूषण से स्थायी राहत कैसे मिलेगी और पराली जलाने सहित प्रदूषण के दूसरे स्रोतों पर प्रभावी नियंत्रण कब होगा।
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