भूटान की दो दिवसीय यात्रा से लौटने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को दिल्ली के लोक नायक जय प्रकाश नारायण (एलएनजेपी) अस्पताल पहुंचे, जहां उन्होंने लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए ब्लास्ट में घायल लोगों से मुलाकात की।

पीएम मोदी ने घायलों से बातचीत कर उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली और शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। इस दौरान अस्पताल के डॉक्टरों और वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रधानमंत्री को घायलों की स्थिति और उनके इलाज के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
बता दे कि प्रधानमंत्री ने कहा कि ब्लास्ट की साजिश रचने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। एक्स (X) पर अपनी पोस्ट में उन्होंने लिखा एलएनजेपी अस्पताल गया और दिल्ली विस्फोट में घायल हुए लोगों से मिला। सभी के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं। साजिश रचने वालों को न्याय के कटघरे में लाया जाएगा।
भूटान में अपने संबोधन के दौरान भी पीएम मोदी ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया था। उन्होंने कहा था कि देश इस कठिन समय में पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा है और दोषियों को न्याय से भागने नहीं दिया जाएगा। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने इस मामले की जांच अपने हाथ में ले ली है। एजेंसी ने एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। सूत्रों के मुताबिक, शुरुआती जांच में जैश-ए-मोहम्मद मॉड्यूल के शामिल होने के संकेत मिले हैं।
10 नवंबर की शाम को लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास एक हुंडई i20 कार में हुए विस्फोट में अब तक 8 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 20 से अधिक लोग घायल हुए हैं। प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार, पीड़ितों की मौत सिर और छाती में गंभीर चोटें लगने और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण हुई। फोरेंसिक जांच से विस्फोटक के प्रकार का पता लगाया जा रहा है। घटनास्थल से किसी छर्रे के निशान नहीं मिले हैं, जिससे संकेत मिलता है कि धमाका उच्च तीव्रता का था, जिसने आसपास के वाहनों और ढांचों को भी नुकसान पहुंचाया।
सरकार ने आश्वासन दिया है कि जांच पूरी पारदर्शिता और सख्ती से होगी, ताकि किसी निर्दोष को नुकसान न पहुंचे और असली गुनहगार कानून के शिकंजे से बच न सकें।