अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर गैस महंगाई के विरोध में उतरीं महिलाएं, चलाया हस्ताक्षर अभियान

यह कार्यक्रम अखिल भारतीय महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय समन्वयक और कालकाजी विधानसभा की बीएलए-1 ज्योत्सना गोगिया के नेतृत्व में आयोजित किया गया। अभियान में बड़ी संख्या में महिलाओं, कांग्रेस कार्यकर्ताओं और क्षेत्रीय लोगों ने हिस्सा लिया।

महंगाई के खिलाफ महिलाओं का प्रदर्शन
महंगाई के खिलाफ महिलाओं का प्रदर्शन
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar09 Mar 2026 05:26 PM
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Delhi News : अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर राजधानी दिल्ली के कालकाजी विधानसभा क्षेत्र में रसोई गैस की बढ़ती कीमतों के खिलाफ महिलाओं और स्थानीय नागरिकों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान कैंडल मार्च निकाला गया और हस्ताक्षर अभियान चलाकर केंद्र सरकार तक आम जनता की नाराजगी पहुंचाने की कोशिश की गई। यह कार्यक्रम अखिल भारतीय महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय समन्वयक और कालकाजी विधानसभा की बीएलए-1 ज्योत्सना गोगिया के नेतृत्व में आयोजित किया गया। अभियान में बड़ी संख्या में महिलाओं, कांग्रेस कार्यकर्ताओं और क्षेत्रीय लोगों ने हिस्सा लिया।

महिलाओं और आम परिवारों पर महंगाई की मार

प्रदर्शन में शामिल लोगों का कहना था कि एलपीजी सिलेंडर के दाम लगातार बढ़ने से सबसे ज्यादा असर महिलाओं, मध्यमवर्गीय परिवारों और आर्थिक रूप से कमजोर तबकों पर पड़ रहा है। रसोई का बजट बिगड़ता जा रहा है और घरेलू खर्च संभालना मुश्किल होता जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि बढ़ती महंगाई ने आम आदमी की कमर तोड़ दी है और रसोई गैस अब धीरे-धीरे सामान्य परिवारों की पहुंच से बाहर होती जा रही है।

महिला दिवस पर महिलाओं की आवाज बुलंद करने का प्रयास

ज्योत्सना गोगिया ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस केवल उत्सव का दिन नहीं, बल्कि महिलाओं की समस्याओं और संघर्षों को सामने लाने का अवसर भी है। उन्होंने कहा कि इसी सोच के साथ कैंडल मार्च और हस्ताक्षर अभियान आयोजित किया गया, ताकि सरकार तक जनता की पीड़ा और महिलाओं की परेशानी को मजबूती से पहुंचाया जा सके। उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि गलत आर्थिक नीतियों के कारण महंगाई पर लगाम नहीं लग पा रही है और इसका सीधा असर घर-घर की रसोई पर दिखाई दे रहा है।

प्रधानमंत्री और पेट्रोलियम मंत्री से इस्तीफे की मांग

कार्यक्रम के दौरान प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी से इस्तीफे की मांग भी उठाई। उनका कहना था कि सरकार को तुरंत एलपीजी गैस की कीमतों में राहत देनी चाहिए, ताकि आम जनता को बढ़ती महंगाई से कुछ राहत मिल सके। हस्ताक्षर अभियान में सैकड़ों लोगों ने भाग लेकर इस विरोध को समर्थन दिया। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि सरकार महंगाई पर नियंत्रण के लिए तत्काल ठोस कदम उठाए और रसोई गैस की कीमतों में कमी करे।

आंदोलन जारी रखने की चेतावनी

कार्यक्रम के अंत में ज्योत्सना गोगिया ने कहा कि जब तक आम लोगों, खासकर महिलाओं और गरीब परिवारों को राहत नहीं मिलेगी, तब तक इस तरह के लोकतांत्रिक विरोध और जनआंदोलन जारी रहेंगे। उन्होंने कहा कि महिलाओं की आवाज को दबाया नहीं जा सकता और इसे लगातार बुलंद किया जाता रहेगा। Delhi News

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एशिया का सबसे बड़ा वाइल्डलाइफ कॉरिडोर पूरा, जल्द होगा उद्घाटन

नए ग्रीनफील्ड हाईवे का निर्माण अब अपने अंतिम चरण में है। सहारनपुर जिले के बड़गांव इंटरचेंज पर बचा हुआ काम तेजी से पूरा किया जा रहा है और इस हाईवे के कई हिस्सों पर वाहन पहले से ही चल रहे हैं।

coridor (1)
वाइल्डलाइफ कॉरिडोर का निर्माण पूरा
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar09 Mar 2026 05:17 PM
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Delhi News : दिल्ली से देहरादून तक बने नए ग्रीनफील्ड हाईवे का निर्माण अब अपने अंतिम चरण में है। सहारनपुर जिले के बड़गांव इंटरचेंज पर बचा हुआ काम तेजी से पूरा किया जा रहा है और इस हाईवे के कई हिस्सों पर वाहन पहले से ही चल रहे हैं। योजना के अनुसार इसका आधिकारिक शुभारंभ 13 मार्च 2026 को होने की संभावना जताई जा रही है।

वायाडक्ट और आधुनिक ढांचे तैयार

1.3 किलोमीटर लंबा वायाडक्ट डाट काली मंदिर के पास तैयार हो चुका है और इसे वाहनों के लिए खोल दिया गया है। यह ऊंचा पुल उत्तर प्रदेश-उत्तराखंड सीमा पर स्थित महत्वपूर्ण इलाके में यातायात की भीड़ को कम करेगा और यात्रियों के लिए सुरक्षित मार्ग सुनिश्चित करेगा। डाट काली मंदिर श्रद्धालुओं के लिए एक प्रमुख धार्मिक स्थल है, इसलिए यहां इसका निर्माण विशेष उपयोगी माना जा रहा है।

एशिया का सबसे बड़ा वाइल्डलाइफ कॉरिडोर

हाईवे पर लगभग 12 किमी लंबे वाइल्डलाइफ कॉरिडोर का निर्माण पूरा हो चुका है। इस ऊंचे खंड से राजाजी नेशनल पार्क की पहाड़ियों और जंगलों के ऊपर से सड़कों का मार्ग बनाया गया है। इससे क्षेत्र के वन्यजीवों को सुरक्षित रूप से अपनी दिशा बदलने और आवागमन करने में मदद मिलेगी, जिससे दुर्घटनाओं और मानव प्रकृति संघर्ष की आशंका कम होगी। इस एलिवेटेड सेक्शन पर 28 दिसंबर से गाड़ियों का संचालन भी शुरू हो चुका है।

हाईवे में अन्य सुविधाएँ 

नई सड़क को सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के लिए अनेक संरचनाएं विकसित की गई हैं:

*6 बड़े एनिमल अंडरपास और 2 हाथी अंडरपास

*113 छोटे अंडरपास

* लगभग 76 किमी सर्विस रोड

*62 बस शेल्टर

*16 प्रवेश-निकास द्वार

*5 रेलवे ओवरब्रिज

*340 मीटर लंबी 3 लेन सुरंग (लगभग 1995 करोड़ की लागत)

ये सभी सुविधाएँ यात्रियों की सुरक्षा और सहज आवाजाही को ध्यान में रखकर तैयार की गई हैं।





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शराब नीति केस: दिल्ली हाईकोर्ट ने केजरीवाल-सिसोदिया से मांगा जवाब

निचली अदालत ने अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और 21 अन्य लोगों को इस मामले से आरोप मुक्त कर दिया था। इन 21 लोगों में तेलंगाना जागृति की अध्यक्ष के. कविता भी शामिल हैं।

Delhi Excise Policy
हाईकोर्ट ने मांगा केजरीवाल-सिसोदिया का जवाब (फाइल फोटो)
locationभारत
userऋषि तिवारी
calendar09 Mar 2026 05:32 PM
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Delhi Excise Policy : दिल्ली शराब नीति मामले में पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पूर्व डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया के लिए बड़ी असुविधा बनती दिख रही है। दिल्ली हाईकोर्ट ने सीबीआई की याचिका पर सुनवाई करते हुए दोनों नेताओं सहित 21 अन्य आरोपियों से जवाब मांगा है। कोर्ट ने उन्हें अधीनस्थ अदालत की ओर से आरोप मुक्त किए जाने के खिलाफ सीबीआई की याचिका पर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है।

अगली सुनवाई 16 मार्च को, ED केस पर भी असर

जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा की अध्यक्षता वाली पीठ ने इस मामले में अगली सुनवाई के लिए 16 मार्च की तारीख तय की है। अदालत ने स्पष्ट किया कि वह निचली अदालत को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की ओर से मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच पर कार्यवाही को अगली तारीख तक स्थगित करने का आदेश देगी, जिससे इस मामले में तत्काल कोई राहत देने की स्थिति न बने।

'यह फैसला आपराधिक कानून को ही उलट देता है'

अदालत में सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने सीबीआई की ओर से बहस करते हुए निचली अदालत के फैसले पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने आग्रह किया कि आबकारी नीति मामले में केजरीवाल और सिसोदिया को बरी करने का आदेश 'अनुचित' है और यह 'आपराधिक कानून को ही उलट देता है'। मेहता ने कहा, "यह मामला देश के सबसे बड़े घोटालों में से एक है और भ्रष्टाचार का स्पष्ट उदाहरण है। एजेंसी ने शराब नीति में हेरफेर, साजिश और रिश्वतखोरी को दर्शाने वाले विस्तृत सबूत जुटाए हैं। केजरीवाल, सिसोदिया और अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने के लिए पर्याप्त सबूत और गवाह मौजूद हैं।"

निचली अदालत की टिप्पणियों पर रोक का संकेत

सॉलिसिटर जनरल के तर्कों पर हाईकोर्ट ने सहमति जताते हुए संकेत दिया कि वह सीबीआई अधिकारियों पर अधीनस्थ अदालत द्वारा की गई 'पूर्वग्रहपूर्ण टिप्पणियों' के अमल पर रोक लगाएगी। मेहता ने आरोप लगाया था कि निचली अदालत ने बिना सही सुनवाई के ही आरोप मुक्त करने का आदेश सुना दिया था।

क्या था पिछला आदेश?

इससे पहले 27 फरवरी को निचली अदालत ने अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और 21 अन्य लोगों को इस मामले से आरोप मुक्त कर दिया था। इन 21 लोगों में तेलंगाना जागृति की अध्यक्ष के. कविता भी शामिल हैं। तब अदालत ने अपने आदेश में सीबीआई को फटकार लगाते हुए कहा था कि एजेंसी का मामला न्यायिक जांच में पूरी तरह से विफल रहा और यह पूरी तरह से निराधार साबित हुआ। अब हाईकोर्ट में इस फैसले को चुनौती दी गई है। Delhi Excise Policy

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