दिल्ली में पहली बार चलेगा यमुना क्रूज, 20 फरवरी को होगा शुभारंभ

राजधानी दिल्ली में क्रूज सेवा सोनीया विहार से जगतपुर के बीच लगभग पांच किलोमीटर के दायरे में संचालित होगी। पूरा सफर करीब एक घंटे का होगा। इस दौरान यात्रियों को यमुना नदी के किनारे बने घाटों और प्राकृतिक दृश्यों का अनुभव मिलेगा।

Yamuna Cruise Tourist
दिल्ली को मिलेगा नया यमुना क्रूज टूरिस्ट आकर्षण (फाइल फोटो)
locationभारत
userऋषि तिवारी
calendar07 Feb 2026 11:54 AM
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Delhi News : राजधानी दिल्ली में पर्यटन को नई रफ्तार देने और यमुना नदी को आकर्षण का केंद्र बनाने की दिशा में एक अहम पहल की जा रही है। दिल्ली में पहली बार ‘यमुना क्रूज सेवा’ शुरू होने जा रही है, जिसकी पहली झलक सामने आ चुकी है। यह क्रूज सेवा 20 फरवरी को लॉन्च की जाएगी। इसे दिल्ली में भाजपा सरकार के एक साल पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित एक फ्लैगशिप इवेंट के रूप में पेश किया जाएगा।

सोनीया विहार से जगतपुर तक चलेगा क्रूज

बता दें कि अधिकारियों के अनुसार, यह क्रूज सेवा सोनीया विहार से जगतपुर के बीच लगभग पांच किलोमीटर के दायरे में संचालित होगी। पूरा सफर करीब एक घंटे का होगा। इस दौरान यात्रियों को यमुना नदी के किनारे बने घाटों और प्राकृतिक दृश्यों का अनुभव मिलेगा। सरकार का मानना है कि इस परियोजना से स्थानीय पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।

आधुनिक तकनीक और सुरक्षा से लैस

बता दें कि इस क्रूज का निर्माण मुंबई की इंस्पिरेशन मरीन प्राइवेट लिमिटेड द्वारा किया गया है। यह 40 फीट लंबा रिवर क्रूजर है, जिसे खास कैटामरान डिजाइन में तैयार किया गया है। इससे क्रूज की स्थिरता बढ़ती है और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित होती है। क्रूज में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप लाइफ जैकेट, लाइफ रिंग और फायर फाइटिंग सिस्टम सहित सभी आवश्यक सुरक्षा उपकरण लगाए गए हैं।

32 यात्रियों की क्षमता

बता दें कि क्रूज में कुल 32 लोगों के बैठने की व्यवस्था है, जिसमें दो क्रू सदस्य शामिल होंगे। यात्रियों की सुविधा के लिए जेट्टी पर टिकट काउंटर, बोर्डिंग जोन और वेटिंग एरिया भी बनाए गए हैं। फिलहाल क्रूज को सोनीया विहार स्पोर्ट्स क्लब में ड्राई डॉक में रखा गया है, जहां इसकी अंतिम तैयारियां चल रही हैं। अधिकारियों के मुताबिक, 16 या 17 फरवरी को इसका ट्रायल रन किया जा सकता है।

पर्यटन के साथ पर्यावरण पर भी फोकस

बता दें कि दिल्ली सरकार का दावा है कि इस क्रूज सेवा से यमुना नदी के पुनर्जीवन को बढ़ावा मिलेगा और राजधानी के पर्यटन को नई पहचान मिलेगी। लंबे समय से प्रदूषण और उपेक्षा का सामना कर रही यमुना को एक सकारात्मक छवि देने का प्रयास किया जा रहा है। इसी क्रम में सरकार 8 फरवरी को रामलीला मैदान से 500 इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाने जा रही है, जिससे पर्यावरण के अनुकूल परिवहन को प्रोत्साहन मिलेगा। Delhi News

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जनकपुरी मामले पर केजरीवाल का गुस्सा, बोले- 'ये हादसा नहीं, सीधी हत्या है'

अरविंद केजरीवाल ने कहा कि ये हादसा नहीं हत्या है। उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि नोएडा की घटना से भी भाजपा ने कुछ नहीं सीखा। केजरीवाल ने कहा कि घोर लापरवाही और गैर-जिम्मेदार रवैया अब भाजपा सरकारों की पहचान बन चुका है।

Janakpuri accident
जल बोर्ड की उच्च स्तरीय जांच शुरू (फाइल फोटो)
locationभारत
userऋषि तिवारी
calendar06 Feb 2026 06:23 PM
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Delhi News : दिल्ली के जनकपुरी इलाके में शुक्रवार सुबह एक सड़क के बीचों-बीच खुले गड्ढे में गिरने से एक बाइक सवार युवक की दर्दनाक मौत हो गई। इस घटना को लेकर राजनीति भी गरमा गई है। आप पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इसे सामान्य हादसा नहीं, बल्कि 'हत्या' करार दिया है, जबकि दिल्ली सरकार के मंत्री आशीष सूद ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं।

'भाजपा ने नोएडा से कुछ नहीं सीखा'

बता दें कि इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि ये हादसा नहीं हत्या है। उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि नोएडा की घटना से भी भाजपा ने कुछ नहीं सीखा। केजरीवाल ने कहा कि घोर लापरवाही और गैर-जिम्मेदार रवैया अब भाजपा सरकारों की पहचान बन चुका है, जिसका खामियाजा आम जनता भुगत रही है। उन्होंने ईश्वर से उस परिवार को शक्ति देने की प्रार्थना की, जिसने सरकार की लापरवाही की वजह से अपना बच्चा खो दिया।

घटनास्थल पर पहुंचे मंत्री आशीष सूद, कहा- जांच में सच आएगा सामने

बता दें कि वहीं, दिल्ली सरकार के मंत्री आशीष सूद ने इसे बहुत दुखद बताते हुए कहा कि वह इस दुख की घड़ी में मृतक के परिजनों के साथ हैं। आशीष सूद ने कहा, "मैंने वहां जाकर 2 घंटे तक मौके का मुआयना किया है। मुझे वहां सभी सुरक्षा के उपाय दिखे थे, लेकिन फिर भी यह हादसा कैसे हुआ, इसकी जांच के लिए मैंने जल बोर्ड को एक कमेटी बनाने के लिए कहा है। जो भी कोई दोषी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।"

मृतक के परिवार ने लगाए लापरवाही के आरोप

बता दें कि जनकपुरी इलाके में शुक्रवार (6 जनवरी) सुबह गड्ढे में गिरने से मोटरसाइकिल सवार कमल की मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, घटना की सूचना सुबह करीब सात बजे मिली। शव और मोटरसाइकिल गड्ढे के अंदर मिले। कमल एक निजी बैंक के कॉल सेंटर में काम करता था। हादसे में मृतक के भाई ने आरोप लगाया कि वहां कोई लाइट नहीं थी और लापरवाही की वजह से ऐसी कई घटनाएं हो रही हैं। परिवार ने दिल्ली जल बोर्ड के स्तर पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कमल की मौत में साजिश की भी आशंका जताई है।

दिल्ली जल बोर्ड ने गठित की उच्च स्तरीय जांच समिति

मामले की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली जल बोर्ड ने एक उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन कर दिया है। समिति सभी सुरक्षा मानकों के अनुपालन की जांच करेगी और जहां भी कोई चूक पाई जाएगी, वहां जवाबदेही तय करेगी। दिल्ली सरकार ने भी घटना के संबंध में जांच के आदेश दे दिए हैं। Delhi News

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दिल्ली के विकास की नई पहचान, संरचनात्मक सुधार के लिए नया कानून

मसौदे को जल्द से जल्द अंतिम रूप देने के लिए सीएम रेखा गुप्ता ने मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया है। सरकार की सुधारोन्मुख प्रतिबद्धता को दर्शाते हुए इस टास्क फोर्स को तीन सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।

CM Rekha Gupta
राष्ट्रीय शहरी परिवहन नीति के तहत दिल्ली बनेगा मॉडल (फाइल फोटो)
locationभारत
userऋषि तिवारी
calendar06 Feb 2026 04:55 PM
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Delhi News : राष्ट्रीय राजधानी में बिखरी हुई शहरी परिवहन व्यवस्था को एक सूत्र में पिरोने और यात्रियों को भटकने से बचाने के लिए दिल्ली सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के निर्देश पर 'दिल्ली यूनिफाइड मेट्रोपॉलिटन ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी' (DUMTA) और 'दिल्ली अर्बन ट्रांसपोर्ट फंड' (DUTF) के गठन के लिए एक व्यापक विधेयक का मसौदा तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह कदम दिल्ली के तीव्र शहरीकरण, बढ़ती आबादी और वाहनों के दबाव को देखते हुए उठाया गया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि अब टुकड़े-टुकड़े उपायों की जगह प्रणालीगत और संरचनात्मक समाधान की जरूरत है।

तीन सप्ताह में आएगी रिपोर्ट

मसौदे को जल्द से जल्द अंतिम रूप देने के लिए सीएम रेखा गुप्ता ने मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया है। सरकार की सुधारोन्मुख प्रतिबद्धता को दर्शाते हुए इस टास्क फोर्स को तीन सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। इसके बाद विधायी प्रक्रिया के जरिए इसे अंतिम रूप दिया जाएगा।

सभी एजेंसियां होंगी एक मंच पर

टास्क फोर्स में परिवहन, शहरी विकास, वित्त, योजना, लोक निर्माण और दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं। खास बात यह है कि इसमें DDA, MCD, DMRC, DTC, NCRTC और भारतीय रेलवे जैसी सभी प्रमुख नागरिक और परिवहन संस्थाओं के प्रतिनिधियों को भी जगह दी गई है। इसका उद्देश्य वैश्विक सर्वोत्तम प्रथाओं और स्थानीय आवश्यकताओं को संतुलित करना है।

मेट्रो से लेकर बस तक, सब कुछ होगा एकीकृत

DUMTA का मुख्य उद्देश्य दिल्ली की वर्तमान में खंडित परिवहन व्यवस्था को एक छत के नीचे लाना है। वर्तमान में विभिन्न एजेंसियां अलग-अलग काम करती हैं, जिससे मार्ग योजना और सेवा प्रदान में समन्वय की कमी होती है। इस नए प्राधिकरण के तहत मेट्रो, बस, क्षेत्रीय रेल, रेलवे और फीडर सेवाओं को एकीकृत योजना क्षेत्राधिकार में लाया जाएगा। इससे यात्रियों को एकीकृत टिकटिंग और बेहतर कनेक्टिविटी की सुविधा मिलेगी।

प्रदूषण और जाम से मिलेगी राहत

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि DUMTA सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने और अंतिम मील कनेक्टिविटी सुधारने में अहम भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा, "यह प्रदूषण से निपटने की हमारी दीर्घकालिक रणनीति का अहम हिस्सा है। जब सार्वजनिक परिवहन विश्वसनीय होगा, तो लोग निजी वाहनों का उपयोग कम करेंगे, जिससे सड़कों पर जाम की समस्या और वायु प्रदूषण में कमी आएगी।"

DUTF होगा वित्तीय मजबूती का स्तंभ

परिवहन परियोजनाओं को वित्तीय सहायता देने के लिए 'दिल्ली अर्बन ट्रांसपोर्ट फंड' (DUTF) का गठन भी प्रस्तावित है। यह फंड शहर की बढ़ती परिवहन जरूरतों के अनुसार दीर्घकालिक योजनाओं को साकार करने में मदद करेगा। यह पहल राष्ट्रीय शहरी परिवहन नीति 2006 के तहत प्रस्तावित एकीकृत महानगरीय परिवहन प्राधिकरण (UMTA) के मॉडल पर आधारित है।

DUMTA के मुख्य बिंदु:

  • शहरी परिवहन की एकीकृत योजना और प्रबंधन।
  • मेट्रो, बस और रेल सेवाओं का बेहतर समन्वय।
  • पारदर्शी और तर्कसंगत किराया संरचना का निर्माण।
  • सार्वजनिक परिवहन परियोजनाओं के लिए वित्तीय योजना (DUTF) का प्रबंधन।

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह विधेयक पारित होता है, तो यह दिल्ली के शहरी परिवहन शासन में एक मील का पत्थर साबित होगा, जो दिल्ली को एक आधुनिक और विश्व स्तरीय शहर बनाने में मदद करेगा। Delhi News

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