जन्मतिथि : बीसवीं सदी के 100 सबसे प्रभावशाली लोगों में शामिल था ब्रूस ली!
भारत
चेतना मंच
27 Nov 2021 04:54 AM
विनय संकोची
उनका जन्म सेन फ्रांसिस्को में हुआ। वह हांगकांग के सबसे प्रमुख बाल कलाकारों में एक थे। जब उनकी आयु 18 वर्ष हुई तब तक वह 20 फिल्में कर चुके थे। उन्हें महान चा - चा डांसर के रूप में भी ख्याति प्राप्त थी। उन्होंने 1958 में 'हांगकांग चा - चा डांस प्रतियोगिता' जीती थी। उनकी आखिरी फिल्म 'गेम्स ऑफ़ डेथ' थी, जिसमें उनके वास्तविक अंतिम संस्कार का दृश्य भी शामिल है। दृश्य में वह ताबूत के अंदर थे। अगर आप अभी भी उस महान शख्सियत को नहीं पहचान पाए, तो मैं आपको बताता हूं कि मैं विश्व के सबसे अच्छे मार्शल आर्टिस्ट और हांगकांग एवं अमेरिका के प्रसिद्ध अभिनेता, फिलॉस्फर, निर्माता, निर्देशक, पटकथा लेखक और जीत कुन डो मार्शल आर्ट के संस्थापक ब्रूस ली की बात कर रहा हूं। जिनका जन्म आज ही की तिथि 27 नवंबर 1940 को चाइना टाउन, सेन फ्रांसिस्को, कैलिफोर्निया, अमेरिका में हुआ था।
ब्रूस ली की राष्ट्रीयता चाइनीज और अमेरिकन थी। पिता का नाम ली होई चुएन और माता का नाम ग्रेस हो था, जो जर्मन थी। ब्रूस ली का परिवार संपन्न था लेकिन इसके बावजूद वह स्ट्रीट फाइट्स और गिरोह शत्रुता में शामिल रहते थे और ऐसा इसलिए था, क्योंकि यह दोनों ही गुण मार्शल आर्ट में ट्रेंड होने के लिए जरूरी था। उनके पहले शिक्षक उनके पिता ही थे। 13 वर्ष की आयु में उन्होंने विंग चुन का प्रशिक्षण शुरू किया। प्रशिक्षण के साथ पढ़ाई भी जारी थी। ब्रूस ली के माता-पिता उनके स्ट्रीट फाइट वाले हिंसक व्यवहार से परेशान रहते थे, इसके लिए उन्होंने हांगकांग छोड़ा। कुछ दिनों सेन फ्रांसिस्को में रहने के बाद ली सिएटल चले गए और पढ़ाई जारी रखी। एक रेस्तरां में वेटर का काम भी किया।
जब ब्रूसली मात्र 3 माह के थे, तब उन्होंने अपनी पहली फिल्म 'गोल्डन गेट गर्ल' की। 1959 से 1964 तक 18 - 20 फिल्में करने के बाद ली ने अभिनय छोड़ दिया और मार्शल आर्ट को अपना पेशा बनाया। ली ने कुंग फू शिक्षक के रूप में काम शुरू किया, उन्होंने सीएटल में ही अपना स्वयं का मार्शल आर्ट स्कूल खोला नाम रखा 'ली जुन फेन कुंग फू इंस्टीट्यूट'। 1964 में उन्होंने अपना कॉलेज छोड़ दिया और ऑकलैंड के प्रसिद्ध मार्शल आर्ट प्रशिक्षक जेम्स ली के साथ मिलकर एक स्कूल खोला, जिसका नाम रखा - जुन फेन मार्शल आर्ट स्टूडियो '। 1964 में ली ने 'लॉन्ग बीच इंटरनेशनल कराटे चैंपियनशिप' में हिस्सा लिया। जहां उन्हें '2- फिंगर पुश - अप और 'वन इंच पंच' ने बेहद लोकप्रिय बना दिया। इसके बाद ली की मुलाकात ताइक्वांडो मास्टर झूं गू री से हुई मुलाकात दोस्ती में बदली, जो दोनों कलाकारों के लिए फायदेमंद रही। लॉन्ग बीच कराटे चैंपियनशिप में उनके असाधारण प्रदर्शन के चलते ली हॉलीवुड निर्देशकों की नजरों में आ गए। व्यस्क ली ने अभिनय का नया कार्यकाल टीवी सीरीज 'द ग्रीन होर्नेट' में था। पहला सीजन 1967 से 1969 तक चला। 1972 में ली को एक फिल्म मिली जिसका नाम था - 'एंटर द ड्रैगन' जो 26 जुलाई 1973 को रिलीज होनी थी। इस फिल्म ने दुनिया भर में लगभग 200 मिलियन डालर की कमाई की ली की यह सबसे बड़ी सफलता थी।
20 जुलाई 1973 को रहस्यमय तरीके से ली की मौत हो गई। उनके मरने के बाद ली का नाम 'टाइम मैगजीन' की सूची में 'बीसवीं सदी के 100 सबसे प्रभावशाली लोगों' में शामिल किया गया।
ली कहा करते थे - 'एक बुद्धिमान व्यक्ति एक मूर्ख के सवाल से बहुत कुछ सीख सकता है, इसकी तुलना में एक मूर्ख एक बुद्धिमान के जवाब से कुछ भी नहीं सीख सकता।