बड़े पर्दे पर खुलेगी पाकिस्तानी आतंक की पोल, जल्द आएगी ‘ऑपरेशन सिंदूर’
भारतीय सिनेमा में इन दिनों सच्ची घटनाओं पर आधारित फिल्मों का दायरा तेजी से बढ़ रहा है। अब इसी सिलसिले में एक नई फिल्म ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चर्चा में आ गई है। इस फिल्म के लिए निर्माता भूषण कुमार और निर्देशक विवेक रंजन अग्निहोत्री ने हाथ मिलाया है।

Operation Sindoor : भारतीय सिनेमा में इन दिनों सच्ची घटनाओं पर आधारित फिल्मों का दायरा तेजी से बढ़ रहा है। अब इसी सिलसिले में एक नई फिल्म ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चर्चा में आ गई है। इस फिल्म के लिए निर्माता भूषण कुमार और निर्देशक विवेक रंजन अग्निहोत्री ने हाथ मिलाया है। मेकर्स इसे एक बड़े विजन वाला प्रोजेक्ट बता रहे हैं, जो सिर्फ सैन्य अभियान की कहानी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पाकिस्तान की परमाणु धमकियों और उससे जुड़े रणनीतिक पहलुओं को भी सामने लाने की कोशिश करेगा। बताया जा रहा है कि यह फिल्म के.जे.एस. ढिल्लों की चर्चित पुस्तक ‘ऑपरेशन सिंदूर: द अनटोल्ड स्टोरी ऑफ इंडियाज़ डीप स्ट्राइक इनसाइड पाकिस्तान पर आधारित होगी। इस किताब में उन गुप्त सैन्य कार्रवाइयों का उल्लेख है, जिनके बारे में आम लोगों के बीच बहुत कम जानकारी मौजूद है। फिल्म इन्हीं अनकहे पहलुओं को सिनेमाई रूप देने का प्रयास करेगी, ताकि दर्शकों के सामने एक ऐसी कहानी रखी जा सके जिसमें तथ्यात्मक आधार और प्रभावशाली प्रस्तुति, दोनों का संतुलन दिखाई दे।
पहलगाम आतंकी हमले के बाद की परिस्थितियों से प्रेरित बताई जा रही कहानी
फिल्म को लेकर जो शुरुआती जानकारियां सामने आई हैं, उनके अनुसार इसकी कहानी पहलगाम आतंकी हमले के बाद बने हालात से प्रेरणा लेती है। कहा जा रहा है कि इसमें भारतीय सशस्त्र बलों के अलग-अलग अंगों की भूमिका, उनकी रणनीतिक तैयारी और ऑपरेशनल सोच को विस्तार से दिखाया जाएगा। मेकर्स का दावा है कि प्रोजेक्ट पर गंभीर स्तर की रिसर्च की गई है और ज़मीनी सूचनाओं को भी इसमें शामिल करने की कोशिश की गई है, ताकि कथा अधिक विश्वसनीय और असरदार बन सके। इस फिल्म का निर्देशन ‘द कश्मीर फाइल्स’ के निर्देशक विवेक रंजन अग्निहोत्री करेंगे। वहीं इसे टी-सीरीज और विवेक अग्निहोत्री के बैनर के तहत तैयार किया जाएगा। ऐसे में यह साफ है कि फिल्म को बड़े स्तर पर पेश करने की तैयारी की जा रही है।
किताब से पर्दे तक पहुंचेगी अनकही सैन्य कहानी
‘ऑपरेशन सिंदूर’ को केवल एक कमर्शियल फिल्म के रूप में नहीं देखा जा रहा, बल्कि इसे एक ऐसे सिनेमाई दस्तावेज़ के रूप में पेश करने की कोशिश है, जो उन घटनाओं पर रोशनी डालेगा जिन पर अब तक बहुत कम चर्चा हुई है। चूंकि फिल्म की नींव एक पुस्तक पर रखी गई है, इसलिए उम्मीद की जा रही है कि इसमें कहानी कहने के साथ-साथ घटनाओं का संदर्भ और गंभीरता भी बनी रहेगी। विवेक अग्निहोत्री इससे पहले भी संवेदनशील और विवादित माने जाने वाले विषयों को बड़े पर्दे पर ला चुके हैं। ऐसे में इस फिल्म से भी एक गंभीर, तीखी और बहस को जन्म देने वाली प्रस्तुति की उम्मीद की जा रही है। दूसरी ओर, भूषण कुमार की प्रोडक्शन क्षमता इस परियोजना को तकनीकी और व्यावसायिक स्तर पर मजबूती दे सकती है।’ फिल्म के विषय को लेकर मेकर्स का कहना है कि यह महज जोशीले राष्ट्रवाद पर आधारित कहानी नहीं होगी। उनका दावा है कि फिल्म का मकसद तथ्यों के आधार पर उन सच्चाइयों को सामने लाना है, जिन पर अब तक पर्याप्त चर्चा नहीं हुई। उनके मुताबिक यह प्रोजेक्ट शोर पैदा करने के लिए नहीं, बल्कि जिम्मेदारी और स्पष्टता के साथ सच को दर्शकों के सामने रखने के इरादे से बनाया जा रहा है। Operation Sindoor
Operation Sindoor : भारतीय सिनेमा में इन दिनों सच्ची घटनाओं पर आधारित फिल्मों का दायरा तेजी से बढ़ रहा है। अब इसी सिलसिले में एक नई फिल्म ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चर्चा में आ गई है। इस फिल्म के लिए निर्माता भूषण कुमार और निर्देशक विवेक रंजन अग्निहोत्री ने हाथ मिलाया है। मेकर्स इसे एक बड़े विजन वाला प्रोजेक्ट बता रहे हैं, जो सिर्फ सैन्य अभियान की कहानी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पाकिस्तान की परमाणु धमकियों और उससे जुड़े रणनीतिक पहलुओं को भी सामने लाने की कोशिश करेगा। बताया जा रहा है कि यह फिल्म के.जे.एस. ढिल्लों की चर्चित पुस्तक ‘ऑपरेशन सिंदूर: द अनटोल्ड स्टोरी ऑफ इंडियाज़ डीप स्ट्राइक इनसाइड पाकिस्तान पर आधारित होगी। इस किताब में उन गुप्त सैन्य कार्रवाइयों का उल्लेख है, जिनके बारे में आम लोगों के बीच बहुत कम जानकारी मौजूद है। फिल्म इन्हीं अनकहे पहलुओं को सिनेमाई रूप देने का प्रयास करेगी, ताकि दर्शकों के सामने एक ऐसी कहानी रखी जा सके जिसमें तथ्यात्मक आधार और प्रभावशाली प्रस्तुति, दोनों का संतुलन दिखाई दे।
पहलगाम आतंकी हमले के बाद की परिस्थितियों से प्रेरित बताई जा रही कहानी
फिल्म को लेकर जो शुरुआती जानकारियां सामने आई हैं, उनके अनुसार इसकी कहानी पहलगाम आतंकी हमले के बाद बने हालात से प्रेरणा लेती है। कहा जा रहा है कि इसमें भारतीय सशस्त्र बलों के अलग-अलग अंगों की भूमिका, उनकी रणनीतिक तैयारी और ऑपरेशनल सोच को विस्तार से दिखाया जाएगा। मेकर्स का दावा है कि प्रोजेक्ट पर गंभीर स्तर की रिसर्च की गई है और ज़मीनी सूचनाओं को भी इसमें शामिल करने की कोशिश की गई है, ताकि कथा अधिक विश्वसनीय और असरदार बन सके। इस फिल्म का निर्देशन ‘द कश्मीर फाइल्स’ के निर्देशक विवेक रंजन अग्निहोत्री करेंगे। वहीं इसे टी-सीरीज और विवेक अग्निहोत्री के बैनर के तहत तैयार किया जाएगा। ऐसे में यह साफ है कि फिल्म को बड़े स्तर पर पेश करने की तैयारी की जा रही है।
किताब से पर्दे तक पहुंचेगी अनकही सैन्य कहानी
‘ऑपरेशन सिंदूर’ को केवल एक कमर्शियल फिल्म के रूप में नहीं देखा जा रहा, बल्कि इसे एक ऐसे सिनेमाई दस्तावेज़ के रूप में पेश करने की कोशिश है, जो उन घटनाओं पर रोशनी डालेगा जिन पर अब तक बहुत कम चर्चा हुई है। चूंकि फिल्म की नींव एक पुस्तक पर रखी गई है, इसलिए उम्मीद की जा रही है कि इसमें कहानी कहने के साथ-साथ घटनाओं का संदर्भ और गंभीरता भी बनी रहेगी। विवेक अग्निहोत्री इससे पहले भी संवेदनशील और विवादित माने जाने वाले विषयों को बड़े पर्दे पर ला चुके हैं। ऐसे में इस फिल्म से भी एक गंभीर, तीखी और बहस को जन्म देने वाली प्रस्तुति की उम्मीद की जा रही है। दूसरी ओर, भूषण कुमार की प्रोडक्शन क्षमता इस परियोजना को तकनीकी और व्यावसायिक स्तर पर मजबूती दे सकती है।’ फिल्म के विषय को लेकर मेकर्स का कहना है कि यह महज जोशीले राष्ट्रवाद पर आधारित कहानी नहीं होगी। उनका दावा है कि फिल्म का मकसद तथ्यों के आधार पर उन सच्चाइयों को सामने लाना है, जिन पर अब तक पर्याप्त चर्चा नहीं हुई। उनके मुताबिक यह प्रोजेक्ट शोर पैदा करने के लिए नहीं, बल्कि जिम्मेदारी और स्पष्टता के साथ सच को दर्शकों के सामने रखने के इरादे से बनाया जा रहा है। Operation Sindoor












