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Shilpa Shinde: शिल्पा शिंदे ने हाल ही में कॉमेडियन भारती सिंह और हर्ष लिंबाचिया के पॉडकास्ट में अपने पुराने विवाद पर बात की। बातचीत के दौरान उन्होंने बताया कि उन्होंने साल 2017 में अपने शो 'भाबीजी घर पर हैं!' के निर्माता संजय कोहली के खिलाफ जो यौन उत्पीड़न का मामला दर्ज कराया था वह सच नहीं था।

Shilpa Shinde Controversy: टीवी की मशहूर अभिनेत्री शिल्पा शिंदे एक बार फिर सुर्खियों में हैं लेकिन इस बार वजह कोई नया शो या प्रोजेक्ट नहीं बल्कि उनका एक ऐसा बयान है जिसने पूरे मनोरंजन जगत में बहस छेड़ दी है। हाल ही में एक पॉडकास्ट में शिल्पा शिंदे ने अपने पुराने विवाद को लेकर ऐसा खुलासा किया जिसके बाद सोशल मीडिया से लेकर फिल्म और टीवी इंडस्ट्री तक हर जगह उनकी चर्चा होने लगी। अब मामला इतना बढ़ गया है कि ऑल इंडियन सिने वर्कर्स एसोसिएशन (AICWA) ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से इस मामले में जांच और कार्रवाई की मांग कर दी है।
शिल्पा शिंदे ने हाल ही में कॉमेडियन भारती सिंह और हर्ष लिंबाचिया के पॉडकास्ट में अपने पुराने विवाद पर बात की। बातचीत के दौरान उन्होंने बताया कि उन्होंने साल 2017 में अपने शो 'भाबीजी घर पर हैं!' के निर्माता संजय कोहली के खिलाफ जो यौन उत्पीड़न का मामला दर्ज कराया था वह सच नहीं था। उनके इस बयान के सामने आते ही सोशल मीडिया पर बहस शुरू हो गई। कई लोगों ने इस बयान को गंभीर माना और सवाल उठाने शुरू कर दिए कि अगर आरोप झूठे थे तो फिर उस समय मामला दर्ज क्यों कराया गया था। वहीं कुछ लोग यह भी कह रहे हैं कि इतने साल बाद इस तरह का खुलासा कई नए सवाल खड़े करता है।
मामले ने तब और तूल पकड़ लिया जब ऑल इंडियन सिने वर्कर्स एसोसिएशन ने इस पर आधिकारिक प्रतिक्रिया दी। संगठन ने एक बयान जारी कर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मामले की निष्पक्ष जांच कराने की अपील की। AICWA का कहना है कि, यदि किसी व्यक्ति द्वारा जानबूझकर झूठे आरोप लगाए गए हों तो इसकी गंभीरता को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। संगठन का मानना है कि ऐसे मामलों से न केवल आरोप झेलने वाले व्यक्ति को नुकसान होता है बल्कि उन लोगों की आवाज भी कमजोर पड़ती है जो वास्तव में न्याय की उम्मीद लेकर सामने आते हैं।
मनोरंजन जगत में इस पूरे मामले को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कई लोगों का मानना है कि इस तरह के बयान भविष्य में वास्तविक पीड़ितों के लिए मुश्किलें बढ़ा सकते हैं। जब कोई चर्चित व्यक्ति इस तरह का दावा करता है तो समाज में ऐसे मामलों को लेकर संदेह पैदा होने का खतरा बढ़ जाता है। यही वजह है कि AICWA ने अपने बयान में यह भी स्पष्ट किया कि किसी एक मामले के आधार पर सभी शिकायतों को गलत नहीं माना जा सकता। इंडस्ट्री में कई महिलाएं वास्तव में उत्पीड़न का सामना करती हैं और उन्हें न्याय मिलना बेहद जरूरी है।
यह पूरा विवाद आज का नहीं है। साल 2016 में शिल्पा शिंदे ने लोकप्रिय टीवी शो 'भाबीजी घर पर हैं!' छोड़ दिया था। उस समय शो छोड़ने को लेकर मेकर्स और शिल्पा के बीच विवाद सामने आया था। इसके बाद दोनों पक्षों की ओर से कई आरोप-प्रत्यारोप लगाए गए। शिल्पा ने बकाया भुगतान, कार्यस्थल का माहौल और अन्य मुद्दों को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की थी। बाद में मामला और गंभीर हो गया जब उन्होंने निर्माता संजय कोहली के खिलाफ यौन उत्पीड़न का केस दर्ज कराया। हालांकि बाद में दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया था और मामला शांत हो गया।
हालिया पॉडकास्ट में शिल्पा शिंदे ने कहा कि उस समय वह बेहद तनाव में थीं और उनके पास कोई दूसरा रास्ता नहीं बचा था। उन्होंने स्वीकार किया कि जो आरोप लगाए गए थे वे सही नहीं थे। उनके इस बयान ने पूरे मामले को फिर से चर्चा में ला दिया। यही कबूलनामा अब उनके लिए मुश्किलों का कारण बनता दिखाई दे रहा है। सोशल मीडिया पर लोग उनके पुराने और नए बयानों की तुलना कर रहे हैं और कई तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
इस मामले के सामने आने के बाद कई चर्चित हस्तियों ने भी अपनी राय रखी है। अभिनेत्री पूजा बेदी, हिना खान और फिल्ममेकर अशोक पंडित समेत कई लोगों ने इस मुद्दे पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। कुछ लोगों ने इसे बेहद गंभीर मामला बताते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग की है। इसके अलावा पुरुष अधिकारों से जुड़े कुछ संगठनों ने भी इस पूरे मामले में हस्तक्षेप करते हुए शिल्पा शिंदे के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई है।
फिलहाल यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और सभी की नजर इस बात पर है कि महाराष्ट्र सरकार या संबंधित एजेंसियां इस पर क्या कदम उठाती हैं। AICWA ने जांच की मांग की है लेकिन किसी भी कार्रवाई को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक फैसला सामने नहीं आया है।
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