Recession- विश्व बैंक द्वारा जताई गई साल 2023 में वैश्विक मंदी की आशंका, कुछ पक्षों में भारत मजबूत
भारत
चेतना मंच
02 Dec 2025 03:06 AM
Recession in World- बीते कुछ साल वैश्विक दृष्टि से कुछ खास नहीं रहे। कभी कोरोना वायरस महामारी का प्रकोप रहा तो कभी यूक्रेन- रूस युद्ध ने तबाही मचा दी। ऐसे में आर्थिक रूप से अगर देखा जाए तो अगले साल 2023 में वैश्विक विकास और धीमी गति से होने की आशंका है। बीते मंगलवार को आईएमएफ ने अपने पूर्वानुमानों को को डाउनग्रेड करते हुए ये बात कही।
कोरोना वायरस और यूक्रेन- रूस युद्ध ने विश्व की अर्थव्यवस्था को बहुत बड़े झटके दिए हैं। इनके बाद से दुनियाभर में ऊर्जा और खाद की कीमतों में बढ़ोतरी हो रही है। इसी के चलते हर तरफ ब्याज दरों में और लागत में बढ़ोतरी हो रही है।
वैश्विक आर्थिक मंदी के बीच भी भारत है मजबूत
दुनिया की बढ़ती मंदी (Recession) के बीच भी ये खबर सामने आ रही है कि भारत मंदी के दिनों में भी मजबूत रहने वाला है। आईएमएफ ने वित्त वर्ष 2022/23 के लिए देश की Economic growth rate को 6.8 फीसदी तक घटा दिया है। दुनियाभर में भले ही मंदी (Recession) का साया मंडरा रहा है लेकिन इन सबके बीच भारत का प्रदर्शन सराहनीय है और भारत बहुत मजबूती से वैश्विक आर्थिक मंदी का सामना करने वाला है। अगर आर्थिक वृद्धि दर हम देखें तो भारत इस मामले में चीन को भी पछाड़ चुका है और बहुत आगे निकल चुका है। 2021 और 2022 में चीन की GDP growth 8.1 फीसदी से गिरकर 3.2 फीसदी पर आ गई है। वहीं अब ये अनुमान लगाया जा रहा है कि 2023 में चीन की वृद्धि दर 4.4 फीसदी रहने वाली है। वहीं अगर 2023 में भारत की वृद्धि दर की अगर बात करें तो ये 6.1 फीसदी रहेगी। आर्थिक मंदी (Economical Recession) के संकट के समय में भी भारत चीन की तुलना में काफी मजबूत है।।