Barahi Mela Surajpur: आठवें दिन भी बाराही मेले में धमाल रहा
भारत
RP Raghuvanshi
23 Apr 2022 05:11 PM
Greater Noida : ग्रेटर नोएडा । सूरजपुर में चल रहे बाराही मेला के आठवें दिन राधे स्नेह पब्लिक स्कूल सूरजपुर के नन्हें मुन्हों ने- बंशी बजेगी घनश्याम राधा नाचेगीं जरूर और राजस्थानी लोक नृत्य पर बेहतर प्रस्तुति दी। जब कि नटराज डांस एकेडमी की नन्ही कलाकार जानशी ने नृत्य की प्रस्तुति देते हुए दर्शकों का दिल जीत लिया। शिव मंदिर मेला समिति के अध्यक्ष चौधरी धर्मपाल प्रधान, महासचिव ओमवीर बैंसला, कोषाध्यक्ष लक्ष्मण सिंघल, मीडिया प्रभारी मूलचंद शर्मा, संरक्षक टेकचंद प्रधान, वरिष्ठ उपाध्यक्ष बिजेंद्र ठेकेदार ने इन नन्हे मुन्हें कलाकारों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
रात्रिकालीन कार्यक्रमों की शुरूआत सरस्वती वंदना और आरती के साथ हुई। रागनियों के रंगारंग कार्यक्रमों में ज्ञानेंद्र सरदाना,पूजा शर्मा और जगमोहन सरदाना आदि कलाकारों की रागनियों की धूम रही। जगमोहन सरदाना की रागनी- धन की इज्जत बनिया ही जाने, धागे की इज्जत बहना ही जाने, बांधे राखी कलाई में, भाई की इज्जत भाई जाने।। से पूरा प्रांगण तालियों की गडगडाहट से गूंज उठा। देवेंद्र चौधरी ने- लाड करे तो बेटा बिगडे.........प्रस्तुत की। ज्ञानेंद्र सरदाना ने शिव मंदिर मेला समिति महासचिव ओवीर बैंसला द्वारा लिखे गए भजन-- हम संतान ऋषि मुनियों की, मिल आदर सत्कार गया, सूरजगढ का बना सूरजपुर, मिल सारा आधार गया प्रस्तुत किया। सविता चौधरी और देवेंद्र चौधरी ने पूरमल के किस्से से रागनी प्रस्तुत करते हुए जमकर तालियां बटोरीं। ज्ञानेंद्र सरदाना ने रानी पदमावत के किस्से से रागनी प्रस्तुत करते हुए जमकर वाहवाही लूटी। पूजा शर्मा ने नंद भाभी के प्रंसग से-- ससुराल नही जाउंगी, उस घर में चार शराबी, मुझे मत भेजना भाभी। रसिया प्रस्तुत कर माहौल को खुशनुमा बना दिया। ज्ञानेंद्र सरदाना ने श्रोताओं की मांग पर-- सूरज ने ली मांग रोशनी, रजनी चंदा तारों ने, बेटा बहू ने मांग लिया, जान मांग ली यारों ने रागनी प्रस्तुत करते हुए लोगांं का दिल जीत लिया। वहीं कोमल चौधरी और आरती सिंह ने नृत्य प्रस्तूत करते हुए जमकर धमाल मचाया। अंत में ज्ञानेंद्र सरदाना और उनके साथी कलाकारों को शिव मंदिर सेवा समिति के कोषाध्यक्ष लक्ष्मण सिंघल, सदस्य विनोद पंडित तेल वाले, सतपाल ठेकेदार देवला और मौहम्मद इल्यास-'दनकौरीÓ पत्रकार ने स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। सतपाल ठेकेदार देवला ने बाराही मंदिर निमार्ण के लिए 3100 रूपये देने की घोषण की।