
Greater Noida: जनपद गौतमबुद्ध नगर के एक थाने में तैनात दरोगा को मेरठ की एंटी करप्शन यूनिट ने 4 लाख रूपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। चोरी के एक मामले की विवेचना कर रहे दरोगा ने पीडि़त से 4 लाख रुपए की रिश्वत मांगी थी। पीडि़त ने इसकी शिकायत मेरठ की एंटी करप्शन यूनिट से की थी। शिकायत के बाद एंटी करप्शन की टीम ने जाल बिछाकर दरोगा को धर दबोचा।
मेरठ की एंटी करप्शन यूनिट को सूचना मिली थी कि थाना ईकोटेक वन में तैनात दरोगा गुलाब सिंह चोरी के एक मामले की विवेचना कर रहा है। दरोगा गुलाब पीडि़त पक्ष से 4 लाख रुपए रिश्वत की मांग कर रहा है। शिकायत के आधार पर एंटी करप्शन यूनिट ने अपना जाल बिछाया और पीडि़त को 4 लाख रुपए लेकर दरोगा के पास भेजा। दरोगा गुलाब सिंह ग्रेटर नोएडा में एलजी गोल चक्कर के पास स्थित रोहन मोटर्स के सामने शिकायतकर्ता से मिला जैसे ही उसने रिश्वत के रूपये पकड़े वैसे ही एंटी करप्शन की टीम ने उसे रंगे हाथों धरदबोचा।
पकड़ा गया दरोगा गुलाब सिंह 2019 बैच का सब इंस्पेक्टर है और अंडर ट्रेनी थाना इकोटेक 1 में तैनात है। दरोगा गुलाब सिंह गौतमबुद्घ विश्वविद्यालय (जीबीयू) केंपस में रह रहा था। एंटी करप्शन यूनिट ने उसके आवास की भी तलाशी ली है।
बता दें कि उप्र के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सिंह करप्शन पर जीरो टोलरेंस पॉलिसी पर काम कर रहे हैं। उन्हीं के निर्देशन पर पूरे प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इस गिरफ्तारी को भी उसी अभियान का हिस्सा माना जा रहा है। इस घटना का पता चलने के बाद लोग कह रहे हैं कि यह तो हद ही हो गई। अभी तो इस दरोगा की ट्रेनिंग भी पूरी नहीं हुई थी और अभी से रिश्वत के नाम पर डकैती ही डालनी शुरू कर दी।