Noida News: नोएडा उत्तर प्रदेश का प्रसिद्ध शहर है। हर कोई नोएडा के विषय में जानना चाहता है। यहां नोएडा के प्रतिदिन के सभी समाचार अखबारों के हवाले से हम समाचार प्रकाशित करते हैं। नोएडा शहर से प्रकाशित होने वाले समाचार पत्रों में 19 मार्च को क्या खास समाचार प्रकाशित हुए हैं यहां एक साथ पढऩे को मिलेंगे।
Noida News: समाचार अमर उजाला से
अमर उजाला अखबार ने अपने नोएडा संस्करण में मुख्य समाचार “ खाद्य विभाग ने कुट्टू का 400 किलो आटा सीज किया ” शीर्षक से प्रकाशित किया है। इस समाचार में बताया गया है कि नवरात्र से पहले ही बाजार में मिलावटी या खतरनाक खाद्य पदार्थ आ गए हैं। व्रत में इनका इस्तेमाल करने से पहले कुछ सावधानी जरूर बरते हैं क्योंकि खाद्य विभाग ने बुधवार को ही कुलेसरा गांव से कुट्टू का 400 किलो आटा सीज किया है। इसका पैकेट खुला था। विक्रेताओं के पास गुणवत्ता की कोई जानकारी भी नहीं थी। टीम ने अन्य जगहों से जांच के बाद कुट्टू और सिंघाड़े के आटे के सात नमूने भी लिए। सहायक आयुक्त द्वितीय खाद्य सर्वेश मिश्रा ने बताया कि चैत्र नवरात्र के मद्देनजर खाद्य पदार्थों की जांच के लिए अभियान चलाया गया है। पहले दिन 8 टीमों ने अलग-अलग जगहों पर जांच की। खाद्य सुरक्षा अधिकारी मुकेश कुमार और विजय बहादुर पटेल की टीम को कुलेसरा में संतोष ट्रेडर्स के यहां जांच के दौरान कुट्ट का 240 किलो आटा खुला मिला। उसे खरीदने का कोई बिल भी नहीं था। निर्माण होने के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। इतना ही नहीं 250 ग्राम के 244 पैकेट भी मिले जिन पर निर्माण तिथि व बैच नंबर नहीं थे। ऐसे में दोनों का एक-एक नमूना लेकर बाकी आटे को सीज कर दिया गया। इसके अलावा मुस्कान ट्रेडर्स से कुट्टू का 70 किग्रा आटा खुला मिला। उसका भी बिल और निर्माण तिथि की जानकारी नहीं मिली जबकि 250 के 145 पैकेट पर निर्माण व बैच नंबर की जानकारी नहीं थी। यहां से भी एक-एक नमूना लेने के बाद बाकी आटे को सीज कर दिया गया। उन्होंने बताया कि दोनों जगह से कुल 400 किग्रा आटा सीज किया गया है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी ओपी सिंह व एसके पांडेय की टीम ने नोएडा के सेक्टर 49 स्थित श्री श्याम डीएसबी फुलफिलमेंट सॉल्यूशन से कुटू आटा और सिंघाड़े के आटे का एक-एक नमूना लिया गया है। कुल 7 नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है।
……………………
Noida News:
अमर उजाला अखबार ने अपने नोएडा संस्करण में मुख्य समाचार “खेलते-खेलते तालाब में समा गया मासूम, मौत” शीर्षक से प्रकाशित किया है। इस समाचार में बताया गया है कि बादलपुर कोतवाली क्षेत्र की प्रीत विहार कॉलोनी में लापरवाही और अव्यवस्था ने एक मासूम की जिंदगी छीन ली। घरों से निकलने वाला गंदा पानी लंबे समय से एक खाली जगह पर जमा हो रहा था, जो अब एक छोटे तालाब का रूप ले चुका था। इसी पानी में बुधवार को खेलते-खेलते पांच वर्षीय मासूम की डूबकर मौत हो गई। घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और कॉलोनी के लोग भी इस हादसे से स्तब्ध हैं। प्रभारी निरीक्षक अमित कुमार ने बताया कि बादलपुर कोतवाली क्षेत्र के प्रीत विहार कॉलोनी में उमेश कुमार परिवार के साथ रहते हैं। वह मूलत रामपुर के रहने वाले हैं। ई-रिक्शा चलाकर परिवार का पालन पोषण करते हैं। उनका करीब 5 वर्षीय बच्चा देव छपरौला गांव स्थित बीएसआर मॉडर्न स्कूल में नर्सरी का छात्र था। वह रोजमर्रा की तरह बुधवार को दोपहर के समय स्कूल से घर आया था। घर से खेलने के लिए बाहर निकल गया। घर से कुछ ही दूरी पर कॉलोनी से निकलने वाला पानी एक स्थान पर एकत्र था। खेलते-खेलते पानी के पास पहुंच गया। जिससे बच्चे का पैर फिसलने के चलते पानी में गिर गया। पानी में गिरने पर वह डूब गया। जब काफी देर तक घर नहीं पहुंचा तो देव की माता घर के बाहर देखने के लिए निकली। तब तक वहां खेल रहे बच्चे डूबने का शोर मचा रहे थे। शोर सुनकर आसपास के लोग वहां पहुंचे। बच्चे को पानी से बाहर निकाला गया। तत्काल बच्चे को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया। जहां पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। कॉलोनी में आसपास के लोगों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। सूचना पाकर पुलिस भी पहुंच गई। मृतक बच्चे के पिता को घटना की सूचना दी गई। सूचना पाकर पिता उमेश कुमार भी पहुंच गए। पुलिस व आसपास के लोगों ने परिजनों का ढांढस बंधाया। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
Hindi News:
अमर उजाला ने 19 मार्च 2026 के अंक में प्रमुख समाचार “दादरी में 3970 करोड़ से चार साल में बदली सूरत” शीर्षक से प्रकाशित किया है। इस समाचार में बताया गया है कि दादरी विधानसभा क्षेत्र में चार साल में करीब 3970 करोड़ रुपये के विकास कार्य कराए गए हैं। इसमें सड़क, पुल बनाने से लेकर शिक्षा, खेल, स्वास्थ्य सुविधाओं की बेहतरी के कार्य शामिल हैं। पांचवे साल में अब 100 बेड का सरकारी मल्टीस्पेशियलिटी अस्पताल और मिनी स्टेडियम का काम भी शुरू होगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद एक कार्यक्रम में जिन पांच कामों की घोषणा किए थे। उनमें से एक मिनी स्टेडियम लंबित था जिसकी अब जमीन खेल विभाग को मिल गई है जिससे निर्माण शुरू हो सके। बुधवार को ग्रेटर नोएडा में प्रेसवार्ता में कर दादरी विधायक तेजपाल नागर ने अपने पिछले चार साल के कामों का लेखाजोखा साझा किया। उन्होंने कहा कि फ्लैट खरीदारों के विवाद निबटाने से लेकर सार्वजनिक परिवहन को बेहतर करने की दिशा में काम हुआ है। मेट्रो सेवा ग्रेनो वेस्ट तक पहुंचे। इसके लिए प्रदेश सरकार से बजट स्वीकृत है। जल्दी ही केंद्र की मंजूरी के बाद इस पर काम शुरू होने की उम्मीद है। इससे पहले सिटी बसों का संचालन शुरू हो जाएगा। बसों की खरीद हो गई है। इसका सबसे बड़ा फायदा ग्रेटर नोएडा और ग्रेनो वेस्ट के निवासियों को ही मिलेगा।
Noida News: समाचार दैनिक जागरण से
दैनिक जागरण के नोएडा संस्करण में 19 मार्च 2026 का प्रमुख समाचार “आंधी-वर्षा से गिरा पारा, एक घंटे बिजली गुल” शीर्षक से प्रकाशित किया गया है। इस समाचार में बताया गया है कि पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से बुधवार की शाम करीब छह बजे आसमान में काले बादल छा गए। तेज हवाओं के साथ लगभग 45 मिनट तक बूंदाबांदी व वर्षा से गर्मी से लोगों को राहत मिली। बृहस्पतिवार व शुक्रवार को भी तेज हवा के साथ बूंदाबांदी के आसार मौसम विभाग ने जताए हैं। बुधवार शाम 30 से 50 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं। इससे यातायात थोड़ा प्रभावित हुआ। नोएडा में मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया। उधर, तेज हवाओं की वजह से सेक्टर 62, 18, ग्रेटर नोएडा वेस्ट, सेक्टर-71, 75 समेत कई क्षेत्रों में करीब एक घंटे तक बिजली गुल रही। पेड़ की टहनियां गिरने और केबल फाल्ट होने के चलते विद्युत निगम टीमें तुरंत सक्रिय हुईं। बुधवार को शहर का अधिकतम तापमान 31 व न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। एक सप्ताह तक अधिकतम तापमान में करीब तीन व न्यूनतम में दो डिग्री सेल्सियस की कुमी दर्ज हो सकती है।
दैनिक जागरण के नोएडा संस्करण में प्रमुख समाचार “जिले में 47,225 सिलिंडर का स्टाक, बिके 22,930” शीर्षक से प्रकाशित किया गया है। इस समाचार में बताया गया है कि एलपीजी सिलिंडर की किल्लत के बीच जिला पूर्ति विभाग ने दावा किया है कि जिले में रसोई गैस सिलिंडर का पर्याप्त स्टाक मौजूद है। बुधवार को 47,225 के स्टाक में से 22,930 सिलिंडर ही बिके। बाकी 24,295 सिलिंडर अब भी स्टाक में मौजूद हैं। जिला प्रभारी पूर्ति अधिकारी स्मृति गौतम का कहना है कि जिले में घरेलू एलपीजी सिलिंडर का स्टाप पर्याप्त है। उपभोक्ताओं से अपील की है कि अफवाह पर ध्यान न दें, जिले में आपूर्ति की किल्लत नहीं हैं। नियम के मुताबिक 25 और 30 दिनों के अंतराल पर बुकिंग के बाद आसानी से उपभोक्ताओं को सिलिंडर की डिलीवरी दी जा रही है। अगले सप्ताह से उद्योगों को भी कमर्शियल सिलिंडर की आपूर्ति देने की संभावना है। दूसरी तरफ सिलिंडर किल्लत के कारण पारंपरिक चूल्हों के बाजार को चमका दिया है। पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध और हार्मुज जलडमरूमध्य में शिपिंग व्यवधान के कारण एलपीजी सिलिंडर की आपूर्ति प्रभावित हुई है, जिसका असर ग्रेटर नोएडा के बाजारों और घरों पर साफ दिख रहा है। लोग अब लकड़ी और कोयले वाले पुराने चूल्हों की ओर लौट रहे हैं, जिससे इनकी मांग में अचानक उछाल आ गया है। स्थानीय बाजारों में छोटे-छोटे कोयला संचालित चूल्हे 500 से 600 रुपये में बिक रहे हैं। पहले जहां ऐसे चूल्हे मुश्किल से दिखते थे, अब दुकानदारों के पास इनकी कतार लगी है। इसी तरह लकड़ी और कोयले के दाम भी आसमान छू रहे हैं। फुटकर बाजार में कोयले की कीमत 60 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है, जबकि सिलिंडर किल्लत से पहले यह महज 30 रुपये के आसपास था।
दैनिक जागरण के नोएडा संस्करण में 19 मार्च का प्रमुख समाचार “600 मीट्रिक टन कचरे का निस्तारण कर बनेगी कंप्रेस्ड बायो गैस” शीर्षक से प्रकाशित किया गया है। इस समाचार में बताया गया है कि शहर के 600 मीट्रिक टन कचरे का निस्तारण कर कंप्रेस्ड बायो गैस (सीबीजी) व आडीएफ (रिफ्यूज डिराइव्ड फ्यूल) बनेगा। इस प्लांट के बनने तक शहर से निकलने वाले कचरे का निस्तारण ग्रेटर नोएडा स्थित अस्तौली में होगा। अस्तौली में ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण कंचरा निस्तारण को दो प्लांट को लगा रहा है। प्राधिकरण सीईओ कृष्णा करुणेश ने बताया कि प्लांट निर्माण में नोएडा प्राधिकरण स्वयं पैसा खर्च नहीं करेगा। इसके लिए आरएफपी (रिक्वेस्ट फार प्रपोजल) जारी होगा। जो कंपनी इस प्लांट का निर्माण करेगी, उसकी जिम्मेदारी कूड़ा उठान से निवारण तक की होगी। इसमें चयनित कंपनी यहां प्लांट लगाएगी। वहीं, सेक्टर-145 में जमा करीब सात लाख टन कूड़े के निस्तारण के लिए कंपनी का चयन किया गया है। जल्द ही यहां भी कूड़ा निस्तारण का काम शुरू होगा। नोएडा प्राधिकरण क्षेत्र में उत्पादन होने वाले कचरे का निस्तारण स्वयं करने के लिए प्रयासरत है।
Noida News: