ग्रेनो की इंडस्ट्रियल टाउनशिप में पांच और कंपनियों को मिले भूखंड
Greater Noida News
भारत
चेतना मंच
27 Nov 2025 08:05 AM
Greater Noida News : दिल्ली-मुंबई इंडस्ट्रियल कॉरिडोर (डीएमआईसी) के तहत विकसित की जा रही ग्रेटर नोएडा की इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल टाउनशिप (आईआईटीजीएनएल) में उद्योगों की आमद लगातार बढ़ रही है। हाल ही में कोरियन कंपनी जीकेएस डिजिटल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड समेत पांच नई कंपनियों को भूखंड आवंटित किए गए हैं।
25 हजार से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होने की संभावना
इसके साथ ही टाउनशिप में अब तक कुल 29 कंपनियों को जमीन दी जा चुकी है, जिससे 10 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निवेश और 25 हजार से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होने की संभावना है। पांच कंपनियों को भूखंड आवंटित होने से 726 करोड़ रुपये के निवेश और 4000 से अधिक रोजगार का दावा किया गया है। वर्ष 2025 में सात कंपनियों को भूखंड का आवंटन किया जा चुका है। प्राधिकरण द्वारा विकसित की जा रही यह टाउनशिप 750 एकड़ में फैली है, जिसमें औद्योगिक और आवासीय दोनों सुविधाएं एक ही परिसर में दी जा रही हैं। उद्योगों के लिए आरक्षित 42 भूखंडों में से 29 पहले ही आवंटित हो चुके हैं, और शेष 13 भूखंडों के लिए प्रक्रिया अंतिम चरण में है। टाउनशिप में हायर इलेक्ट्रॉनिक्स, जे वर्ल्ड इलेक्ट्रॉनिक्स, फार्मे मोबाइल, और चेनफेंग जैसी विदेशी कंपनियां पहले ही उत्पादन शुरू कर चुकी हैं।
1 साल में 13 अन्य कंपनियों का उत्पादन होगा शुरू
अगले एक साल में 13 अन्य कंपनियों का उत्पादन शुरू हो जाएगा। वर्ष 2025 में जनवरी से लेकर अब तक सोनालिका इंटरनेशनल ट्रैक्टर्स, भीषामैक्स इंडस्ट्रीज एलएलपी, एएनडी हाईटेक इंडस्ट्रीज, जीकेएस डिजिटल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, डीएस एनएक्सट जेन प्राइवेट लिमिटेड, बौती डीएलएम, नेपच्यून एनर्जी आदि कंपनियों को भूखंड आवंटित किए। इसके अलावा कई अन्य कंपनियों ने निवेश करने की इच्छा जताई है। अधिकारियों के अनुसार ट्रैक्टर व अन्य कृषि उपकरण निर्माता कंपनी सोनालिका टाउनशिप में अपना अनुसंधान और विकास केंद्र स्थापित करेगी। कृषि में उपयोग होने वाले ई-वाहन और उपकरणों की संभावनाओं पर भी काम करेंगी।
देश की सबसे स्मार्ट टाउनशिप
यह देश की सबसे स्मार्ट टाउनशिप में से एक है। इसमें आॅटोमेटेड वेस्ट प्लांट लगाया गया है। हर भूखंड से पाइप के जरिये कूड़ा प्लांट तक पहुंचेगा जो खाद में बदल जाएगा। पेयजल को छोड़कर शेष जरूरत कासना स्थित 137 एमएलडी सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट से शोधित पानी से पूरी होगी। इस टाउनशिप में उद्यमी प्लांट लगाकर काम शुरू कर सकेंगे। यहां डीजल-पेट्रोल के वाहनों का प्रयोग नहीं होगा। 24 घंटे बिजली, एलईडी लाइट जैसी सुविधाएं मिलेंगी। टाउनशिप सीसीटीवी से लैस है। प्रेरणा सिंह, निदेशक, आईआईटीजीएनएल ने बताया कि इंडस्ट्रियल टाउनशिप में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की बड़ी कंपनियों को लाने का प्रयास लगातार जारी है। इससे न केवल शहर को आर्थिक मजबूती मिलेगी, बल्कि युवाओं को रोजगार के बेहतर अवसर भी उपलब्ध होंगे। Greater Noida News