
Greater Noida (चेतना मंच)। नोएडा कमिश्नरेट पुलिस ने एक बेहद ही सराहनीय काम किया है। नोएडा कमिश्नरेट पुलिस ने दो ऐसे परिवारों की खुशियां लौटाई है, जो अपनी औलाद के गायब हो जाने के बाद से बेहद ही परेशान थे। ग्रेटर नोएडा पुलिस ने अलग-अलग स्थानों से लापता हुए दो बच्चों को सकुशल तलाश कर उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। पुलिस की इस कार्यवाही की परिजनों व आसपास के लोगों ने खासी सराहना की है।
ग्रेटर नोएडा के थाना कासना प्रभारी संतोष कुमार शुक्ला ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली कि अपनी मां के साथ गया 3 वर्षीय बच्चा गायब हो गया है। परिजन की शिकायत पर तुरंत संज्ञान लेते हुए बच्चों की तलाश के लिए पुलिस टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने आसपास के क्षेत्र में जानकारी करते हुए बच्चों की तलाश की। कई सीसीटीवी कैमरा की फुटेज देखने के बाद बच्चों को कासना कस्बे से सकुशल बरामद कर लिया गया। बरामद बच्चे को उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।
थाना दादरी पुलिस ने संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हुए 8 वर्षीय बच्चे को 5 घंटे के भीतर तलाश कर परिजनों के सुपुर्द कर दिया। थाना प्रभारी सुजीत उपाध्याय ने बताया कि एक व्यक्ति ने सूचना दी कि उसका 8 वर्षीय पुत्र संदीप परिस्थितियों में लापता हो गया है। सूचना के आधार पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए बच्चे की तलाश शुरू की। करीब 5 घंटे के अथक प्रयास के बाद बच्चे के बारे में अहम जानकारी मिली और उसे सकुशल बरामद कर लिया गया। बरामद बच्चे को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। लापता बच्चों के मिलने पर परिजनों ने पुलिस का आभार व्यक्त किया है।
ग्रेटर नोएडा के यमुना एक्सप्रेसवे पर यातायात को बाधित करने पर थाना दनकौर पुलिस ने बस को सीज कर दिया है। पुलिस ने बस के चालक, परिचालक व हेल्पर के खिलाफ कार्रवाई की है। उप निरीक्षक राकेश कुमार ने दर्ज रिपोर्ट में बताया कि वह यात्रा नियमों का पालन न करने वाले तथा लोक मार्ग के आवागमन को बाधा पहुंचाने वाले वाहनों के खिलाफ चेकिंग अभियान चला रहे थे।
इस दौरान यमुना एक्सप्रेस-वे गलगोटिया कट के पास उन्हें एक बस बीच सडक़ में खड़ी हुई दिखाई दी। इस बस की वजह से आने जाने वाले व्यक्तियों के आवागमन में बाधा उत्पन्न हो रही थी। मौके से बस के चालक मनजीत, परिचालक रवि तथा हेल्पर पंकज को हिरासत में लेकर उनसे बस के कागजात मांगे गए। कागजात न दिखाने पर बस को मोटर वाहन अधिनियम के तहत सीज कर दिया गया। बस के चालक को प्रचालक के खिलाफ धारा 41(1) सीआरपीसी का नोटिस तामील करने के बाद कार्रवाई की गई है।