
Greater Noida Live : ग्रेटर नोएडा में इन दिनों एक महिला जमकर सुर्खियां बटोर रही है। इस महिला को रिवाल्वर चाची के नाम से पुकारा जा रहा है। पुकारा भी क्यों न जाए, क्योंकि यह महिला हाथ में रिवाल्वर पकड़कर होठों से चुमती हुई नजर आ रही है। इस चाची का एक सनसनीखेज राज खुला है। राज यह है कि ग्रेटर नोएडा में रहने वाली रिवाल्वर चाची मूल रुप से बांग्लादेश की रहने वाली है और पिछले काफी समय से भारत में नाम बदल कर रह रही है।
आपको बता दें कि जेवर कोतवाली क्षेत्र के जहांगीरपुर कस्बे में एक युवती अपने परिवार के साथ रहती है। उसने पिछले दिनों बताया था कि उसकी दो चाचीयों ने उनके पैतृक मकान पर कब्जा कर लिया है और अब रिवाल्वर चाची उसे अपनी तरह वेश्यावृत्ति के धंधे में शामिल करना चाहती है। पीड़िता के द्वारा विरोध करने पर उसके परिवार को जान से मारने की धमकी दी जा रही है। पीडिता अपने परिवार को जान बचाने के लिए जगह-जगह भटक रही है। 21 वर्षीय युवती ने जेवर पुलिस को शिकायत देते हुए बताया था कि उसके पिता अपने परिवार के साथ जेवर थाने के जहांगीरपुर कस्बे में रहते हैं। तीन साल पहले काम के सिलसिले में वह परिवार सहित गुजरात में जाकर रहने लगे।
आरोप है कि जहांगीरपुर से जाते समय अपने मकान का ताला लगा कर गए जिसमें कीमती सामान रखा हुआ था। वहीं अपनी भैंस को भाई जगदीश को देकर गए। अब तीन साल बाद जब पीड़िता अपने परिवार के साथ वापस अपने पैतृक घर पहुंचा तो वहां पर पाया कि उनके कमरे का ताला तोड़कर उसका सारा कीमती सामान उसकी चाची सीमा व रिवाल्वर चाची अनु ने ले लिया है। इसके साथ ही उनके मकान पर भी कब्जा कर लिया है।
पीड़िता ने बताया कि, ‘जब उन्होंने इस मामले की शिकायत पुलिस से की तो पुलिस ने पारिवारिक विवाद बताकर मामले से पाला झाड़ लिया। वहीं उसकी दोनों चाचीयां उनके पैतृक मकान को छोड़ने को तैयार नहीं है। जिसके चलते आज पीड़िता और उसका परिवार दर-दर भटक रहा है। जहां पर भी रात हो जाती है वहीं पर वह आसपास पार्को में रात गुजारने को मजबूर हैं। पुलिस के आला अधिकारियों से शिकायत करने के बाद भी उन्हें अभी तक इंसाफ नहीं मिल पाया है।’ पीड़िता ने बताया कि उसने रिवाल्वर के साथ चाची के फोटो भी पुलिस को शिकायत करते समय दिए हैं, लेकिन उसके बाद भी पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। उसकी रिवाल्वर चाची अनु लगातार उस पर वेश्यावृति के धंधे में शामिल होने के लिए दवा बन रही है और उसके पास अपने रिवाल्वर के फोटो भेज कर पीड़िता को डरा धमका रही है।
पीड़ित युवती ने राजफाश किया कि उसकी रिवाल्वर चाची अनु है। अनु पहले अपनी सहेलियों के साथ दिल्ली में रहती थी। अनु मूल रूप से बांग्लादेश की रहने वाली है और वह मुस्लिम धर्म से तालुकात रखती है, लेकिन दिल्ली में आने के बाद अनु ने अपना नाम आयुषी रख लिया। अनु का असली नाम याकमीन खान है और पिता का नाम मोहम्मद कमरुल इस्लाम खान है।
पीड़िता ने आगे बताया कि अनु की बहन रेशमा से उसकी व्हाट्सएप कॉल पर बातचीत हुई। अनु की बहन ने ही पीड़िता को यह सब जानकारी दी कि अनु मूल रुप से बांग्लादेशी है और उसका असली नाम याकमीन खान है। युवती का कहना है कि उसने यह जानकारी जेवर पुलिस को भी दे दी है।