पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गैंग मथुरा से असलाह और कारतूस मंगवाकर बदमाशों को सप्लाई करता था और उसी पैसे से ऐशो–आराम की जिंदगी जी रहा था। सूचना के आधार पर police टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर स्कॉर्पियो और बलेनो में सवार पांच लोगों को मौके पर ही काबू कर लिया।

Greater Noida News : ग्रेटर नोएडा के दनकौर थाना पुलिस ने अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाले एक सक्रिय गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस की कार्रवाई में गिरोह के पांच सदस्यों को दबोचा गया, जिनके पास से पिस्टल, तमंचे और भारी मात्रा में जिंदा कारतूस बरामद हुए। पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गैंग मथुरा से असलाह और कारतूस मंगवाकर बदमाशों को सप्लाई करता था और उसी पैसे से ऐशो–आराम की जिंदगी जी रहा था।
ग्रेटर नोएडा जोन के डीसीपी साद मियां खान ने बताया कि थाना दनकौर प्रभारी मुनेंद्र सिंह और उनकी टीम को सूचना मिली थी कि बुढ़िया गोल चक्कर के पास काले रंग की बिना नंबर की स्कॉर्पियो और एक बलेनो कार में कुछ संदिग्ध लोग अवैध असलाह व कारतूसों की डील करने के लिए जुटे हैं। सूचना के आधार पर police टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर स्कॉर्पियो और बलेनो में सवार पांच लोगों को मौके पर ही काबू कर लिया।
तलाशी के दौरान आरोपियों के पास से तीन पिस्टल, 32 बोर के 160 कारतूस, 315 बोर के तीन तमंचे, छह कारतूस और 50 हजार रुपये नकद बरामद किए गए। पूछताछ में गिरफ्तार लोगों ने अपनी पहचान गजेंद्र उर्फ गजे, सुमित उर्फ गुंडा, सागर भाटी, हर्ष सिंघल और निखिल भाटी के रूप में बताई। डीसीपी के मुताबिक आरोपियों ने खुलासा किया कि वे अवैध असलाह और कारतूस खरीद–फरोख्त का काम करते हैं। उन्होंने बताया कि मथुरा के जय गुरुदेव मंदिर के पीछे रहने वाला बंटू नाम का व्यक्ति उनका सप्लायर है। बंटू, मथुरा के मंडी चौराहे पर स्थित ‘महाकाली आर्म्स एंड एम्युनिशन’ नामक दुकान से कारतूस मंगवाकर उन्हें उपलब्ध कराता है। गिरोह के सदस्य कम दाम पर असलाह व कारतूस खरीदते और उन्हें ऊंचे दामों पर विभिन्न गैंगस्टरों व बदमाशों को बेचकर मोटा मुनाफा कमाते थे। निखिल भाटी से बरामद 50 हजार रुपये के बारे में भी उसने स्वीकार किया कि यह रकम असलाह और कारतूस बेचने से ही कमाई गई है।
जांच में यह भी सामने आया है कि इस गिरोह का सरगना गजेंद्र उर्फ गजे है, जो लंबे समय से अलग–अलग अपराधियों को अवैध तरीके से हथियार और कारतूस सप्लाई कर रहा था। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि उन्होंने अब तक कितने अपराधियों और किन-किन गिरोहों को असलाह उपलब्ध कराया है। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से मिली दोनों कारों—स्कॉर्पियो और बलेनो—को भी सीज कर दिया गया है। गिरोह के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस अब सप्लायर बंटू व उसके नेटवर्क की तलाश में जुटी है। Greater Noida News