Greater Noida : ग्रेटर नोएडा में सक्रिय ठगों के गिरोह की दो महिला सदस्य बंदी, लगा है गैंगस्टर
Greater Noida Crime News
ग्रेटर नोएडा
RP Raghuvanshi
30 Nov 2025 03:41 PM
ग्रेटर नोएडा
RP Raghuvanshi
30 Nov 2025 03:41 PM
Greater Noida : मोटे ब्याज का लालच देकर करोड़ों रुपए की ठगी करने वाले गिरोह की दो महिला सदस्यों को थाना नॉलेज पार्क पुलिस ने रायबरेली से गिरफ्तार किया है। दोनों महिलाएं गैंगस्टर एक्ट में वांछित चल रही थी। इस गिरोह के सरगना को पुलिस करीब सवा माह पूर्व गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
Greater Noida :
थाना प्रभारी विनोद कुमार सिंह ने बताया कि पुलिस ने मुखबिर की सूचना के आधार पर आरडीए कॉलोनी इंदिरानगर जिला रायबरेली से द्रोपदी राम ख्यानी पत्नी अशोक कुमार रामख्यानी व प्रज्ञा राय रामख्यानी पत्नी आशीष रामख्यानी को गिरफ्तार किया है। पकड़ी गई दोनों महिला शातिर ठग गिरोह की सदस्य हैं और इनके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा पंजीकृत था। गैंगस्टर एक्ट के मामले में दोनों महिलाएं वांछित चल रही थी।
बता दें कि इस गिरोह के सरगना आशीष रामख्यानी ने अपने गिरोह के साथ मिलकर ग्रेटर नोएडा में दर्जनों लोगों को मोटे ब्याज का लालच देकर करीब 12 करोड़ रुपए से भी अधिक की ठगी की थी। आशीष रामख्यानी के इस पूरे फर्जीवाड़े का चेतना मंच ने प्रमुखता से खुलासा किया था। चेतना मंच के खुलासे के बाद पुलिस हरकत में आई और थाना बीटा-2 में आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरोह के सदस्यों के खिलाफ उत्तर प्रदेश गिरोह बंद समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम 1986 की धारा 2 (बी) आई तथा धारा 3 गैंगस्टर एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था। गैंगस्टर मामले की विवेचना थाना नॉलेज पार्क पुलिस कर रही है।
आशीष रामख्यानी है गिरोह का सरगना
आपको बता दें कि ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में ठगों का एक शातिर गिरोह सक्रिय है। इस गिरोह का सरगना आशीष रामख्यानी है। यह शातिर ठग आशीष रामख्यानी मूल रूप से रायबरेली के रहने वाले अशोक कुमार रामख्यानी का पुत्र है और पिछले लगभग एक दशक से यह ठग ग्रेटर नोएडा के सिग्मा 4 सेक्टर में स्थित ग्रांड फोर्ट सोसाइटी में रह रहा था। इस ठग ने बकायदा एक गिरोह बना रखा है। यह गिरोह अपने आसपास रहने वाले भोले भाले लोगों से पहले दोस्ती करता था, फिर उन्हें मोटे ब्याज का लालच देकर उनसे मोटी रकम ले लेता था। रकम लेने वालों को यकीन दिलाने के लिए गिरोह के सदस्य उन्हें पोस्ट डेटेड चेक (पीडीसी) भी दे देते थे। यह चेक ऐसे खातों के होते हैं जिनके खातों में पैसे होते ही नहीं थे। कुछ माह बाद जब पैसे देने वाला अपना ब्याज व मूलधन वापस मांगता है तो गिरोह के सदस्य उन्हें कारोबार में घाटा हो जाने की फर्जी कहानी सुना कर रफूचक्कर हो जाते थे।
एक दर्जन दर्ज हैं ठगी के केस
अलग-अलग थानों में इस गिरोह के विरुद्ध ठगी के एक दर्जन केस दर्ज हैं। गिरोह के सरगना आशीष रामख्यानी ने अपने गिरोह के साथ मिलकर 28 लोगों से 12 करोड़ से भी अधिक की ठगी कर रखी है। 30 अप्रैल 2023 को ग्रेटर नोएडा के बीटा-2 थाने में इस गिरोह के विरुद्ध उत्तर प्रदेश गिरोह बंद समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम 1986 की धारा 2 (बी) आई तथा धारा 3 (गैंगस्टर एक्ट) के तहत मामला दर्ज किया गया था। मई माह में गिरोह का सरगना आशीष रामख्यानी जैसे ही अपनी कार लेकर ग्रेटर नोएडा की ग्रांड फोर्ट सोसाइटी सिग्मा 4 से बाहर निकला, वैसे ही ग्रेटर नोएडा के थाना नॉलेज पार्क की पुलिस ने उसे कार समेत गिरफ्तार कर लिया।
गिरोह के सदस्य अभी भी फरार
ठगों के गिरोह का सरगना आशीष आशीष रामख्यानी, उसकी पत्नी प्रज्ञा राय रामख्यानी तथा मां दुर्गा रामख्यानी पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए जा चुके हैं लेकिन इस गिरोह के दो सदस्य अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं।लखनऊ के मूलनिवासी अवध नारायण दीक्षित का बेटा प्रशांत नारायण दीक्षित व उसकी पत्नी निधि दीक्षित अभी भी गैंगस्टर एक्ट में वांछित चल रहे हैं। पुलिस इनकी गिरफ्तारी का प्रयास कर रही है।