नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा वालों को पता होनी चाहिए यह बात
भारत
चेतना मंच
01 Dec 2025 05:00 AM
हर शहर के नागरिकों को अपने शहर की विशेषताओं का पता होता है। नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा शहरों में भी बहुत सारी विशेषताएं मौजूद हैं। इतना ही नहीं नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा शहर विश्व के मानचित्र पर प्रमुख शहरों के रूप में स्थापित हैं। यहां हम आपको वह जानकारी दे रहे हैं जो जानकारी नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के हर नागरिक को पता होनी चाहिए। Greater Noida News
नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा के नागरिकों को नहीं पता जेवर एयरपोर्ट की विशेषताएं
नोएडा तथा ग्र्रेटर नोएडा शहर के पास यमुना औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा)के क्षेत्र में जेवर एयरपोर्ट स्थापित हो रहा है। ग्रेटर नोएडा के पास जेवर एयरपोर्ट बनकर लगभग तैयार हो चुका है। यहबात तो नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा वाले जानते हैं। दुर्भाग्य से नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा के नागरिक जेवर एयरपोर्ट की सारी विशेषताएं नहीं जानते हैं। हम यहां आसान भाषा तथा सरल शब्दों में आपको जेवर एयरपोर्ट की 10 बड़ी विशेषताओं से अवगत कराते हैं। जेवर एयरपोर्ट की 10 बड़ी विशेषताओं की जानकारी देने से पहले आपको बता दें कि जेवर एयरपोर्ट का असली नाम नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट है। यह एयरपोर्ट ग्रेटर नोएडा के क्षेत्र में स्थापित जेवर कस्बे के पास जेवर क्षेत्र के गांव की जमीन पर बन रहा है। इस कारण अम बोलचाल की भाषा में इस एयरपोर्ट का नाम जेवर एयरपोर्ट पड़ गया है।
जेवर एयरपोर्ट की 10 बड़ी विशेषताएं
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-1 : जेवर एयरपोर्ट का निर्माण पूरा हो जाने पर जेवर एयरपोर्ट एशियाका सबसे बड़ा एयरपोर्ट तथा दुनिया का चौथा सबसे बड़ा एयरपोर्ट बन जाएगा।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-2 : जेवर एयरपोर्ट दिल्ली NCR का दूसरा अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट बनेगा। अभी तक दिल्ली-NCR में केवल दिल्ली में अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट स्थापित है। जेवर एयरपोर्ट बन जाने से पूरे उत्तर प्रदेश तथा दिल्ली- NCR के नागरिकों को बड़ा लाभ मिलेगा।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-3 : जेवर एयरपोर्ट पूरी तरह बन जाने तथा चालू हो जाने के बाद इस एयरपोर्ट से हर साल 7 करोड़ यात्री हवाई यात्रा किया करेंगे।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-4 : जेवर एयरपोर्ट पर कुल 6 रनवे बनाए जाएंगे। भारत में 6 रनवे वाला जेवर एयरपोर्ट सबसे बड़ा एयरपोर्ट बनेगा।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-5 : जेवर एयरपोर्ट पर एक, दो अथवा तीन नहीं बल्कि पूरे चार टर्मिनल बनाए जाएंगे। हर साल 7 करोड़ यात्रियों के उड़ान भरने का रास्ता इन्हीं चार टर्मिनल से होकर जाएगा।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-6 : जेवर एयरपोर्ट की विशेषताओं में एक बड़ी विशेषता यह भी है कि यह एयरपोर्ट केवल सरकारी खर्चे से नहीं बनाया जा रहा है। जेवर एयरपोर्ट का निर्माण पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप यानि कि PPP मॉडल से किया जा रहा है।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-7 : जेवर एयरपोर्ट की विशेषताओं की कड़ी में जेवर एयरपोर्ट की एक बड़ी विशेषता यह भी है कि जेवर एयरपोर्ट एक ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट है। ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट उस एयरपोर्ट को कहा जाता है जो एकदम नई जगह पर बनाया जाता है। यानि ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट उस हरीभरी जमीन पर बनाया जाता है जिस जमीन पर पहले से किसी प्रकार का कोई निर्माण नहीं हुआ रहता है।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-8 : जेवर एयरपोर्ट के चालू होते ही दिल्ली के एयरपोर्ट पर एयर ट्रैफिक सामान्य हो जाएगा। इन दिनों दिल्ली के एयरपोर्ट पर यात्रियों की भारी भीड़ जमा रहती है। जेवर एयरपोर्ट चालू हो जाने से दिल्ली एयरपोर्ट पर यात्रियों की भीड़ नियंत्रण में आ जाएगी।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-9 : जेवर एयरपोर्ट की एक खास विशेषता यह भी है कि इस एयरपोर्ट को बनाते समय डिजाइन पर विशेष ध्यान दिया गया है। जेवर एयरपोर्ट का डिजाइन इस प्रकार से तैयार किया गया है ताकि पर्यावरण को किसी भी प्रकार से नुकसान से मुक्त रखा जा सके।
जेवर एयरपोर्ट की विशेषता नम्बर-10 : जेवर एयरपोर्ट की बड़ी विशेषताओं में एक विशेष्ता यह भी है जेवर एयरपोर्ट को सड़क तथा रेल मार्ग के माध्यम से पूरे देश के साथ जोड़ा गया है। खासतौर से दिल्ली- NCR के नागरिकों को जेवर एयरपोर्ट तक पहुंचने के लिए अनेक लिंक मार्ग उपलब्ध कराए जा रहे हैं। जेवर एयरपोर्ट चालू होते ही नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा समेत पूरे उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था में बड़ा सुधार आएगा। Greater Noida News