विज्ञापन
International Labour Day: ग्रेटर नोएडा वेस्ट के पतवाड़ी गांव के पास करीब पांच एकड़ जमीन चिन्हित की गई है जहां 2500 से ज्यादा किफायती फ्लैट बनाए जाएंगे। ये फ्लैट खासतौर पर फैक्ट्रियों और औद्योगिक इकाइयों में काम करने वाले श्रमिकों के लिए होंगे।

Greater Noida News: ग्रेटर नोएडा के श्रमिकों के लिए अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस (International Labour Day) के मौके पर एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है। अब शहर और आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों में काम करने वाले हजारों मजदूरों को बेहतर आवास, स्वास्थ्य सेवाएं और सुरक्षित रहने की सुविधा मिलेगी। श्रमिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने एक बड़ी योजना तैयार की है जिसके तहत किफायती फ्लैट, आधुनिक अस्पताल और कई श्रमिक हॉस्टल बनाए जाएंगे। लेबर डे केवल श्रमिकों के सम्मान का दिन नहीं है बल्कि उनके बेहतर भविष्य की दिशा में ठोस कदम उठाने का भी बेहतरीन अवसर है। मजदूर दिवस के खास मौके पर ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की यह पहल श्रमिकों के लिए एक अहम तोहफे के रूप में देखी जा रही है।
ग्रेटर नोएडा वेस्ट के पतवाड़ी गांव के पास करीब पांच एकड़ जमीन चिन्हित की गई है जहां 2500 से ज्यादा किफायती फ्लैट बनाए जाएंगे। ये फ्लैट खासतौर पर फैक्ट्रियों और औद्योगिक इकाइयों में काम करने वाले श्रमिकों के लिए होंगे। ज्यादातर मजदूर काम की जगह से दूर रहते हैं जिससे उन्हें आने-जाने में समय और पैसे की परेशानी होती है। इस योजना से श्रमिकों को काम के पास ही सुरक्षित और सस्ता आवास मिल सकेगा। इससे न सिर्फ मजदूरों का जीवन आसान होगा बल्कि उनके परिवारों को भी बेहतर माहौल मिलेगा।
प्राधिकरण अधिकारियों के मुताबिक, इन फ्लैट्स का डिजाइन इस तरह तैयार किया जाएगा कि कम लागत में बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। फ्लैट्स में जरूरी बुनियादी सुविधाओं का पूरा ध्यान रखा जाएगा ताकि श्रमिक सम्मानजनक जीवन जी सकें। जमीन चिन्हित करने के बाद अब इस परियोजना की रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी। मंजूरी मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। माना जा रहा है कि यह योजना औद्योगिक क्षेत्र में काम करने वाले हजारों परिवारों के लिए बड़ी राहत लेकर आएगी।
श्रमिकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए नॉलेज पार्क-5 में 350 बेड का ईएसआईसी अस्पताल भी बनाया जाएगा। इसके लिए सात एकड़ से अधिक जमीन पहले ही आवंटित की जा चुकी है। यह अस्पताल औद्योगिक कर्मचारियों और ESIC कार्ड धारकों के लिए बेहद फायदेमंद साबित होगा। यहां आधुनिक इलाज की सुविधाएं उपलब्ध होंगी, जिससे श्रमिकों को इलाज के लिए दूर-दराज के अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा। बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलने से उनकी कार्यक्षमता और जीवन गुणवत्ता दोनों में सुधार आएगा।
रहने की बेहतर व्यवस्था के लिए चार नए श्रमिक हॉस्टल बनाने की योजना भी तैयार की गई है। ये हॉस्टल औद्योगिक सेक्टर ईकोटेक-3, ईकोटेक-6, ईकोटेक-12 और ईकोटेक-1 एक्सटेंशन में बनाए जाएंगे। खास बात यह है कि महिला श्रमिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ईकोटेक-2 और ईकोटेक-1 में अलग हॉस्टल बनाए जाएंगे। यहां सुरक्षा व्यवस्था और जरूरी सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जाएगा ताकि महिलाएं सुरक्षित माहौल में रह सकें और बिना किसी चिंता के काम कर सकें।
ईकोटेक-3 सेक्टर में एक श्रमिक सुविधा केंद्र भी शुरू किया जाएगा। यह केंद्र श्रमिकों और उद्योगों के बीच कड़ी का काम करेगा। यहां श्रमिकों और कंपनियों का अलग-अलग डेटा रखा जाएगा जिससे उद्योगों को जरूरत के मुताबिक आसानी से श्रमिक मिल सकेंगे और श्रमिकों को रोजगार पाने में आसानी होगी। यह व्यवस्था रोजगार प्रक्रिया को अधिक सरल और तेज बनाएगी।
श्रमिकों और कर्मचारियों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से नियमित स्वास्थ्य शिविर भी लगाए जाएंगे। इन शिविरों में ईएसआईसी कार्ड धारकों को मुफ्त चिकित्सा परामर्श और जरूरी जांच की सुविधा दी जाएगी। सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक उपलब्ध रहने वाली यह सुविधा उन श्रमिकों के लिए काफी उपयोगी होगी जो काम के कारण सामान्य समय में अस्पताल नहीं जा पाते।
विज्ञापन