दीपावली से पहले नोएडा और ग्रेटर नोएडा में मिठाइयों की गुणवत्ता को लेकर खाद्य विभाग ने जांच अभियान तेज कर दिया है। कई मिठाई निर्माण इकाइयों पर अधिकारियों की टीम पहुंची तो वहां कुछ ऐसी चीजें सामने आईं, जिन्हें देखकर विभाग को तत्काल कार्रवाई करनी पड़ी। आखिर पूरा मामला क्या है?

Greater Noida News : दीपावली के त्योहार से पहले गौतमबुद्धनगर में मिलावटी और दूषित खाद्य पदार्थों की बिक्री रोकने के लिए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने अभियान तेज कर दिया है। सोमवार को विभाग की अलग-अलग टीमों ने मिठाई बनाने वाली इकाइयों और प्रतिष्ठानों पर छापेमारी कर कुल 9 खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए एकत्र किए। इस दौरान मक्खी-मच्छर और गंदगी पाए जाने के कारण करीब 360 किलोग्राम रसगुल्ले नष्ट करा दिए गए। जिलाधिकारी के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने विभिन्न स्थानों पर मिठाई निर्माणशालाओं का निरीक्षण किया। सहायक आयुक्त खाद्य द्वितीय सर्वेश मिश्रा ने बताया कि जोधपुरवाला की मिठाई निर्माणशाला से केसर चमचम और लड्डू के नमूने लिए गए। यह कार्रवाई खाद्य सुरक्षा अधिकारी विशाल कुमार गुप्ता और रितु सक्सेना की टीम ने की।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी ओपी सिंह और अमर बहादुर सरोज की टीम ने ग्रेटर नोएडा के देवला गांव स्थित सोनू पाल की रसगुल्ला निर्माणशाला का निरीक्षण किया। यहां से दूध, छेना और रसगुल्ले के नमूने लिए गए। निरीक्षण के दौरान लगभग 300 किलोग्राम रसगुल्लों में मक्खी-मच्छर पाए गए। खाद्य विभाग के अनुसार, ये रसगुल्ले प्रदूषित अवस्था में थे और प्रथम दृष्टया मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त प्रतीत हो रहे थे। इसके बाद पूरी मात्रा नष्ट करा दी गई। इसी टीम ने दादरी के तिलपता कर्णवास स्थित मुलायम सिंह की मिठाई निर्माणशाला से बूंदी के लड्डू और रसगुल्ले के नमूने भी संग्रहित किए। Greater Noida News
खाद्य सुरक्षा अधिकारी रविंद्र नाथ वर्मा और विजय बहादुर पटेल की टीम ने दनकौर के गढ़ी बावन बीघा स्थित कृष्णा स्वीट भंडार का निरीक्षण किया। यहां से छेना रसगुल्ला और डोडा बर्फी के नमूने लिए गए। जांच के दौरान करीब 60 किलोग्राम छेना रसगुल्लों में भी मक्खी-मच्छर पाए गए। इन्हें प्रदूषित और प्रथम दृष्टया मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त मानते हुए नष्ट करा दिया गया। इस तरह विभाग की कार्रवाई में कुल 360 किलोग्राम रसगुल्ले नष्ट कराए गए, जबकि 9 नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे जा रहे हैं। इनकी जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की स्थिति स्पष्ट होगी। Greater Noida News
सहायक आयुक्त खाद्य द्वितीय सर्वेश मिश्रा ने बताया कि सभी खाद्य कारोबारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे खाद्य सामग्री लाइसेंसधारी या पंजीकृत आपूर्तिकर्ताओं से ही खरीदें और उसका बिल जरूर सुरक्षित रखें। खाद्य सामग्री लेते समय निर्माण तिथि और बैच नंबर की जांच करने के बाद ही उसे ग्राहकों को बेचें। उन्होंने कहा कि दीपावली तक खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच का अभियान जारी रहेगा। जिलाधिकारी के निर्देश पर विभाग की टीमें लगातार नमूने एकत्र करेंगी, ताकि त्योहार के दौरान लोगों को निर्धारित मानकों के अनुरूप शुद्ध और सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराए जा सकें। Greater Noida News
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