‘घाव गहरा है साहब’, पाक ने यूएन में अफगान पर डाला आतंक का ठीकरा
भारत
चेतना मंच
30 Nov 2025 06:06 PM
Pakistan News : पराई धरती से आतंकी हमलों की पीड़ा अब पाकिस्तान को समझ में आई है। पाकिस्तान ने सोमवार को संयुक्त राष्ट्र में अफगानिस्तान का नाम लेकर अपना दुखड़ा रोया। संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तान के स्थायी प्रतिनिधि और राजदूत असीम इफ्तिखार अहमद ने महासभा में कहा कि तीन आतंकी समूह अफगानिस्तान के अंदर अनियंत्रित स्थानों से काम कर रहे हैं।
डॉन अखबार के अनुसार, अहमद ने कहा कि पाकिस्तान के पास प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी), बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) और मजीद ब्रिगेड जैसे आतंकवादी समूहों के बीच बढ़ते सहयोग के विश्वसनीय सबूत हैं। इनका उद्देश्य देश के रणनीतिक बुनियादी ढांचे और विकास परियोजनाओं को निशाना बनाना है।
राजदूत अहमद ने कहा कि इनमें से कई हमले अत्याधुनिक हथियारों और उपकरणों से किए गए हैं, जिन्हें अंतरराष्ट्रीय सेनाएं 2021 में अफगानिस्तान से अपनी वापसी के बाद छोड़ गई थीं। उन्होंने कहा कि इन हथियारों का इस्तेमाल अफगानिस्तान स्थित आतंकवादियों ने पाकिस्तान के खिलाफ तेजी से परिष्कृत हमले करने के लिए किया है।
संयुक्त राष्ट्र महासभा में बोलते हुए पाकिस्तान के स्थायी प्रतिनिधि ने दावा किया कि प्रतिबंधित आतंकी संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) के पास करीब 6,000 सक्रिय लड़ाके हैं, जो अफगानिस्तान की धरती से अपना नेटवर्क संचालित कर रहे हैं। उन्होंने इसे न केवल पाकिस्तान की सुरक्षा के लिए, बल्कि समूचे क्षेत्र और वैश्विक स्थिरता के लिए गंभीर खतरा बताया। पाकिस्तानी दूत के अनुसार, अफगानिस्तान में टीटीपी के अलावा आईएस-खोरासन, अल-कायदा और कई बलूच अलगाववादी संगठन भी सक्रिय हैं। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की कि अफगानिस्तान को आतंकियों की सुरक्षित शरणस्थली बनने से रोकना अब अनिवार्य हो गया है, क्योंकि यह पड़ोसी देशों और वैश्विक शांति दोनों के लिए खतरा बनता जा रहा है। Pakistan News