
हमास ने इस्राइल के हवाई हमलों को युद्धविराम समझौते का उल्लंघन करार दिया है। उनका कहना है कि इजराइल ने जानबूझकर युद्धविराम को तोड़ा है, जिससे बंधकों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है। इस्राइल ने गाजा(Gaza) में सैन्य कार्रवाई करते हुए शरणार्थी कैंपों और स्कूलों को निशाना बनाया। हमास ने यह भी दावा किया कि इन हमलों के कारण गाजा में भुखमरी की स्थिति पैदा हो गई है, क्योंकि खाद्य, दवाइयां और ईंधन की आपूर्ति रोक दी गई है।
इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि युद्धविराम समझौते पर कोई प्रगति न होने के कारण उन्होंने सैन्य कार्रवाई का आदेश दिया। इजराइल ने हमास के उग्रवादियों और इसके बुनियादी ढांचे पर हमले तेज कर दिए हैं। नेतन्याहू के कार्यालय ने बताया कि गाजा(Gaza) के अलावा, इजराइल ने सीरिया और लेबनान में भी हवाई हमले किए हैं। इन हमलों में 10 से ज्यादा लोग मारे गए हैं। इजराइल ने इन हमलों से पहले व्हाइट हाउस से भी सलाह ली थी, और अमेरिकी प्रशासन ने इसके समर्थन में बयान दिया है।
व्हाइट हाउस के अनुसार, इस्राइल ने ट्रंप प्रशासन से परामर्श करने के बाद ये हमले किए थे। राष्ट्रपति ट्रंप ने इस्राइल की कार्रवाई का समर्थन करते हुए कहा कि अमेरिका और इजराइल को आतंकवादी समूहों के खिलाफ कठोर कदम उठाने का अधिकार है। इन घटनाओं ने गाजा(Gaza) और मध्य पूर्व क्षेत्र में तनाव को और बढ़ा दिया है, खासकर जब दोनों पक्ष युद्धविराम समझौते पर बातचीत कर रहे हैं।Gaza: