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Tariff War : अमेरिका द्वारा कनाडा की कारों पर 25% टैरिफ लगाए जाने के बाद कनाडा ने भी जवाबी कदम उठाते हुए अमेरिकी कारों पर 25% शुल्क लगा दिया है। इस कदम को कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्ने ने अमेरिका के "अनुचित" टैरिफ (Tariff War) का जवाब बताया और कहा कि इस शुल्क से प्राप्त होने वाली आय का इस्तेमाल कनाडा की ऑटो इंडस्ट्री और कामकाजी लोगों को समर्थन देने में किया जाएगा।
कनाडा ने अमेरिका से आयात होने वाली कारों पर 25% का टैरिफ (Tariff War) लागू किया है, खासकर उन कारों पर जो कनाडा-अमेरिका-मैक्सिको समझौते (CUSMA) के नियमों का पालन नहीं करतीं। इसके अतिरिक्त, अगर कारों में किसी अन्य देश के पुर्जे शामिल होते हैं तो उस पर भी यह शुल्क लागू होगा। कनाडा ने यह भी स्पष्ट किया कि वह ऑटो पार्ट्स पर टैरिफ नहीं लगाएगा, क्योंकि दोनों देशों की सप्लाई चेन एक-दूसरे पर निर्भर है।
कनाडा के प्रधानमंत्री कार्ने ने कहा, "हमारी वैश्विक अर्थव्यवस्था अब पहले जैसी नहीं रही। हमें सख्त और प्रभावी तरीके से जवाब देना होगा और अपने लोगों और उद्योगों की रक्षा करनी होगी।" उन्होंने यह भी कहा कि कनाडा अपनी आर्थिक स्थिति को और मजबूत करने के लिए कड़ी मेहनत करता रहेगा और G7 देशों में अपनी सबसे मजबूत अर्थव्यवस्था बनाने की दिशा में काम करेगा।
अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ (Tariff War) का प्रभाव कनाडा की ऑटो इंडस्ट्री पर पड़ा है, जिससे वहां के 5 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हो सकते हैं। इससे पहले, अमेरिका ने कनाडा के सामानों पर भी टैरिफ लगाया था, जिससे दोनों देशों के व्यापार संबंधों में तनाव बढ़ गया। ट्रंप प्रशासन ने इस साल मार्च में स्टील और एल्युमिनियम उत्पादों पर 25% शुल्क लागू किया और अब 3 अप्रैल से कनाडा की कार इंडस्ट्री को निशाना बनाया गया।
इस टैरिफ युद्ध (Tariff War) का असर अंतर्राष्ट्रीय व्यापार पर भी पड़ सकता है, साथ ही वैश्विक शेयर बाजारों में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है।Tariff War :
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