
पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में पिछले 48 घंटों में तेज बारिश और बाढ़ ने हाहाकार मचा दिया है। प्रांतीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (PDMA) ने बताया कि कम से कम 307 लोग मारे गए और 23 घायल हुए। बुनेर सबसे ज्यादा प्रभावित रहा, जहां 184 लोगों की मौत हुई। शांगला में 36, बाजौर में 21, मनसेहरा में 23, स्वात में 22, बट्टाग्राम में 15, लोअर दीर में 5 और एबटाबाद में 1 व्यक्ति की जान गई। मृतकों में 279 पुरुष, 15 महिलाएं और 13 बच्चे शामिल हैं। Hindi News
इस आपदा में 63 घर पूरी तरह ध्वस्त और 74 घर आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए। कई जिलों में स्कूल और पुल बह गए, जिससे स्थानीय निवासियों की कठिनाइयां और बढ़ गईं। राहत कार्यों के दौरान प्रांतीय सरकार का एक हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें चालक दल के पांच सदस्य शहीद हुए। मुख्यमंत्री अली अमीन गंडापुर ने बताया कि हेलीकॉप्टर मोहमंद जिले में सलारजई इलाके की ओर राहत सामग्री पहुंचा रहा था, लेकिन खराब मौसम के कारण दुर्घटनाग्रस्त हो गया। मृतकों में दो पायलट भी शामिल हैं।
बुनेर, स्वात और बाजौर में राहत अभियान तेज है। प्रभावित इलाकों से मलबा हटाने और दबे हुए लोगों को बचाने का काम रातभर जारी रहा। पाकिस्तानी सेना और फ्रंटियर कोर की टीमों ने भी राहत कार्यों में भाग लिया। हेलीकॉप्टरों के माध्यम से राशन और जरूरी सामग्री प्रभावित क्षेत्रों में पहुँचाई जा रही है। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) ने प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के निर्देश पर राहत कार्यों की निगरानी के लिए टीम भेजी है। एनडीएमए ने पर्यटकों को अगले पांच से छह दिनों तक खैबर पख्तूनख्वा की यात्रा न करने की चेतावनी दी है। Hindi News