पाकिस्तान में फिर फूटा महंगाई बम, बढ़ती कीमतों को देख कांपे आम लोग
Pakistan News
भारत
चेतना मंच
29 Nov 2025 02:34 PM
Pakistan News : पाकिस्तान की जनता पर एक बार फिर महंगाई का करारा वार हुआ है। पहले से ही आर्थिक संकट से जूझ रहे मुल्क में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में एक बार फिर जोरदार बढ़ोतरी की गई है जिससे आम आदमी की मुश्किलें और गहरा गई हैं। शहबाज शरीफ सरकार द्वारा मंगलवार देर रात जारी अधिसूचना के मुताबिक, यह बढ़ी हुई दरें 16 जुलाई से लागू हो चुकी हैं और अगले 15 दिनों तक प्रभावी रहेंगी।
कितना बढ़ा पेट्रोल और डीजल?
पाकिस्तान के वित्त विभाग की अधिसूचना के अनुसार, पेट्रोल के दाम में 5.36 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी हुई है। अब नया रेट 272.15 रुपये/लीटर (पहले 266.79 रु.) हाई-स्पीड डीजल के दाम में 11.37 रुपये प्रति लीटर की जबरदस्त बढ़ोतरी हुई है। अब नया रेट 284.35 रुपये/लीटर (पहले 272.98 रु.)।
बढ़ते दामों से जनता का हाल बेहाल
पहले से ही महंगाई की मार झेल रही पाकिस्तान की जनता को इस फैसले ने और झटका दिया है। खासकर मोटर चालक, ट्रांसपोर्ट ऑपरेटर और व्यापारिक वर्ग पर इसका सीधा असर पड़ा है। आम उपभोक्ताओं के लिए सब्जियों और अन्य जरूरी वस्तुओं के दाम और चढ़ सकते हैं।सरकार ने ईंधन दरों में इस इजाफे की वजह अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव को बताया है। सरकार का कहना है कि वैश्विक स्तर पर अस्थिरता और डॉलर के मुकाबले स्थानीय मुद्रा की कमजोरी की वजह से यह कदम उठाना पड़ा है।
जुलाई की शुरुआत में भी झेला था झटका
यह पहला मौका नहीं है। 1 जुलाई को भी पेट्रोल-डीजल के दामों में भारी वृद्धि की गई थी, जिसे उस समय ईरान-इजरायल तनाव के चलते कच्चे तेल की कीमतों में अस्थिरता से जोड़ा गया था।
क्यों पड़ रहा है इतना असर?
पाकिस्तान अपनी 85% तेल ज़रूरतें आयात करके पूरी करता है। मध्य-पूर्व में जारी तनाव से कच्चे तेल की आपूर्ति प्रभावित हुई है। पाकिस्तान सरकार हर 15 दिन पर रेट रिवाइज करती है, जो अंतरराष्ट्रीय बाजार और डॉलर की कीमत पर निर्भर करता है। पाकिस्तान को IMF, वर्ल्ड बैंक और अन्य स्रोतों से कर्ज तो मिला है, लेकिन जमीन पर राहत के असर नजर नहीं आ रहे हैं। लगातार बढ़ती कीमतें, महंगाई और रोजमर्रा की चीजों पर असर ने जनता की कमर तोड़ दी है।