
International civil aviation day: संयुक्त राष्ट्र के द्वारा स्थापित किया गया अंतराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन दिवस प्रत्येक वर्ष 7 दिसंबर को मनाया जाता है। इस दिन से जुड़ी हुई सभी तैयारियां व आयोजन इंटरनेशनल सिविल अविएशन आर्गेनाइजेशन (ICAO) के द्वारा पूरी की जाती हैं।
कब से हुई इसकी शुरुआत? ऐसा माना जाता है कि पहले के समय में विमानन इतना अधिक प्रचलित नहीं था, किन्तु वर्ष 1920 के आसपास इसकी लोकप्रियता काफ़ी अधिक बढ़ गयी थी और इसे एक औद्योगिक विस्तार के तौर पर देखा जाने लगा। हालांकि विमानन की शुरुआत 1903 के दौरान ही हो गयी थी जब राइटफ्लायर का अविष्कार हुआ।इसके पश्चात लगातार इस क्षेत्र ने अग्रसर होते हुए अपनी पकड़ मजबूत की। इसकी लोकप्रियता को देखते हुए संयुक्त राष्ट्र के द्वारा साल 1944 में शिकागो में अंतर्राष्ट्रीय नागरिक उड्डयन संगठन की स्थापना की।यह स्थापना नागरिक उड्डयन विषय पर आयोजित की गयी एक सभा के दौरान की गयी।सयुंक्त राष्ट्र ने इस विभाग को सुचारु रूप से चलाने एवं सुरक्षा के लिए कुछ विशेष नियम भी स्थापित किये।
वर्ष 1994 में नागरिक उड्डयन सभा की 50वीँ वर्षगांठ मनाने के तीन वर्ष बाद ही संयुक्त राष्ट्र महासभा के द्वारा अंतराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन दिवस की स्थापना कर दी गयी।तब से लेकर वर्तमान समय तक इसमें कई नये नियम व बदलाव लाये गए हैं जिससे विश्व के लोग एक सुरक्षित यात्रा तय कर सकें।
वैश्विक अर्थव्यवस्था में क्या योगदान देता है नागरिक उड्डयन विभाग? एयर ट्रांसपोर्ट एक्शन ग्रुप जैसी नामी संस्था के द्वारा किये गए एक सर्वे में यह ज्ञात हुआ है कि विश्व की आर्थिक गतिविधि का लगभग 3.6 % भाग विमानन के द्वारा प्रभावित होता है। यही नहीं, इससे लगभग 65.5 मिलियन लोगों के रोजगार भी जुड़े हुए हैं। विमाननन केवल आर्थिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है बल्कि यह विश्वभर के लोगों की यात्रा को सुगम बनाने का कार्य भी करते हैं।
इंटरनेशनल सिविल अविएशन आर्गेनाइजेशन प्रत्येक चार वर्ष में नागरिक उड्डयन की थीम को निर्धारित करता है। वर्ष2023 तक के लिए यह थीम "वैश्विक विमानन विकास के लिए नवाचार को आगे बढ़ाना" निर्धारित की गयी है। इस थीम की सार्थकता भारत में भोपाल के राजा भोज हवाई अड्डे पर देखने को मिलती है।विमानन विकास को देखते हुए यहां के कण्ट्रोल टावर की ऊंचाई को 20 मीटर से बढ़ाकर 32 मीटर तक कर दिया गया।इससे संचालन, नेवीगेशन, टेक ऑफ़ तथा लैंडिंग आदि में मदद मिलेगी।