पाकिस्तान तथा भारत के बीच हाल ही में हुआ युद्ध सबको याद है। यह बहुत कम लोगों को पता है कि पाकिस्तान अभी भी युद्ध लड़ रहा है। पाकिस्तान का यह युद्ध किसी बड़े युद्ध से कम नहीं है। पाकिस्तान का यह युद्ध पाकिस्तान के अपने ही देश में लड़ा जा रहा है। पाकिस्तान के अंदर ही अंदर चल रहे युद्ध में बड़ी संख्या में पाकिस्तान की सेना के सैनिक मारे जा रहे हैं। एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि हाल ही में युद्ध के दौरान पाकिस्तान के 24 से ज्यादा सैनिक मारे गए हैं। Pakistan News
अपने ही देश के अंदर युद्ध लड़ रही है पाकिस्तान की सेना
हर किसी को यह जानकर आश्चर्य होगा कि पाकिस्तान की सेना अपने ही देश के अंदर युद्ध लड़ रही है। पाकिस्तान के अंदर ही अंदर लड़ा जा रहा युद्ध पाकिस्तान की सेना तथा बलूचिस्तान के क्रांतिकारियों के बीच में लड़ा जा रहा है। पाकिस्तान समाचार की एक रिपोर्ट में बताया गया है कि बलोच राजी आजोई संगर (BRAS) ने दावा किया है कि उसके लड़ाकों ने 10 से 15 अगस्त के बीच बलूचिस्तान में 71 हमले किए। इन हमलों में 24 पाकिस्तानी सैनिक और पांच " संघीय सरकार समर्थित एजेंट" मारे गए और कई अन्य घायल हुए। BRAS के प्रवक्ता बलोच खान ने मीडिया बयान में कहा कि समूह ने कई जिलों में समन्वित अभियानों में सैन्य शिविरों, काफिलों, पुलिस थानों और तथाकथित "मृत्यु दस्ते" के सदस्यों को निशाना बनाया गया है। द बलूचिस्तान पोस्ट ने समूह के प्रवक्ता के हवाले से जानकारी दी कि सबसे बड़ा हमला बसिमा में किया गया। लड़ाकों ने एक सैन्य शिविर पर धावा बोलकर एक कैप्टन सहित कम से कम 13 सैनिकों की हत्या कर दी। इसके अलावा लड़ाकों ने एक नेवी स्टेशन पर भी कुछ समय के लिए कब्जा कर अनेक सरकारी कार्यालयों में आग लगा दी और वाहनों को नष्ट कर दिया।
BRAS ने ग्वादर के न्यू टाउन इलाके में एक सैन्य काफिले को निशाना बनाकर किए गए आईडी विस्फोट की भी जिम्मेदारी ली है। इसमें दो सैनिक मारे गए थे। समूह ने कहा कि उसने क्वेटा, केच, पंजगुर, अवारन, सिबी, डेरा बुगती और नसीराबाद सहित अन्य जिलों में हमले किए। लड़ाकों ने सेना की चौकियों पर रॉकेट और ग्रेनेड लॉन्चर से बमबारी की। BRAS ने पुष्टि की है कि उसका लड़ाका हासिल मुराद उर्फ सरबन बलोच झाओ में एक सैन्य समर्थक सशस्त्र समूह के साथ झड़प में मारा गया। पाकिस्तान की सेना के साथ चल रहे युद्ध के लम्बे समय तक चलते रहने की संभावना है।
पाकिस्तान के हो सकते हैं दो टुकड़े
पाकिस्तान के दो टुकड़े होने की आशंका तेजी के साथ बढ़ रही है। पाकिस्तान के दो टुकड़े होने की आशंका का सबसे बड़ा आधार पाकिस्तान की सेना का युद्ध है। पाकिस्तान की सेना अपने ही देश के अंदर लगातार युद्ध लड़ रही है। यह युद्ध पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रदेश में बड़ी संख्या में सक्रिय क्रांतिकारियों के साथ लड़ा जा रहा है। आपको बता दें कि बलूचिस्तान पाकिस्तान का एक बड़ा प्रदेश है। पाकिस्तान में मौजूद बलूचिस्तान बड़े क्षेत्रफल में फैला हुआ है। पाकिस्तान में मौजूद प्राकृतिक संसाधनों का सबसे बड़ा भाग पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रदेश में ही मौजूद है। बलूचिस्तान का कुल क्षेत्रफल 347190 वर्ग किलोमीटर तक फैला हुआ है। बलूचिस्तान का क्षेत्रफल पाकिस्तान के कुल क्षेत्रफल का 44 प्रतिशत से भी अधिक भाग है। बलूचिस्तान की सीमाएं ईरान तथा अफगानिस्तान तक फैली हुई हैं। सामरिक दृष्टि से पाकिस्तान के लिए यह प्रदेश बहुत अधिक महत्व रखता है। बलूचिस्तान में सक्रिय आधा दर्जन संगठन बलूचिस्तान को पाकिस्तान से अलग करके अलग देश बनाने का अभियान चला रहे हैं।
पाकिस्तान से अलग स्वतंत्र देश घोषित कर चुके हैं बलूच
पाकिस्तान के बलूचिस्तान में सबसे बड़ी आबादी बलूच आदिवासी समाज की है। बलूच समाज बलूचिस्तान को पाकिस्तान से अलग मानकर आजाद देश घोषित कर चुके हैं। पाकिस्तान के सबसे बड़े नेता के रूप में प्रसिद्ध रह चुके बलूच नेता मीर बलोच ने बलूचिस्तान को पाकिस्तान से अलग बताते हुए आजाद देश घोषित कर रखा है। बलूच नेताओं ने अंतर्राष्ट्रीय समुदाय से बलूचिस्तान को आजाद देश के रूप में मान्यता देने की अपील भी कर रखी है। बलूचिस्तान के बलूच नेता मीर यार बलोच ने पाकिस्तान से अपने क्षेत्र की आजादी की घोषणा करते हुए संयुक्त राष्ट्र से शांति सेना भेजने की अपील की है ताकि बलोच लोगों को पाकिस्तान से आजाद कराया जा सके। मीर बलोच बलूचिस्तान में लोगों पर पाकिस्तान सरकार की तरफ से की जा रही हिंसा और मानवाधिकार उल्लंघन का हवाला देते हुए पाकिस्तान से बलूचिस्तान की आजादी का औपचारिक ऐलान किया है। विश्लेषकों का कहना है कि हालात को देखते हुए पाकिस्तान के दो टुकड़े हो सकते हैं या फिर अंतरराष्ट्रीय तौर पर क्या बलूचिस्तान को एक अलग देश की मान्यता मिल सकती है।
भारत में पाकिस्तान से अलग दूतावास खोलने की मीर यार बलोच ने मांगी इजाजत
मीर यार बलोच ने भारत से नई दिल्ली में पाकिस्तान से अलग बलूच दूतावास खोलने की इजाजत मांगी। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र से बलूचिस्तान को स्वतंत्र देश के रूप में मान्यता देने, करेंसी और पासपोर्ट के लिए अरबों रुपये का फंड मांगा है। इस प्रकार पाकिस्तान दो टुकड़ों में बंटने के मुहाने पर खड़ा होकर अपने ही देश में युद्ध लड़ रहा है। Pakistan News