दिल्ली-एनसीआर आज एक बड़े और ऐतिहासिक पल का गवाह बनने जा रहा है। लंबे इंतजार के बाद आज जेवर एयरपोर्ट के उद्घाटन का दिन आ गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज जेवर एयरपोर्ट परियोजना का लोकार्पण करेंगे, जबकि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी इस मौके पर मौजूद रहेंगे।

Jewar Airport : दिल्ली-एनसीआर आज एक बड़े और ऐतिहासिक पल का गवाह बनने जा रहा है। लंबे इंतजार के बाद आज जेवर एयरपोर्ट के उद्घाटन का दिन आ गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज जेवर एयरपोर्ट परियोजना का लोकार्पण करेंगे, जबकि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी इस मौके पर मौजूद रहेंगे। एक ओर इस मेगा प्रोजेक्ट को लेकर पूरे क्षेत्र में उत्साह है, तो दूसरी ओर मौसम ने भी अपना मिजाज बदलकर माहौल को और खास बना दिया है।
नोएडा, ग्रेटर नोएडा और जेवर एयरपोर्ट के आसपास के इलाकों में पश्चिमी विक्षोभ का असर साफ दिखाई दे रहा है। शुक्रवार को हुई हल्की बूंदाबांदी के बाद शनिवार को भी आसमान में बादलों की आवाजाही बनी हुई है। मौसम में आई इस नरमी ने गर्मी के असर को काफी हद तक कम कर दिया है, जिससे जेवर एयरपोर्ट उद्घाटन समारोह में पहुंचने वाले लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। बारिश और ठंडी हवाओं का असर वायु गुणवत्ता पर भी पड़ा है। नोएडा और आसपास के इलाकों में प्रदूषण स्तर में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे जेवर एयरपोर्ट के उद्घाटन के दिन वातावरण अपेक्षाकृत साफ और आरामदायक बना हुआ है। ऐसे में समारोह में शामिल होने वाले लोगों के लिए मौसम एक तरह से राहत भरी खबर लेकर आया है।
मौसम विभाग ने नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ, बुलंदशहर समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों के लिए बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। अनुमान है कि जेवर एयरपोर्ट और उसके आसपास के क्षेत्र में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इसके साथ ही 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना भी जताई गई है। तापमान की बात करें तो नोएडा और जेवर एयरपोर्ट क्षेत्र में अधिकतम तापमान 32 से 33 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान करीब 18 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के संकेत बताते हैं कि 31 मार्च तक रुक-रुक कर बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। हालांकि अप्रैल की शुरुआत के साथ मौसम दोबारा साफ होने और तापमान बढ़ने के आसार हैं।
प्रधानमंत्री के कार्यक्रम को देखते हुए जेवर एयरपोर्ट और उसके आसपास का पूरा इलाका हाई सिक्योरिटी जोन में तब्दील कर दिया गया है। सुरक्षा व्यवस्था को कई स्तरों पर मजबूत किया गया है, ताकि उद्घाटन समारोह बिना किसी बाधा के संपन्न हो सके। जेवर एयरपोर्ट परिसर और आसपास के इलाकों में एसपीजी, एटीएस और भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है। सुरक्षा एजेंसियों ने एंटी-ड्रोन सिस्टम भी सक्रिय कर दिया है, जबकि निगरानी के लिए बड़े पैमाने पर सीसीटीवी कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है। भीड़ प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए पार्किंग की विशेष व्यवस्था की गई है, ताकि जेवर एयरपोर्ट उद्घाटन कार्यक्रम में आने वाले लोगों को किसी तरह की अव्यवस्था का सामना न करना पड़े।
विशेषज्ञों की नजर में जेवर एयरपोर्ट का शुभारंभ सिर्फ एक एयरपोर्ट की शुरुआत नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र के विकास मॉडल में बड़ा बदलाव साबित हो सकता है। इससे नोएडा, ग्रेटर नोएडा, बुलंदशहर, अलीगढ़, आगरा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों को सीधा फायदा मिलने की संभावना है। निवेश, लॉजिस्टिक्स, औद्योगिक विस्तार, रियल एस्टेट और रोजगार के लिहाज से जेवर एयरपोर्ट एक गेमचेंजर परियोजना माना जा रहा है। कनेक्टिविटी मजबूत होने से दिल्ली-एनसीआर का दबाव भी कम हो सकता है और अंतरराष्ट्रीय यात्रा के लिए एक नया बड़ा विकल्प सामने आएगा। यही वजह है कि जेवर एयरपोर्ट को केवल एक परिवहन परियोजना नहीं, बल्कि क्षेत्रीय विकास के इंजन के तौर पर देखा जा रहा है। Jewar Airport