प्लेन के टायर में कौन सी गैस होती है? जवाब सुनकर घूम जाएगा दिमाग
भारत
चेतना मंच
30 Nov 2025 11:41 AM
आपने अब तक प्लेन में सफर किया होगा या कम से कम उड़ते हुए तो जरूर देखा होगा। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि जिस प्लेन पर आप उड़ते हैं उसके टायरों में कैसी हवा भरी जाती है? अगर आप सोच रहे हैं कि इसमें भी वही हवा होती है जो कार या बाइक के टायरों में होती है तो आप गलत हैं। दरअसल, प्लेन के टायरों में सामान्य हवा नहीं बल्कि एक खास गैस भरी जाती है और इस गैस के साइंस का कमाल पीछे छिपा है। Why Nitrogen in Airplane Tyres
प्लेन के टायर में कौन सी गैस भरी जाती है?
हवाई जहाज के टायरों में साधारण हवा की जगह 'नाइट्रोजन गैस' (Nitrogen Gas) भरी जाती है। यह वही गैस है जो हम रोज सांस में लेते हैं लेकिन इसका इस्तेमाल प्लेन के टायरों में इसलिए किया जाता है क्योंकि यह गैस बेहद सुरक्षित, स्थिर और कम रासायनिक प्रतिक्रिया वाली (Less Reactive) होती है।
आग से सुरक्षा है सबसे बड़ी वजह!
जब कोई विमान टेकऑफ या लैंड करता है तो टायरों पर अत्यधिक दबाव और घर्षण (friction) पड़ता है। ऐसे में अगर टायरों में सामान्य हवा भरी हो जिसमें ऑक्सीजन होती है तो आग लगने का खतरा बढ़ सकता है। लेकिन नाइट्रोजन गैस नॉन-फ्लेमेबल (अग्निरोधक) होती है यानी इससे आग लगने की संभावना ना के बराबर हो जाती है।
क्यों किया जाता है इसका उपयोग?
नाइट्रोजन गैस की खासियत यह है कि यह बहुत ही कम प्रतिक्रियाशील (inert) होती है। इसका मतलब है कि यह टायर के अंदर मौजूद अन्य तत्वों या बढ़ते तापमान और दबाव के साथ रासायनिक प्रतिक्रिया नहीं करती। यही कारण है कि प्लेन जैसे हाई-स्पीड, हाई-रिस्क वाहनों में इसका उपयोग किया जाता है। नाइट्रोजन गैस के अणु दो नाइट्रोजन परमाणुओं (N₂) से मिलकर बने होते हैं, जो आपस में एक मजबूत ट्रिपल बॉन्ड से जुड़े रहते हैं। यह बॉन्ड इतना मजबूत होता है कि इसे तोड़ना बेहद मुश्किल है। यही मजबूती इस गैस को बेहद स्थिर और सुरक्षित बनाती है।
चाहे प्लेन जमीन से हजारों फीट ऊपर उड़ रहा हो या रनवे पर 300 km/h की रफ्तार से लैंड कर रहा हो नाइट्रोजन गैस का व्यवहार स्थिर रहता है। न तो यह आसानी से गर्म होती है, न ही दबाव बढ़ने पर प्रतिक्रिया देती है। कुछ लोग पूछते हैं, "क्या प्लेन के टायरों में Helium डाली जाती है?" जवाब है नहीं। हीलियम के अणु छोटे होते हैं, जो रबर टायर से जल्दी रिस सकते हैं और यह काफी महंगी भी होती है। इसलिए इसका उपयोग नहीं किया जाता। इसके मुकाबले, नाइट्रोजन ज्यादा टिकाऊ, सस्ती और सुरक्षित है। Why Nitrogen in Airplane Tyres