ज्यादातर लोग तुलसी उगाने में करते हैं बड़ी गलती, आज ही जानें सही तरीका
इसमें एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-वायरल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं जो कई बीमारियों और संक्रमण से बचाव में मदद करते हैं। यदि इसे सही तरीके से घर में उगाया जाए तो यह सर्दी-जुकाम, इंफेक्शन और अन्य सामान्य रोगों से रक्षा कर सकता है।

तुलसी सिर्फ एक पौधा नहीं बल्कि स्वास्थ्य का एक महत्वपूर्ण खजाना है। इसे सुपर हर्ब कहा जाता है क्योंकि इसमें एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-वायरल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं जो कई बीमारियों और संक्रमण से बचाव में मदद करते हैं। यदि इसे सही तरीके से घर में उगाया जाए तो यह सर्दी-जुकाम, इंफेक्शन और अन्य सामान्य रोगों से रक्षा कर सकता है।
तुलसी का पौधा उगाने का सही तरीका
तुलसी का पौधा उगाने के लिए सबसे पहले सही बीज और गमला चुनना जरूरी है। बीज आप पुराने तुलसी के पौधे से ले सकते हैं या नर्सरी और ऑनलाइन स्टोर से खरीद सकते हैं। गमला लगभग 8 से 12 इंच का होना चाहिए और उसमें जल निकासी के लिए छेद मौजूद होना चाहिए। मिट्टी हल्की, उपजाऊ और जल निकासी वाली होनी चाहिए ताकि पौधा तेजी से बढ़ सके।
तुलसी को मिलनी चाहिए पर्याप्त धूप
तुलसी के बीज को मिट्टी की सतह से लगभग 1/8 से 1/4 इंच गहराई में बोना चाहिए और पौधे को पर्याप्त धूप मिलनी चाहिए। सिंचाई करते समय ध्यान रखें कि पानी सिर्फ मिट्टी सूखने पर ही दें। बहुत अधिक पानी डालने से पौधा खराब हो सकता है। सही देखभाल और पर्याप्त धूप मिलने पर तुलसी का पौधा 10 दिन में अंकुरित होने लगता है और धीरे-धीरे पूरे साल हरा-भरा रहता है।
तुलसी के फायदे
तुलसी के नियमित सेवन से शरीर और मन दोनों को फायदा होता है। यह ब्लड शुगर को नियंत्रित कर डायबिटीज रोगियों को राहत देता है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स हृदय को स्वस्थ रखते हैं और ब्लड प्रेशर को संतुलित करते हैं। तुलसी का रस त्वचा की समस्याओं को कम करता है और बालों को मजबूत बनाता है। इसके पत्तों का रोजाना सेवन शरीर की इम्यून पावर को बढ़ाता है और सर्दी-जुकाम जैसी बीमारियों से बचाव करता है। इसके अलावा तुलसी शरीर में कॉर्टिसोल लेवल को नियंत्रित करके मानसिक स्वास्थ्य को भी बेहतर बनाती है।
कैसे करें तुलसी का सेवन?
हालांकि, तुलसी की तासीर गर्म होती है इसलिए इसका सेवन सीमित मात्रा में करना ही ठीक माना जाता है। तुलसी से कुछ लोगों को बचना चाहिए जैसे जिनको इससे एलर्जी हो, गर्भवती या स्तनपान कराने वाली महिलाएं, सर्जरी से पहले या बाद में लोग, हाइपोग्लाइसीमिया और थायराइड के मरीज। घर में तुलसी का पौधा सही देखभाल के साथ उगाना आसान है और यह न सिर्फ आपके घर को हरा-भरा बनाता है बल्कि स्वास्थ्य और ताजगी का भी पूरा लाभ देता है।
तुलसी सिर्फ एक पौधा नहीं बल्कि स्वास्थ्य का एक महत्वपूर्ण खजाना है। इसे सुपर हर्ब कहा जाता है क्योंकि इसमें एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-वायरल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं जो कई बीमारियों और संक्रमण से बचाव में मदद करते हैं। यदि इसे सही तरीके से घर में उगाया जाए तो यह सर्दी-जुकाम, इंफेक्शन और अन्य सामान्य रोगों से रक्षा कर सकता है।
तुलसी का पौधा उगाने का सही तरीका
तुलसी का पौधा उगाने के लिए सबसे पहले सही बीज और गमला चुनना जरूरी है। बीज आप पुराने तुलसी के पौधे से ले सकते हैं या नर्सरी और ऑनलाइन स्टोर से खरीद सकते हैं। गमला लगभग 8 से 12 इंच का होना चाहिए और उसमें जल निकासी के लिए छेद मौजूद होना चाहिए। मिट्टी हल्की, उपजाऊ और जल निकासी वाली होनी चाहिए ताकि पौधा तेजी से बढ़ सके।
तुलसी को मिलनी चाहिए पर्याप्त धूप
तुलसी के बीज को मिट्टी की सतह से लगभग 1/8 से 1/4 इंच गहराई में बोना चाहिए और पौधे को पर्याप्त धूप मिलनी चाहिए। सिंचाई करते समय ध्यान रखें कि पानी सिर्फ मिट्टी सूखने पर ही दें। बहुत अधिक पानी डालने से पौधा खराब हो सकता है। सही देखभाल और पर्याप्त धूप मिलने पर तुलसी का पौधा 10 दिन में अंकुरित होने लगता है और धीरे-धीरे पूरे साल हरा-भरा रहता है।
तुलसी के फायदे
तुलसी के नियमित सेवन से शरीर और मन दोनों को फायदा होता है। यह ब्लड शुगर को नियंत्रित कर डायबिटीज रोगियों को राहत देता है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स हृदय को स्वस्थ रखते हैं और ब्लड प्रेशर को संतुलित करते हैं। तुलसी का रस त्वचा की समस्याओं को कम करता है और बालों को मजबूत बनाता है। इसके पत्तों का रोजाना सेवन शरीर की इम्यून पावर को बढ़ाता है और सर्दी-जुकाम जैसी बीमारियों से बचाव करता है। इसके अलावा तुलसी शरीर में कॉर्टिसोल लेवल को नियंत्रित करके मानसिक स्वास्थ्य को भी बेहतर बनाती है।
कैसे करें तुलसी का सेवन?
हालांकि, तुलसी की तासीर गर्म होती है इसलिए इसका सेवन सीमित मात्रा में करना ही ठीक माना जाता है। तुलसी से कुछ लोगों को बचना चाहिए जैसे जिनको इससे एलर्जी हो, गर्भवती या स्तनपान कराने वाली महिलाएं, सर्जरी से पहले या बाद में लोग, हाइपोग्लाइसीमिया और थायराइड के मरीज। घर में तुलसी का पौधा सही देखभाल के साथ उगाना आसान है और यह न सिर्फ आपके घर को हरा-भरा बनाता है बल्कि स्वास्थ्य और ताजगी का भी पूरा लाभ देता है।












