चीन-पाक सीमा पर भारत अनंत शस्त्र मिसाइल करेगा तैनात, 30,000 करोड़ का होगा प्रोजेक्ट
भारत
चेतना मंच
27 Sep 2025 04:22 PM
रक्षा क्षेत्र में भारत ने आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। भारतीय सेना ने पाकिस्तान और चीन से लगी सीमाओं पर अपनी वायु रक्षा मजबूत करने के लिए अनंत शस्त्र सतह-से-हवा में मार करने वाली मिसाइल सिस्टम की 5 से 6 रेजिमेंट खरीदने के लिए टेंडर जारी किया है। इस प्रणाली को खरीदने के लिए भारत ने 30,000 करोड़ का प्रोजेक्ट बनाया है और टेंडर जारी किया है। इस मिसाइल प्रणाली को चीन-पाक सीमा पर तैनाती होने से सीमा की सुरक्षा सुनिश्चित हो सकेगी। New Delhi News :
क्या है यह मिसाइल प्रणाली?
* इसे डीआरडीओ द्वारा विकसित किया गया है।
* पहले इसे क्यूआरएसएम (क्विक रिएक्शन सर्फेस टू एयर मिसाइल) कहा जाता था।
* लगभग 30 किमी की रेंज वाली यह प्रणाली तेज और फुतीर्ली है, चलते-चलते दुश्मन को खोज सकती है और मिसाइल दाग सकती है।
* यह भारत की मौजूदा एमआरएसएएम, आकाश और एएडी प्रणालियों के साथ मिलकर सीमाओं की सुरक्षा को और मजबूत करेगी।
तैनाती और उपयोग
* सिस्टम को पश्चिमी और उत्तरी सीमाओं पर तैनात किया जाएगा।
* आॅपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तानी ड्रोन हमलों को रोकने में सेना की एयर डिफेंस इकाइयों ने अहम भूमिका निभाई थी।
* ट्रायल्स में दिन-रात आॅपरेशन में मिसाइल प्रणाली का प्रदर्शन सफल रहा।
* इस परियोजना में कुल लगभग 30,000 करोड़ रुपये का निवेश होने का अनुमान है। टेंडर सरकारी कंपनी भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (बीईएल) को जारी किया गया है।
आगे की तैयारी
आर्मी एयर डिफेंस को भविष्य में नए राडार, कम दूरी के एयर डिफेंस सिस्टम, जैमर और लेजर आधारित सिस्टम भी मिलेंगे। इनका उद्देश्य पाकिस्तान और चीन द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले ड्रोन और अन्य हवाई खतरे से निपटना है। सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने लगातार देसी हथियारों के इस्तेमाल पर जोर दिया है। यह कदम न केवल मेक इन इंडिया को मजबूती देगा, बल्कि भारतीय सेना की सीमाओं पर तैयारियों को भी नई ऊंचाई देगा। New Delhi News