
Agnipath Yojana : केंद्रीय रक्षा मंत्री द्वारा हाल ही में लांच की गई अग्निपथ योजना का विरोध शुरु हो गया है। सेना में चार साल के लिए नौकरी करना युवाओं को पसंद नहीं आ रहा है। अग्निपथ योजना के खिलाफ अलग-अलग राज्यों में युवा विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। बिहार और राजस्थान में इस योजना के खिलाफ युवा सड़क पर उतर आए हैं, यह युवक नौकरी की सुरक्षा और पेंशन की मांग कर रहे हैं।
बिहार के आरा रेलवे स्टेशन पर सेना में भर्ती नौकरी की चाह रखने वालों ने विरोध प्रदर्शन किया। इन लोगों का यह प्रदर्शन लगातार दूसरे दिन भी जारी है, छात्र केंद्र सरकार के खिलाफ इस योजना को लेकर विरोध कर रहे हैं। बक्सर जिले की बात करें तो यहां 100 से अधिक युवाओं ने रेलवे स्टेशन पर प्रदर्शन किया, इन लोगों ने रेलवे ट्रैक पर ही स्क्वॉट किया, पटना से जाने वाली जनशताब्दी एक्सप्रेस को रोक दिया, जिसके चलते 30 मिनट तक ट्रेन आगे नहीं जा सकी। प्रदर्शनकारी छात्र सरकार की योजना के खिलाफ नारे लगा रहे थे। बिहार के नवादा में भी बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हुए और अग्निपथ भर्ती योजना का विरोध किया।
मुजफ्फरनगर शहर की बात करें तो यहां बड़ी संख्या में सेना में भर्ती के उम्मीदवारों ने सड़क पर प्रदर्शन किया, टायर जलाए। यही नहीं राजस्थान के अजमेर दिल्ली हाइवे को राजस्थान के जयपुर में छात्रों ने रोक दिया। युवाओं ने इस रास्ते को बंद कर दिया और बीच सड़क पर विरोध प्रदर्शन किया। राजस्थान के कर्धनी स्टेशन के एसएचओ बनवारी मीणा ने बताया कि तकरीबन 150 प्रदर्शनकारियों ने हाइवे को बंद कर दिया और सेना में भर्ती की पुरानी प्रक्रिया को बहाल किए जाने की मांग की। रास्ते को प्रदर्शनकारियों से खाली करा लिया गया और 10 लोगों को हिरासत में लिया गया है।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि दो साल के बाद सेना में भर्ती की शुरुआत हुई है और उसके बाद भी भविष्य को लेकर कोई निश्चितता नहीं है। अगर 4 साल के बाद सेवा विस्तार नहीं होता है तो हम क्या करेंगे। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने सरकार की इस योजना का विरोध किया है।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि हम सेना में भर्ती के लिए कड़ी मेहनत करते हैं,आखिर चार महीने की ट्रेनिंग के बाद चार साल की नौकरी का क्या होगा। आखिर हम कैसे तीन साल की ट्रेनिंग के बाद हम देश की रक्षा करेंगे। सरकार को इस स्कीम को वापस लेना चाहिए। एक अन्य प्रदर्शनकारी ने कहा कि चार साल के बाद हम कहां जाएंगे। हम चार साल की नौकरी के बाद बेघर हो जाएंगे। इसीलिए हमने सड़क जाम कर दी, देश के नेताओं को अब पता चलेगा कि युवा जागरूक है।