भारत में एक बार फिर दिखाई देगा चन्द्र ग्रहण, देख सकेंगे ब्लड मून

स बार पडऩे वाले चन्द्र ग्रहण के समय आप लाल चाँद यानी कि ब्लड मून (Blood Moon) भी देख सकते हैं। चन्द्र ग्रहण के अवसर पर ब्लड मून (Blood Moon) देखना किसी रोमांचकारी दृश्य को देखने से कम नहीं होता है। चन्द्र ग्रहण के दिन ब्लड मून (Blood Moon) देखने वाले इसके दृश्य को आजीवन याद रखते हैं।

ब्लड मून
ब्लड मून
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar06 Mar 2026 05:14 PM
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Chandra Grahan 2026 : तीन मार्च (3 March) को भारत में चन्द्र ग्रहण था। बहुत सारे लोग चन्द्र ग्रहण का अद्भुत नजारा देखने से वंचित रह गए हैं। चिंता की कोई बात नहीं है भारत में जल्दी ही एक बार फिर चन्द्र ग्रहण नजर आएगा। इस बार पडऩे वाले चन्द्र ग्रहण के समय आप लाल चाँद यानी कि ब्लड मून (Blood Moon) भी देख सकते हैं। चन्द्र ग्रहण के अवसर पर ब्लड मून (Blood Moon) देखना किसी रोमांचकारी दृश्य को देखने से कम नहीं होता है। चन्द्र ग्रहण के दिन ब्लड मून (Blood Moon) देखने वाले इसके दृश्य को आजीवन याद रखते हैं।

अगस्त में होगा दूसरा तथा साल 2026 का अंतिम चन्द्र ग्रहण

आपको बता दें कि वर्ष-2026 का दूसरा चन्द्र ग्रहण अगस्त 2026 के महीने में होगा। अगस्त में होने वाला चन्द्र ग्रहण वर्ष-2026 का दूसरा तथा इस वर्ष का अंतिम चन्द्र ग्रहण होगा। विशेषज्ञों के अनुसार अगस्त 2026 में पडऩे वाला चन्द्र ग्रहण 27 तथा 28 अगस्त की रात में पड़ेगा। अगस्त में पडऩे वाला चन्द्र ग्रहण आंशिक चन्द्र ग्रहण होगा,  किन्तु इस अवसर पर ब्लड मून देखने को मिलेगा। विशेषज्ञों का कहना है कि ब्लड मून वह स्थिति होती है जब चन्द्र ग्रहण के कारण चाँद का एक भाग गर्म तांबे.... की तरह सुर्ख लाल रंग का नजर आता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि इस दौरान पृथ्वी की गहरी छाया (Umbra) चंद्रमा के लगभग 93 प्रतिशत हिस्से को ढंक लेगी। जब पृथ्वी की परछाई चांद पर पड़ती है, तो सूर्य की किरणें पृथ्वी के वायुमंडल से टकराकर मुड़ जाती हैं, जिससे चांद पूरी तरह काला होने की बजाय गहरा लाल दिखाई देने लगता है।

पौने 6 घंटे तक रहेगा चन्द्र ग्रहण

अगस्त 2026 में  27 तथा 28 अगस्त की रात को पड़ने वाला चन्द्र ग्रहण पूरे पौने 6 घंटे का होगा। इस चन्द्र ग्रहण को पूरा होने में लगभग 5 घंटे 39 मिनट का समय लगेगा. 28 अगस्त को भारतीय समयानुसार (IST) दोपहर के वक्त शुरू होगा, लेकिन इसकी वैश्विक शुरुआत 01:23 UTC से होगी। यानी भारतीय के लिए यह समय 28 अगस्त की सुबह करीब 6:53 बजे शुरू होगा। ग्रहण का सबसे शानदार नजारा 04:41 UTC पर दिखेगा. चूँकि भारत में यह समय सुबह 06:53 से दोपहर 12:32 के बीच का है, इसलिए भारत में उस समय सूरज चमक रहा होगा और दिन का उजाला होगा। यही वजह है कि खगोलीय रूप से भारत में यह ग्रहण खुली आंखों से दृश्यमान (Visible) नहीं होगा। इसकी समाप्ति 07:02 UTC पर होगी। Chandra Grahan 2026




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राजस्थान के लाल ने कर दिया कमाल, UPSC में गाड़ा झंडा

राजस्थान के इस बेटे की पूरे देश में खूब सराहना हो रही है। लोग बोल रहे हैं कि राजस्थान के लाल ने बड़ा कमाल कर दिया है। भारत में लाड़ले बेटे को लाल कहकर संबोधित किया जाता है।

UPSC टॉपर अनुज अग्निहोत्री
UPSC टॉपर अनुज अग्निहोत्री
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar06 Mar 2026 04:28 PM
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UPSC Result 2025 final result : राजस्थान प्रदेश के बेटे अनुज अग्निहोत्री ने बड़ा कमाल कर दिया है। मूल रूप से राजस्थान प्रदेश के रहने वाले अनुज अग्निहोत्री ने संघ लोक सेवा आयोग UPSC की वर्ष-2025 की परीक्षा में पूरे देश को टॉप किया है। राजस्थान के इस बेटे की पूरे देश में खूब सराहना हो रही है। लोग बोल रहे हैं कि राजस्थान के लाल ने बड़ा कमाल कर दिया है। भारत में लाड़ले बेटे को लाल कहकर संबोधित किया जाता है।

भारत की सबसे कठिन परीक्षा में गाड़ दिया झंडा

राजस्थान प्रदेश के रहने वाले डॉक्टर अनुज अग्निहोत्री ने UPSC की परीक्षा-2025 में टॉप किया है। UPSC की परीक्षा के द्वारा ही भारत में IAS तथा IPS अधिकारी बनते हैं। UPSC की परीक्षा को भारत की सबसे प्रतिष्ठित तथा सबसे कठिन परीक्षा माना जाता है। UPSC की परीक्षा देने के लिए हर साल लाखों की संख्या में युवक तथा युवतियों आवेदन करते हैं। इन लाखों आवेदकों में से मात्र कुछ सैकड़ा अभ्यार्थी ही सफल हो पाते हैं। UPSC की परीक्षा में तीन चरण होते हैं। UPSC की परीक्षा के प्रथम चरण में प्रारंभिक परीक्षा (Prelims) होती है। UPSC में Prelims में पास होने वाले अभ्यार्थी मुख्य परीक्षा यानि Mains में बैठते हैं। Mains में पास होने वाले अभ्यार्थियों का इंटरव्यू लिया जाता है। इंटरव्यू में पास होने वाले अभ्यार्थी ही IAS, IPS तथा IFS अधिकारी बनते हैं। भारत की सबसे कठोर परीक्षा UPSC में टॉप करके डॉक्टर अनुज अग्निहोत्री सबका लाड़ला बेटा बन गया है।

कौन है डॉक्टर अनुज अग्निहोत्री?

आपको बता दें कि डॉक्टर अनुज अग्निहोत्री मूल रूप से राजस्थान प्रदेश के रहने वाले हैं। वें राजस्थान के चित्तौडग़ढ़ जिले में स्थित रावतभाटा शहर के रहने वाले हैं। डॉक्टर अनुज अग्निहोत्री ने अपनी शुरुआती पढ़ाई अपने ही शहर से पूरी की और इसके बाद उच्च शिक्षा के लिए आगे बढ़े। अनुज की सफलता की कहानी कई युवाओं के लिए प्रेरणादायक बन गई है, क्योंकि उन्होंने मेडिकल क्षेत्र में पढ़ाई करने के बाद प्रशासनिक सेवा की राह चुनी और उसमें सर्वोच्च स्थान हासिल किया। अनुज अग्निहोत्री की स्कूली शिक्षा राजस्थान के रावतभाटा में ही पूरी हुई। पढ़ाई में शुरू से ही मेधावी रहे अनुज ने मेडिकल क्षेत्र में करियर बनाने का फैसला किया। इसके बाद उन्होंने जोधपुर स्थित AIIMS जोधपुर से MBBS की डिग्री हासिल की। मेडिकल की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी शुरू की और कड़ी मेहनत के दम पर UPSC CSE 2025 में ऑल इंडिया रैंक-1 हासिल कर ली।डाक्टर बनकर नहीं हुए संतुष्ट इसलिए दी UPSC की परीक्षा

अनुज अग्निहोत्री MBBS करके डॉक्टर तो जरूर बन गए किन्तु वें डॉक्टर बनकर संतुष्ट नहीं हुए। डॉक्टर बनने के बाद अनुज अग्निहोत्री ने प्रशासनिक सेवा में जाकर समाज के व्यापक स्तर पर काम करने का लक्ष्य तय किया। उनका मानना था कि सिविल सेवा के माध्यम से वे समाज में बड़े स्तर पर बदलाव ला सकते हैं। इसी सोच के साथ उन्होंने UPSC परीक्षा की तैयारी की और अपने पहले ही प्रयासों में शानदार सफलता हासिल करते हुए UPSC की परीक्षा में 2025 में ऑल इंडिया रैंक—3 हासिल कर ली। UPSC Result 2025 final result




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महाराष्ट्र बजट: सीएम फडणवीस ने अजित पवार के नाम पर स्मारक और पुरस्कार की घोषणा की

बजट भाषण के दौरान मंच पर खड़े मुख्यमंत्री फडणवीस भावुक हो गए। उन्होंने कहा, "मेरा दिल भारी है। अजित दादा ने 11 बार बजट पेश किया था। उनके सख्त स्वभाव की वजह से प्रशासन में अनुशासन और कार्यकुशलता की परंपरा बनी रही।"

Maharashtra budget honours Ajit Pawar
सीएम फडणवीस ने बजट भाषण (फाइल फोटो)
locationभारत
userऋषि तिवारी
calendar06 Mar 2026 04:38 PM
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Maharashtra Budget 2026 : महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विधानसभा में बजट पेश करते हुए एक ऐतिहासिक और भावुक पल का साक्षी बनते हुए बड़ी घोषणा की है। सीएम फडणवीस ने पूर्व उपमुख्यमंत्री और वरिष्ठ नेता अजित पवार को श्रद्धांजलि देते हुए यह बजट उन्हें समर्पित कर दिया। साथ ही, उन्होंने अजित पवार की याद में एक भव्य स्मारक बनाने और उनके नाम पर एक प्रतिष्ठित नागरिक पुरस्कार स्थापित करने की घोषणा की।

'अजित दादा' को भावुक श्रद्धांजलि

बजट भाषण के दौरान मंच पर खड़े मुख्यमंत्री फडणवीस भावुक हो गए। उन्होंने कहा, "मेरा दिल भारी है। अजित दादा ने 11 बार बजट पेश किया था। उनके सख्त स्वभाव की वजह से प्रशासन में अनुशासन और कार्यकुशलता की परंपरा बनी रही।" उन्होंने कहा कि उनके काम को श्रद्धांजलि देने के लिए उनका एक भव्य स्मारक बनाया जाएगा और उनके नाम पर एक नागरिक पुरस्कार शुरू किया जाएगा। यह बजट पूरी तरह से उन्हें समर्पित है।

2047 तक का विजन: महाराष्ट्र होगा देश का आर्थिक इंजन

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्य के विकास का रोडमैप भी पेश किया। उन्होंने वर्ष 2047 तक के लक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए कहा कि देश की अर्थव्यवस्था को पांच ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचाने में महाराष्ट्र की भूमिका अहम होगी, क्योंकि राज्य देश के आर्थिक इंजन की तरह है। 'विकसित महाराष्ट्र' के लिए सरकार ने एक विजन दस्तावेज तैयार किया है। सीएम ने बताया कि प्रादेशिक संतुलित विकास के लिए 'प्रगतिशील, सक्षम, सर्वसमावेशी और सुशासन' जैसे चार प्रमुख स्तंभ तय किए गए हैं। इनके तहत 16 उपकेंद्र निर्धारित किए गए हैं और आने वाले हर बजट में इस योजना की झलक दिखाई देगी।

सामाजिक और सांस्कृतिक विरासत को मिली प्राथमिकता

बजट में सामाजिक न्याय और सांस्कृतिक विरासत को भी विशेष प्राथमिकता दी गई है। मुख्यमंत्री ने निम्नलिखित प्रमुख घोषणाएं कीं:

  • महात्मा ज्योतिबा फुले: महात्मा ज्योतिबा फुले की जयंती के 200 वर्ष पूरे होने पर एक समिति का गठन किया जाएगा। इस अवसर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे और इसके लिए विशेष निधि आवंबटित की जाएगी।
  • डॉ. आंबेडकर: डॉ. भीमराव आंबेडकर के शताब्दी वर्ष पर रायगढ़ में आधारभूत सुविधाओं का विकास किया जाएगा। साथ ही, राज्य में इस वर्ष को 'सामाजिक समरसता वर्ष' के रूप में मनाया जाएगा।
  • बाला साहेब ठाकरे: सीएम ने संतोष व्यक्त किया कि शिवसेना प्रमुख बाला साहेब ठाकरे के स्मारक का काम पूरा हो चुका है और जल्द ही उससे जुड़ी कुछ नई योजनाएं भी शुरू की जाएंगी। यह बजट महाराष्ट्र के आर्थिक भविष्य को आकार देने के साथ-साथ राज्य के वरिष्ठ नेताओं के प्रति सम्मान और सामाजिक समरसता का संदेश देने वाला साबित होगा। Maharashtra Budget 2026

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