
Ateeq Ahmed Update : प्रयागराज। राजूपाल हत्याकांड में मुख्य आरोपी उत्तर प्रदेश के माफिया डॉन अतीक अहमद को गुजरात की साबरमती जेल तथा उसके भाई अशरफ को बरेली जेल से प्रयागराज लाया जा रहा है। कल प्रयागराज की एमपी एमएलए कोर्ट उमेश पाल अपहरण कांड में अपना फैसला सुनाएगी। एनकाउंटर के डर के बीच माफिया अतीक अहमद आज सुबह उत्तर प्रदेश की सीमा में दाखिल हुआ। झांसी में उसे 2 घंटे तक पुलिस लाइन में रखा गया। जहां से सुबह 10.30 बजे के करीब अतीक को लेकर पुलिस का काफिला प्रयागराज के लिए निकला।
यूपी में दाखिल होते ही जब काफिला रूका तो माफिया डॉन को लघुशंका के लिए नीचे उतारा गया। इस दौरान मीडिया ने उससे पूछा कि उन्हें एनकाउंटर का डर है। तो माफिया कैमरे पर बोला ‘काहे का डर।’ झांसी में घुसते ही अतीक के काफिले में चल रहे एक वज्र वाहन से गाय टकरा गई जिसके चलते काफिला 10 मिनट तक वहां रूका रहा। माफिया अतीक अहमद का काफिला झांसी से प्रयागराज की ओर निकल चुका है। काफिला तेजी से आगे बढ़ रहा है।
उरई से बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर काफिला निकलेगा और फिर बांदा, चित्रकूट, मानिकपुर होते हुए प्रयागराज की नैनी सेंट्रल जेल तक देर शाम तक पहुंचेगा। अतीक अहमद के यूपी में घुसते ही यूपी पुलिस अलर्ट हो गई है। सभी जिलों के कप्तान अपने जिले में अतीक अहमद के काफिले के रूट को क्लियर करा रहे हैं। पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी अलर्ट में कहा गया कि अतीक अहमद को लाने वाले काफिले के रूट को क्लियर रखा जाए, ट्रैफिक जाम या किसी भी तरह का अवरोध ना आने पाए।
बता दें कि 28 फरवरी 2006 को अतीक अहमद ने राजू पाल हत्याकांड में गवाह रहे उमेश पाल का अपहरण करवा लिया था। उसे कर्बला स्थित कार्यालय में ले जाकर अतीक ने रातभर पीटा और फिर उसके लिखित हलफनामे पर दस्तखत करवा लिए थे। अगले दिन अतीक के गुर्गों ने उमेश पाल अदालत में खड़ा किया और उसकी गवाही भी कोर्ट में करवा दी।
28 फरवरी 2006 को उमेश पाल का अपहरण करवा कर 1 मार्च 2006 को उमेश पाल का कोर्ट में बयान करवा दिया गया था। लेकिन सत्ता बदलते ही बसपा सरकार आते ही 5 जुलाई 2007 को उमेश पाल ने अतीक अहमद अशरफ और उसके गुर्गों के खिलाफ धूमनगंज थाने में अपरहण की एफआईआर दर्ज करवा दी थी।
यूपी पुलिस की टीम रविवार शाम को अतीक को लेकर साबरमती जेल से निकली थी। उसे 6 गाडिय़ों के काफिले से यूपी के प्रयागराज लाया जा रहा है, जिनमें 2 वज्र वाहन भी हैं। अतीक को वज्र वाहन से ही लाया जा रहा है. अतीक को लाने वाली टीम में 45 पुलिसकर्मी हैं। अतीक को मंगलवार को कोर्ट में उसकी पेशी होनी है। उमेश पाल के अपहरण मामले में अतीक आरोपी है। कोर्ट इस मामले में 28 मार्च को फैसला सुनाएगी। इस दौरान सभी अभियुक्तों को कोर्ट में पेश होना है।
यूपी में दाखिल होने के बाद थोड़ी देर के लिए अतीक अहमद का काफिला झांसी पुलिस लाइन में रूका। अतीक के पुलिस लाइन में रूकने से परिवार डर गया। गुजरात से काफिले के पीछे-पीछे आ रही अतीक की बहन ने एनकाउंटर का डर जताया। अतीक को लेकर यूपी पुलिस तेजी से प्रयागराज की ओर बढ़ रही है. शाम तक प्रयागराज पहुंचने की उम्मीद है।
गैंगस्टर अतीक अहमद को गुजरात की साबरमती जेल से प्रयागराज लाया जा रहा है। जब अतीक का काफिला शिवपुरी जिले में चेकपोस्ट से गुजर रहा था, तभी वहां अचानक एक गाय आ गई। काफिले की बैन से टकराने के बाद गाय की मौके पर ही मौत हो गई।
माफिया अतीक अहमद को गुजरात की साबरमती जेल से प्रयागराज लाए जाने के दौरान काफिले के साथ उसकी बहन और वकील की गाड़ी भी दौड़ रही थी। माफिया की बहन ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उनके भाई की हालत ठीक नहीं है और उन्हें सडक़ से नहीं लाया जाना चाहिए था। अतीक की बहन ने उसके एनकाउंटर का खतरा भी बताया।