बैंकिंग सिस्टम में बड़ा बदलाव : अब चेक कुछ ही घंटों में होंगे क्लियर
भारत
चेतना मंच
04 Oct 2025 12:43 PM
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने चेक क्लियरेंस प्रक्रिया में बड़े बदलाव की घोषणा की है। नए नियम आज यानी 4 अक्टूबर 2025 से लागू हो गए हैं। अब ग्राहकों का पैसा कुछ ही घंटों में उनके खाते में पहुंच सकेगा, जबकि पहले इसमें 2 दिन तक का समय लगता था। Banking System :
नए सिस्टम के तहत
* सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक सिंगल प्रेजेंटेशन सेशन होगा।
* चेक प्राप्त करने वाली बैंक चेक को स्कैन करके क्लियरिंग हाउस को भेजेगी।
* क्लियरिंग हाउस चेक की तस्वीरें संबंधित बैंकों को तुरंत जारी करेगा।
* इससे हर चेक का निपटान लगभग वास्तविक समय में होगा।
*पहला फेज (4 अक्टूबर 2025 - 2 जनवरी 2026):
* सभी चेकों का आइटम एक्सपायरी टाइम शाम 7 बजे होगा।
* अगर कोई चेक पुष्टिकरण सत्र में कन्फर्म नहीं होता, तो उसे स्वीकार कर लिया जाएगा।
*दूसरा फेज (3 जनवरी 2026 से):
* आइटम एक्सपायरी टाइम को +3 घंटे कर दिया जाएगा।
* तीन घंटे में कन्फर्म न होने पर चेक स्वीकार किया जाएगा और दोपहर 2 बजे सेटलमेंट के लिए शामिल होगा।
* सेटलमेंट प्रक्रिया के बाद ग्राहकों को पेमेंट एक घंटे के भीतर मिल जाएगी।
ग्राहकों को तेज और सुरक्षित पेमेंट की सुविधा
उन इलाकों में जहां डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर पूरी तरह तैयार नहीं है, ग्राहकों को तेज और सुरक्षित पेमेंट सुविधा मिलेगी। बैंकों की बैक-एंड टेक्नोलॉजी को भी अपग्रेड किया गया है। आरबीआई के अनुसार, वित्त वर्ष 2025 में चेक ट्रंकेशन सिस्टम (सीटीएस) के तहत 609.54 मिलियन ट्रांजैक्शन्स हुए, जिनका कुल मूल्य 71.13 ट्रिलियन था। वहीं, वित्त वर्ष 2026 में अब तक ट्रांजैक्शन्स का मूल्य 29.39 ट्रिलियन तक पहुंच चुका है।