खेसारी लाल यादव की विधानसभा सीट पर मतदान हुआ। मतदान चल ही रहा था कि इसी दौरान खेसारी लाल यादव रोते हुए नजर आए। खेसारी लाल यादव के अचानक रोने के पीछे बहुत बड़ा कारण छुपा है। विधानसभा चुनाव में अपनी जीत को पक्का मानने के बाद भी मतदान के दिन खेसारी लाल यादव का रोना चर्चा का विषय बना हुआ है।

बिहार में विधानसभा चुनाव-2025 चल रहा है। बिहार विधानसभा चुनाव में भोजपुरी के सुपर स्टार खेसारी लाल यादव भी चुनाव लड़ रहे हैं। बृहस्पतिवार 6 नवंबर 2025 को खेसारी लाल यादव की विधानसभा सीट पर मतदान हुआ। मतदान चल ही रहा था कि इसी दौरान खेसारी लाल यादव रोते हुए नजर आए। खेसारी लाल यादव के अचानक रोने के पीछे बहुत बड़ा कारण छुपा है।
आपको बता दें कि, भोजपुरी के सुपर स्टार खेसारी लाल यादव बिहार की छपरा विधानसभा सीट से आरजेडी के प्रत्याशी हैं। अनेक विश्लेषक छपरा सीट से खेसारी लाल यादव की जीत को पक्का मान रहे हैं। विधानसभा चुनाव में अपनी जीत को पक्का मानने के बाद भी मतदान के दिन खेसारी लाल यादव का रोना चर्चा का विषय बना हुआ है। खेसारी लाल यादव के रोने के पीछे उनके मुंबई शहर में बंगले का मामला है।
आपको बता दें कि, बिहार के चुनाव में आरजेडी (RJD) का प्रत्याशी बनने के कारण खेसारी लाल यादव मुश्किल में पड़ गए हैं। उनके मुंबई वाले बंगले को लेकर मुंबई के नगर निगम ने अनधिकृत निर्माण के चलते अतिक्रमण का नोटिस भेजा। ऐसे में चर्चा है कि उनके बंगले पर बुलडोजर चल सकता है। इस नोटिस पर बिहार पत्रकारों से बात करते हुए खेसारी रोने लगे। अपनी निराशा जताते हुए उन्होंने अपने मुंबई वाले घर को खून-पसीने की कमाई बताया। पत्रकारों ने जब खेसारी से पूछा कि वोटिंग दौरान आपके पास मुंबई वाले घर को गिराने का नोटिस आ गया? तो जवाब देते हुए खेसारी बेहद भावुक हो गए, हताश होते हुए वो बोले- चलिए, जो भी है। बड़ी शिद्दत से उस घर को बनाया हूं मैं मैंने उस घर को खून पसीना एक कर के बनाया है। अब अगर भगवान की यही मर्जी है तो मैं क्या कर सकता हूं।
यह पूछे जाने पर कि मुंबई नगर निगम ने इसे अवैध अतिक्रमण कह दिया है। तो खेसारी बोले- ठीक है, आगे क्या होगा क्या पता, मैंने बोला कि कल क्या होगा, उसका मुझे पता नहीं. मैं आज हूं, जहां हूं, मैं लड़ने आया हूं व्यवस्था के लिए। अपनी बिहार की जनता के लिए, बेहतर रोजगार के लिए, बेहतर शिक्षा के लिए, मैं चाहता हूं कि एक मौका तेजस्वी जी को मिलना चाहिए। जब आप सरकार बदलते हो तो परिवर्तन होता है। एक डर भी होता है कि हम बेहतर काम नहीं करेंगे तो जनता हमें भी बदल देगी। बीएमसी के आदेश पर मलाल जताते हुए खेसारी ने कहा कि, "देखिए अब आगे क्या होता है नहीं होता है, नहीं पता मुझे लेकिन वो सपनों का घर है मेरा।"