Bihar Assembly Elections 2025 : जेडीयू की मुस्लिम उम्मीदवारों की सूची में गिरावट, एनडीए पर सवाल
भारत
चेतना मंच
16 Oct 2025 04:06 PM
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 (Bihar Assembly Elections 2025) के लिए एनडीए (नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस) के घटक दलों ने अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है, लेकिन इस बार जेडीयू के द्वारा मुस्लिम उम्मीदवारों की संख्या में भारी गिरावट देखने को मिली है। जेडीयू ने अपने 57 उम्मीदवारों की पहली सूची में सिर्फ 4 मुस्लिम उम्मीदवारों को मौका दिया है, जबकि 2020 के चुनाव में पार्टी ने 11 मुस्लिम उम्मीदवारों को मैदान में उतारा था। यह सवाल खड़ा कर रहा है कि क्या नीतीश कुमार की पार्टी अब मुस्लिम समाज का विश्वास खो चुकी है? - Bihar Assembly Elections 2025
Bihar Assembly Elections 2025 : जातीय समीकरण का महत्व
बिहार की राजनीति में जातीय समीकरण की अहम भूमिका है, और इसे ध्यान में रखते हुए राजद (राजद) ने पहले ही मुस्लिम-यादव समीकरण बना लिया था। वहीं, नीतीश कुमार ने जबसे लालू यादव का साथ छोड़ा है, तब से उन्होंने विभिन्न जातियों को साधने की कोशिश की है। इसी रणनीति के तहत जेडीयू ने हमेशा से जातीय विविधताओं को ध्यान में रखते हुए उम्मीदवारों का चयन किया है। लेकिन इस बार के चुनाव में मुस्लिम उम्मीदवारों की संख्या में घटौती ने पार्टी के समर्थन आधार को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
Bihar Assembly Elections 2025 : 2015 और 2020 के चुनावों में बदलाव
2015 में जब जेडीयू ने आरजेडी के साथ गठबंधन किया था, तब पार्टी ने 7 मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट दिया था। हालांकि, 2020 में जब जेडीयू ने 11 मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट दिया, तो वह सभी हार गए थे। इस हार ने जेडीयू को यह सोचने पर मजबूर किया कि क्या मुस्लिम वोटों के बिना चुनावी रणनीति को फिर से तैयार करना होगा।
Bihar Assembly Elections 2025 : मुस्लिम वोट बैंक पर असर
मुस्लिम समाज का बड़ा हिस्सा नीतीश कुमार की सरकार के प्रति सकारात्मक था, खासकर तब जब उन्होंने मुस्लिम समुदाय के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं लागू की थीं। हालांकि, 2020 के चुनावों में जेडीयू को मुस्लिम वोट नहीं मिल पाए, जिससे पार्टी के भीतर यह चिंता बढ़ी कि कहीं मुस्लिम वोट बैंक खो न जाए। भाजपा के साथ कई सालों तक गठबंधन रखने के बाद, मुसलमानों में जेडीयू के प्रति नाराजगी पाई गई थी, जो इफ्तार पार्टी के बहिष्कार जैसी घटनाओं में भी देखने को मिली।
Bihar Assembly Elections 2025 :एनडीए के अन्य घटक दलों की बात करें
एनडीए के अन्य घटक दलों की बात करें तो, जेडीयू को छोड़कर किसी अन्य दल ने मुस्लिम उम्मीदवारों का नाम घोषित नहीं किया है। भाजपा, हम , लोजपा-आर और आरएलएम ने मुस्लिम उम्मीदवारों को नजरअंदाज किया, जबकि जेडीयू ने 4 मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट देने का फैसला किया। यह एनडीए के मुस्लिम वोटों के प्रति दृष्टिकोण पर सवाल उठाता है, खासकर जब बिहार की मुस्लिम आबादी लगभग 17 प्रतिशत है।
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में जेडीयू द्वारा मुस्लिम उम्मीदवारों की संख्या में गिरावट यह संकेत दे रही है कि पार्टी अब मुस्लिम वोट बैंक पर भरोसा नहीं कर रही। हालांकि, इस बदलाव के कारणों पर विस्तृत चर्चा की आवश्यकता है, लेकिन यह साफ है कि जेडीयू और एनडीए की चुनावी रणनीति में मुस्लिम वोटों की अनदेखी की जा रही है। बिहार की सियासत में जातीय समीकरण का ध्यान रखते हुए यह देखा जाना होगा कि आगामी चुनावों में यह बदलाव किस हद तक असरदार साबित होता है।