बिहार में कांग्रेस ने अपने संगठन को नई दिशा देने की कोशिश के तहत बड़ा संगठनात्मक फेरबदल किया है। पार्टी ने राज्य के 53 संगठनात्मक जिलों के लिए नए जिलाध्यक्षों की नियुक्ति कर दी है। इस संबंध में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने सोमवार देर रात सूची जारी की।

Bihar News : बिहार में कांग्रेस ने अपने संगठन को नई दिशा देने की कोशिश के तहत बड़ा संगठनात्मक फेरबदल किया है। पार्टी ने राज्य के 53 संगठनात्मक जिलों के लिए नए जिलाध्यक्षों की नियुक्ति कर दी है। इस संबंध में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने सोमवार देर रात सूची जारी की। माना जा रहा है कि यह फैसला बिहार में कांग्रेस को जमीनी स्तर पर फिर से सक्रिय और प्रभावी बनाने की रणनीति का हिस्सा है।
कांग्रेस की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, जिलाध्यक्षों की नियुक्ति कोई औपचारिक प्रक्रिया भर नहीं थी। प्रत्येक जिले के लिए नियुक्त केंद्रीय पर्यवेक्षकों ने स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं से बातचीत के बाद अपनी रिपोर्ट तैयार की थी। उसी रिपोर्ट और सुझावों के आधार पर पार्टी नेतृत्व ने इन नामों पर अंतिम मुहर लगाई। इससे यह संकेत देने की कोशिश की गई है कि संगठन में नीचे से ऊपर तक संवाद के बाद जिम्मेदारियां बांटी गई हैं। नई सूची का सबसे अहम पहलू यह है कि 53 जिलाध्यक्षों में 43 चेहरे बिल्कुल नए हैं। यानी कांग्रेस ने इस बार बड़ी संख्या में नए नेताओं को आगे बढ़ाने का फैसला किया है। वहीं 10 पुराने नेताओं को दोबारा जिम्मेदारी देकर यह भी दिखाया गया है कि पार्टी अनुभव और निरंतरता को पूरी तरह नजरअंदाज नहीं करना चाहती। यह संतुलन आने वाले समय में संगठन की कार्यशैली पर असर डाल सकता है।
बिहार की राजनीति में कांग्रेस कभी बड़ी ताकत हुआ करती थी, लेकिन पिछले करीब 36 साल से पार्टी सत्ता के केंद्र से दूर है। राज्य में कांग्रेस का आखिरी मुख्यमंत्री बनने के बाद से पार्टी लगातार अपनी पुरानी पकड़ और जनाधार वापस पाने की कोशिश में जुटी है। गठबंधन की राजनीति में उसकी मौजूदगी जरूर बनी रही, लेकिन स्वतंत्र राजनीतिक ताकत के रूप में वह अब तक खुद को मजबूती से स्थापित नहीं कर सकी है।
बिहार कांग्रेस की राजनीति लंबे समय से एक अहम सवाल के इर्द-गिर्द घूमती रही है। सवाल यह है कि पार्टी को राष्ट्रीय जनता दल के साथ रहकर भाजपा के खिलाफ लड़ाई जारी रखनी चाहिए या फिर अपनी अलग राजनीतिक पहचान बनाने की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए। पार्टी के भीतर दोनों तरह की राय मौजूद है। एक धड़ा मानता है कि भाजपा को रोकने के लिए राजद के साथ बने रहना जरूरी है, जबकि दूसरा धड़ा चाहता है कि कांग्रेस को बिहार में अपनी अलग लाइन और स्वतंत्र जनाधार तैयार करना चाहिए। बिहार कांग्रेस का मौजूदा नेतृत्व कई मौकों पर यह संकेत देता रहा है कि पार्टी को सहयोगी दलों की छाया से बाहर निकलकर अपनी राजनीति को नए ढंग से गढ़ना चाहिए। हालांकि, इस सोच को केंद्रीय नेतृत्व से कितनी सहमति मिलती है, यह हमेशा स्पष्ट नहीं रहा। यही वजह है कि राज्य संगठन की हर बड़ी नियुक्ति को सिर्फ प्रशासनिक निर्णय नहीं, बल्कि राजनीतिक संदेश के रूप में भी देखा जाता है। प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने सूची जारी करते हुए सभी नवनियुक्त जिलाध्यक्षों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि इन नेताओं के कंधों पर संगठन को और अधिक मजबूत, सक्रिय और जनसरोकारों से जोड़ने की बड़ी जिम्मेदारी है। उन्होंने यह भी अपील की कि सभी जिलाध्यक्ष कांग्रेस को बूथ स्तर तक मजबूत करें और बिहार में विकास, न्याय तथा बदलाव के अभियान को नई गति दें।
नई नियुक्तियों के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या ये जिलाध्यक्ष कांग्रेस संगठन में नई ऊर्जा भर पाएंगे। क्या ये सिर्फ नामों की घोषणा बनकर रह जाएंगे या फिर जिला स्तर पर संगठन को वाकई सक्रिय करेंगे? बिहार में कांग्रेस की राजनीतिक स्थिति को देखते हुए यह बदलाव बेहद अहम माना जा रहा है। आने वाले महीनों में साफ होगा कि यह सूची सिर्फ संगठनात्मक कागजों तक सीमित रहती है या पार्टी के लिए नई राजनीतिक जमीन तैयार करती है।
अररिया – मासूम रजा
किशनगंज – शहाबुल अख्तर
कटिहार ग्रामीण – सुनील यादव
कटिहार शहरी – संजय सिंह
पूर्णिया शहरी – कुमार आदित्य
पूर्णिया ग्रामीण – अफरोज आलम
सहरसा – मुकेश झा
सुपौल – अनुपम सिंह
मधेपुरा – संतोष सौरभ
दरभंगा ग्रामीण – मिथिलेश चौधरी
दरभंगा शहरी – जमाल हसन
मधुबनी पूर्वी – नलिनी रंजन झा
मधुबनी पश्चिमी – मीना कुशवाहा
सीतामढ़ी – अमित टुन्ना
शिवहर – अफरोज आलम
समस्तीपुर ग्रामीण – सिद्धार्थ क्षत्रिय
समस्तीपुर शहरी – अनिता राम
गया – रजनीश कुमार
शेरघाटी बोधगया – संतोष कुमार
जहानाबाद – संजीव कुमार
अरवल – मोहम्मद कैफ
औरंगाबाद – आनंद शंकर सिंह
नवादा – प्रभाकर झा
कैमूर – राधेश्याम कुशवाहा
रोहतास – जयप्रकाश पांडे
बिहारशरीफ – ओमैर खान
नालंदा – विवेक सिन्हा
शेखपुरा – आनंदी कुमार
लखीसराय – अमरेश अनीष
जमुई – धर्मेंद्र गौतम
मुजफ्फरपुर – अरविंद कुमार मुकुल
कांटी – कृपाशंकर शाही
मोतिहारी – अखिलेश दयाल
गोविंदगंज – शशि भूषण राय
गोपालगंज – ओमप्रकाश गर्ग
छपरा – शंकर चौधरी
सोनपुर – सुधीर राय
सिवान – सुशील कुमार
महाराजगंज – जवाहर भाई
वैशाली ग्रामीण – रंजीत पंडित
वैशाली शहरी – संजय मिश्रा
पटना ग्रामीण 01 – चंदन कुमार
पटना ग्रामीण 02 – गुरजीत सिंह
पटना शहरी – कुमार आशीष
भोजपुर – श्रीधर तिवारी
बक्सर – पंकज उपाध्याय
बेतिया – राकेश यादव
बगहा – नरेश राम
भागलपुर – प्रवीण कुशवाहा
बांका – जितेंद्र सिंह
मुंगेर – राजेश मिश्रा
खगड़िया – चंदन यादव
बेगूसराय – शिव प्रकाश गरीब दास Bihar News