राष्ट्रीय ब्यूरो। अगले साल सात राज्यों में विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में पार्टी कार्यकर्ताओं का असंतोष थामने के लिए भाजपा ने फिर से अपने ‘सहयोग सेल’ को सक्रिय करने का फैसला किया है। अगले सोमवार यानि 11 अक्टूबर से भाजपा मुख्यालय में यह सुविधा दोबारा से बहाल हो जाएगी,जहां केंद्रीय मंत्री पार्टी कार्यकर्ताओं की समस्याओं को सुनेंगे और मौके पर उनका निदान करेंगे।
उल्लेखनीय है कि 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सत्ता संभालने के बाद ‘सहयोग सेल’ का गठन कर इसके माध्यम से कार्यकर्ताओं की समस्याओं को सुनने की प्रक्रिया शुरू की गई थी। बारी-बारी से केंद्रीय मंत्री भाजपा मुख्यालय में बैठकर लोगों से मिलते थे और उनकी समस्याओं का निदान करते थे। हालांकि 2019 में मोदी के दोबारा सत्ता में आने के बाद से यह ‘सहयोग सेल’ निष्क्रिय हो गया था। लेकिन अब इसे फिर से चालू किया जा रहा है। रोस्टर से केंद्रीय मंत्री पार्टी मुख्यालय पहुंचते रहेंगे। सोमवार से दोबारा इसकी शुरुआत केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया करेंगे। जबकि 12 अक्टूबर को यह दायित्व केंद्रीय कानूनमंत्री किरेन रिजिजू,13 अक्टूबर को केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर और 14अक्टूबर को रेल एवं संचार मंत्री अश्विनी वैष्णव निभाएंगे। सभी मंत्री अपने-अपने मंत्रालय से संबंधित समस्याओं को सुनेंगे और मौके पर ही उनका निदान करेंगे। इस दौरान उनके स्टॉफ के सदस्य भी सहयोग के लिए मौजूद रहेंगे।