भारत में फिर बजी खतरे की घंटी! मुंबई में मिले JN.1 वैरिएंट के दर्जनों केस
COVID-19
भारत
RP Raghuvanshi
02 Dec 2025 03:01 AM
भारत
RP Raghuvanshi
02 Dec 2025 03:01 AM
COVID-19 : कोरोना वायरस (Corona Virus) का खतरा एक बार फिर मंडराने लगा है। दक्षिण-पूर्व एशिया के सिंगापुर और हांगकांग में कोविड-19 के मामलों में अचानक बढ़ोतरी ने भारत में भी चिंता बढ़ा दी है। अब मुंबई (Mumbai) में रविवार को कोरोना के 53 नए मामले सामने आए हैं जिससे स्वास्थ्य विभाग (Health Department) सतर्क हो गया है। विशेषज्ञ इसे हल्के में न लेने की सलाह दे रहे हैं।
क्या है खतरे की वजह?
स्वास्थ्य एजेंसियों के मुताबिक, सिंगापुर और हांगकांग में कोविड मामलों में वृद्धि के पीछे JN.1 वैरिएंट को जिम्मेदार माना जा रहा है जो ओमिक्रॉन के BA.2.86 वेरिएंट का सब-वैरिएंट है। इसमें कई नए म्यूटेशन हैं जो इसे अधिक संक्रामक बनाते हैं। यही वैरिएंट जनवरी 2024 में भारत के कुछ हिस्सों जैसे दिल्ली में भी पाया गया था।
BMC ने लोगों से की अपील
मुंबई में मिले 53 नए मामलों के बाद बृहन्मुंबई महानगर पालिका (BMC) ने सतर्कता बरतने की सलाह दी है। हालांकि, अभी तक सभी मामले हल्के हैं और किसी को गंभीर स्थिति में अस्पताल में भर्ती नहीं किया गया है। बीएमसी ने नागरिकों से अपील की है कि यदि किसी को बुखार, गले में खराश, खांसी जैसे लक्षण नजर आएं तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें और टेस्ट कराएं।
देशभर में रखी जा रही नजर
JN.1 वैरिएंट की मौजूदगी को लेकर दिल्ली और अन्य राज्यों में भी सैंपल की जीनोम सीक्वेंसिंग की जा रही है। केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि भारत में फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है। 19 मई 2025 तक देश में केवल 257 एक्टिव केस दर्ज किए गए हैं, जिनमें अधिकांश हल्के लक्षणों वाले हैं। JN.1 से संक्रमित मरीजों में गले में खराश, खांसी, बहती नाक, सिरदर्द, थकान और मांसपेशियों में दर्द जैसे लक्षण देखे जा रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि ये लक्षण इन्फ्लूएंजा से मिलते-जुलते हो सकते हैं इसलिए कोविड टेस्ट कराना बेहद जरूरी है।
सावधानी बरतना जरूरी
चूंकि भारत में अधिकांश लोगों को वैक्सीन लग चुकी है और बूस्टर डोज भी मिल चुकी है, इसलिए संक्रमण के लक्षण हल्के हो सकते हैं। लेकिन हर व्यक्ति की इम्यूनिटी अलग होती है इसीलिए सावधानी बरतना जरूरी है। COVID-19