ED: मुश्किल में ममता, पार्थ की गिरफ्तारी के बाद अब विधायक माणिक भट्टाचार्य ईडी में तलब
भारत
चेतना मंच
29 Nov 2025 01:53 AM
ED: टीएमसी की मुखिया और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी(Mamta Banerjee) की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। कथित शिक्षक भर्ती घोटाले में पश्चिम बंगाल के मंत्री और राज्य के पूर्व शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी और उनकी करीबी अर्पिता मुखर्जी की गिरफ्तारी के बाद ईडी ने टीएमसी विधायक माणिक भट्टाचार्य को तलब किया है। उन्हें कल यानि बुधवार को ईडी के कोलकाता कार्यालय में पेश होने को कहा गया है। इस बीच, ईडी अधिकारियों ने पार्थ चटर्जी की करीबी अर्पित मुखर्जी के घर से एक डायरी बरामद की है। अधिकारी अब डायरी में लिखी बातों को डीकोड करने की कोशिश कर रहे हैं। माना जा रहा है कि इस काली डायरी से कुछ और सफेदफोशों के नाम उजागर हो सकते हैं।
इस बीच, पश्चिम बंगाल के शिक्षक भर्ती घोटाले के आरोपी पार्थ चटर्जी मंगलवार की सुबह भुवनेश्वर से कोलकाता लौट आए हैं। सोमवार को उन्हें भुवनेश्वर के एम्स ले जाया गया था। वहां उनकी गहन जांच हुई। पार्थ के कोलकाला पहुंचने के बाद ईडी के अधिकारी उन्हें सीधे सीजीओ कॉम्प्लेक्स स्थित ईडी कार्यालय ले गए। गौतरलब है कि हाईकोर्ट के निर्देश पर उन्हें सोमवार को स्वास्थ्य परीक्षण के लिए भुवनेश्वर स्थित एम्स ले जाया गया था।
ईडी की छापेमारी के बाद पार्थ चटर्जी कोलकाता के एसएसकेएम अस्पताल में भर्ती हो गए थे। बताया गया था कि छापेमारी के बाद पार्थ को बेचैनी महसूस हुई थी। इसके बाद वह सीधे एसएसकेएम अस्पताल के आईसीयू में भर्ती हो गए। इस पर ईडी ने आपत्ति जताते हुए उन्हें जांच के लिए एम्स ले जाए जाने की मांग की थी। वहीं, एसएसकेएम अस्पताल के डॉक्टर तुषार कांति पात्रा ने बताया कि पार्थ चटर्जी की सेहत स्थिर है। मेडिकल रिपोर्ट आ गई है, और वह ठीक हैं। उसकी गहन जांच की गई। हालांकि उन्हें कुछ समस्याएं थीं, लेकिन अस्पताल में भर्ती होने की आवश्यकता नहीं है। उनकी बारीकी से निगरानी की जा रही है।
पार्थ चटर्जी की करीबी अर्पिता मुखर्जी के घर से ईडी के अधिकारियों को एक काली डायरी मिली है। माना जा रहा है कि इस डायरी में शिक्षक घोटाला के राज दफ्न है। दावा किया जा रहा है कि इस डायरी में उन लोगों के नाम हैं, जिन्होंने शिक्षक नियुक्ति के लिए कथित तौर पर रुपये घूस के तौर पर लिए थे। ईडी सूत्रों का मानना है कि इस डायरी में पार्थ चटर्जी के अलावा तृणमूल के कई शीर्ष नेताओं के नाम हैं, जो इस भ्रष्टाचार में कथित तौर पर शामिल रहे हैं। बताया जा रहा है कि डायरी में जिन लोगों के नाम हैं, उनसे पूछताछ की तैयारी की जा रही है।
ईडी के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि बंगाल के स्कूल जॉब स्कैम की शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि अर्पिता मुखर्जी जो बंगाल के मंत्री पार्थ चटर्जी की नजदीकी सहयोगी हैं, 12 फर्जी कंपनियां चला रही थीं। ईडी के आधिकारी के अनुसार ऐसी कंपनियों से जुड़े दस्तावेज जांच एजेंसी ने शनिवार की शाम अर्पिता मुखर्जी के जोका फ्लैट में छापेमारी के दौरान बरामद किए हैं।