Gangster Deepak Boxer : सात समंदर पार से भी धर दबोचा दिल्ली पुलिस ने गोगी गैंग का सरगना
He was about to leave for the USA.
भारत
चेतना मंच
10 Apr 2023 07:15 PM
दिल्ली एनसीआर का कुख्यात अपराधी Gangster Deepak Boxer जो कि एक फर्जी पासपोर्ट के सहारे देश से भाग कर Mexico में रह रहा था, अब दिल्ली पुलिस के हत्थे चढ़ चुका है। Mexico में फ़ेडरल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टीगेशन (FBI) की मदद से दिल्ली पुलिस की स्पेशल यूनिट ने पहली बार किसी दूसरे देश में जाकर एक अपराधी को पकड़ा है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस कुख्यात अपराधी Gangster Deepak Boxer को पकड़ने में 300 पुलिसकर्मी, 6 इंटेलीजेंस एजेंसियां लगीं और यह ऑपरेशन लगभग 20 दिन तक चला?
यह घटना 3 अप्रैल की थी ज़ब दिल्ली पुलिस की स्पेशल यूनिट के दो अधिकारीयों ने उसे Mexico के Cancun से एक होटल से गिरफ्तार किया। उन्होंने इस गिरफ्तारी में US और Mexico की पुलिस से मदद ली। इससे पहले उसने अपने एक सहयोगी को फ़ोन कॉल भी किया जिसमें Gangster Deepak Boxer ने बोला की उसे जितनी जल्दी सम्भव हो अमेरिका शिफ्ट किया जाए और उसे अभी कितना और इंतज़ार करना होगा?
दो सदस्यीय टीम को किया गया Mexico रवाना
बीते बुधवार को Mexico से भारत लाये गए Gangster Deepak Boxer को पकड़ने की यह रणनीति पिछले साल ही बना ली गयी थी और यह प्लानिंग पूरी तरह से कानूनी प्रक्रिया के अंतर्गत की गयी थी। पिछले वर्ष ज़ब गृह मंत्रालय की तरफ से विदेशों में छिपे अपराधियों और आतंकियों को पकड़ने का आदेश दिया गया तभी कुख्यात अपराधी दीपक को पकड़ने का ऑपरेशन शुरू हो गया था। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को इस बात की पुख्ता जानकारी थी कि वो एक फर्जी पासपोर्ट के आधार पर Mexico में रह रहा है।
बारीकी से चलाये गए ऑपरेशन, Mexico पुलिस की मदद और दोनों देशों के दूतावास से ली गयी मदद के बाद अपराधी दीपक को होटल से गिरफ्तार कर लिया गया।
बेहद शातिर तरीके से पहुंचा था Mexico
पुलिस के द्वारा प्राप्त हुई सूचना के आधार पर यह ज्ञात हुआ है कि दीपक ने बरेली से किसी रवि अंतिल के नाम का पासपोर्ट बनवाया और कोलकाता से फ्लाइट ली। सबसे पहले वह दुबई पहुँचा और दुबई से अल्माटी, कजाकिस्तान, तुर्की और स्पेन होते हुए वह अंत में मैक्सिको पहुँचा। यहाँ वह काफी दिन से रह रहा था और इसके बाद अमेरिका जाने की फिराक में था। लेकिन उससे पहले ही दिल्ली पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
बताया जा रहा है कि देश से भागने में दीपक की मदद उसके California में रहने वाले किसी चचेरे भाई ने की थी।