Ghaziabad News: गाजियाबाद के बेहतर विकास के लिए भू स्वामियों को देना पड़ेगा सिटी डेवलपमेंट चार्ज
Ghaziabad News
भारत
चेतना मंच
29 Nov 2025 06:15 PM
Ghaziabad News: उत्तर प्रदेश सरकार ने गाजियाबाद के सुनियोजित विकास के लिए बड़े फैसले लिए हैं जिसमें अवैध कॉलोनी के निर्माण पर लगाम लगेगी और मास्टर प्लान के अनुसार सड़क सीवरेज से लेकर तमाम जोनल सुविधाओं को मुंहैया कर ,गाजियाबाद को बेहतर विकसित शहर बनाया जाएगा। लेकिन भूस्वामी मालिक हो जाएं सावधान क्योंकि उनसे शहर के सुनियोजित विकास के लिए शहरी विकास कर (सिटी डेवलपमेंट चार्ज) वसूला जाएगा और अगर भू स्वामियों ने निर्धारित सीमा में कर जमा नहीं किया तो निर्माण संबंधी उनकी जो परमिशन है वह निरस्त कर दी जाएगी। जानकार सूत्रों के मुताबिक उत्तर प्रदेश सरकार ने गाजियाबाद में नियोजित निर्माण पर लगाम लगाने और सुनियोजित ढंग से गाजियाबाद शहर का विकास करने की बाबत महत्वपूर्ण फैसला लिया है और इसके लिए लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष की अध्यक्षता में एक कमिटी का गठन कर दिया है।
गाजियाबाद के चीफ आर्किटेक्ट टाउन प्लानर भी शामिल
Ghaziabad News: इस कमेटी में आवास विकास परिषद , आर्किटेक्चर प्लैनिंग, लखनऊ, कानपुर और गाजियाबाद के चीफ आर्किटेक्ट टाउन प्लानर और तकनीकी सलाहकार बतौर सदस्य शामिल होंगे। जानकार सूत्रों के मुताबिक सरकार ने एक सप्ताह के अंदर सिटी डेवलपमेंट चार्ज की दरें तय करने संबंधी प्रस्ताव बनाने को कहा है।
सुनियोजित मास्टर प्लान
Ghaziabad News: उल्लेखनीय है किसी भी मास्टर प्लान को बनाने के लिए और सुनियोजित विकास के लिए कृषि योग्य भूमि और आवासीय भूमि के निर्धारण के बाद जमीन के इस्तेमाल को तय किया जाता है और उसी के मुताबिक वहां की जोनल आवश्यकताओं को देखते हुए सड़क यातायात पार्क सीवरेज आदि की सुविधाओं से लैस किया जाता है। मास्टर प्लान को बनाने में आर्किटेक्चर की महत्वपूर्ण भूमिका होती है और इसके बाद सुनियोजित विकास के तमाम पहलुओं को देखते हुए राज्य सरकार भूस्वामी आर्किटेक्चर विभाग आवासीय विभाग आदि को साथ लेकर बेहतर विकास के लिए पूरा खाक तैयार किया जाता है। और सरकार ने इस बाबत समिति गठन करके गाजियाबाद के शीघ्र विकास के लिए निर्देश दे दिए है।
सिटी डेवलपमेंट चार्ज भी करना पड़ेगा जमा
Ghaziabad News: अगर किसी भूस्वामी की जमीन मास्टर प्लान में औद्योगिक क्षेत्र से सिटी प्लान में चेंज हुआ है तो मास्टर प्लान के हिसाब से ही उन्हें लैंड निर्धारित करना होगा और एक बार वह सिटी डेवलपमेंट में चेंज हो जाती है तो उन्हें सिटी डेवलपमेंट चार्ज भी जमा करना पड़ेगा। सिटी डेवलपमेंट चार्ज के लिए भूस्वामी को नोटिस देकर वह चार्ज मांगा जाएगा और ना देने पर उनकी परमिशन रद्द की जा सकती है या फिर वह प्राधिकरण से संपर्क कर उसे किस्त के रूप में भी एक साल के भीतर जमा कर सकते हैं।
भू स्वामियों से वसूले गए पैसे के लिए अलग खाता
Ghaziabad News: नगरीय विकास निधि में जमा किया जाएगा भू स्वामियों से वसूला गया विकास कर.. प्रशासन ने सुनियोजित विकास के मद्देनजर भू स्वामियों से वसूले गए पैसे के लिए अलग से खाता खोलकर उसका पूरा विवरण प्रशासन को देने के निर्देश दिए हैं और भू स्वामियों को उक्त जगह को पूरा विकसित करके उन्हें प्रशासन द्वारा दिया जाएगा। यानी भूस्वामी का कर गाजियाबाद के बेहतर विकास में महत्वपूर्ण भूमिका रखेगा । उसी पैसे के एकत्रीकरण के आधार पर वहां की स्थानीय जरूरतों को देखकर सड़क से लेकर पार्क व अन्य सुविधाओं को विकसित किया जाएगा।
अवैध कालोनियों की मनमानी को रोकने की कोशिश
Ghaziabad News: सिटी डेवलपमेंट के विकास प्रणाली से विकास की दिशा में एक नया आयाम स्थापित होगा। क्योंकि मास्टर प्लान के तहत ढांचा मात्र की सुविधाएं तय की जाएंगी. और इस कदम से बेहतर विकास के साथ प्रशासन को भी आर्थिक सहायता मिलेगी क्योंकि वह भू स्वामियों की जगह को अपने मास्टर प्लान के हिसाब से तैयार करके उन्हें सौंपेंगे और जगह-जगह अवैध कालोनियों की मनमानी भी रुक सकेगी। सुंदर स्वच्छ शहर बनने की दिशा में सरकार का मास्टर प्लान गाजियाबाद के लिए नए आयाम स्थापित करेगा
प्रस्तुति मीना कौशिकNMRC Metro:”अगला स्टेशन सेक्टर-83 है, दरवाजे बांई तरफ खुलेंगे”, की आवाज किस की है ? जान लीजिए पूरी बातग्रेटर नोएडा – नोएडाकी खबरों से अपडेट रहने के लिए चेतना मंच से जुड़े रहें।देश–दुनिया की लेटेस्ट खबरों से अपडेट रहने के लिए हमेंफेसबुकपर लाइक करें याट्विटरपर फॉलो करें।